Peepal Tree Removal: अक्सर घर की दीवारों और छत पर या किसी कोने पर कभी-कभी पीपल के पौधे उग आते हैं. यूं तो यह बात सामान्य बात लगती है, लेकिन हिन्दू धर्म में यह घटना बेहद विशेष महत्व रखती है. आपको बता दें कि दीवार की गहरी दरारों और छतों के कोने पर उगने वाले ये पीपल वास्तु शास्त्र के अनुसार, सीरियस संकेत दर्शाते हैं. आइए जानते हैं, घर पर इस तरह पीपल उगना किस वास्तु दोष का संकेत है और इसे हटाने का सही तरीका क्या है?
दर्शाता है ये वास्तु दोष
जैसा कि ऊपर बताया गया है, इस तरह से पीपल का पेड़ उग जाना घर में नकारात्मक ऊर्जा के अत्यधिक बढ़ने और पितृ दोष की वजह से होता है. मान्यता है कि जिस परिवार या खानदान के घरों-हवेलियों में ऐसा होता हैं, वहां जल्द ही आर्थिक समस्याएं उभर आती हैं. पारिवारिक कलह से वातावरण दूषित रहता है.
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क्या पीपल हटाने का सही तरीका
सही दिन - घर को पीपल को किसी भी दिन नहीं हटा दिया जाता है, बल्कि एक सही दिन चुनना सबसे बढ़िया होता है. इसके लिए रविवार का दिन सबसे बढ़िया होता है, क्योंकि रविवार को पीपल की पूजा नहीं की जाती है. प्रचलित मान्यता और रिवाजों के अनुसार, सप्ताह के दो दिन यानी शनिवार और गुरुवार के दिन पीपल नहीं काटना चाहिए. इसके साथ ही, अमावस्या तिथि को भी इसे हटाने से बचना चाहिए.
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ऐसे हटाएं - हिन्दू रिवाज में पीपल को काटना या हटाना वर्जित है. इसलिए जब भी ऐसी मजबूरी सामने आ ही जाए, तो पीपल से पहले क्षमा मांगे, भगवान विष्णु की प्रार्थना करें और अपने पितरों से माफी मांगे और फिर सावधानी से पीपल को जड़ से उखाड़ लेना चाहिए.
शुद्धिकरण - केवल पीपल के पौधे को उसकी जगह से हटा देना ही पर्याप्त नहीं है. जब कभी ऐसा हो जाए, तो हटे हुए पीपल के स्थान पर गंगाजल जल अवश्य छिड़कें. दरार या छेद को सीमेंट से अच्छी तरह बंद कर दें, ताकि वहां फिर न उग आए.
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डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक शास्त्र पर आधारित है और केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.
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