News24 हिंदी
न्यूज 24 डेस्क प्रतिष्ठित पत्रकारों की पहचान है। इससे कई पत्रकार देश-दुनिया, खेल और मनोरंजन जगत की खबरें साझा करते हैं।
Read More---विज्ञापन---
Kartik Mas Tulsi Ke Upay: कार्तिक माह भगवान विष्णु का सबसे प्रिय महीना है। इस महीने में भगवान विष्णु योगनिद्रा से उठते हैं। पुराणों में बताया गया है कि भगवान विष्णु को तुलसी सबसे प्रिय हैं। कार्तिक महीने में जो भी व्यक्ति तुलसी की पूजा पूरी विधि-विधान से करता है, उसे धन, सुख-समृद्धि और वैभव की प्राप्ति होती है।
हिन्दू ग्रंथों में कार्तिक माह को भगवान विष्णु का महीना कहा गया है। ऐसा माना जाता है कि इस पवित्र महीने में जो भी सुबह उठकर भगवान विष्णु की पूजा करता है, उस से भगवान विष्णु प्रसन्न होते हैं। पूजा के समय भगवान विष्णु को तुलसीदल चढ़ाने से विष्णु जी के साथ-साथ माता लक्ष्मी भी प्रसंन्न होती हैं। जो कोई पूरे माह भगवान विष्णु को तुलसीदल अर्पित करता है उसे अपार धन की प्राप्ति होती है।
धर्मशास्त्रों के अनुसार पवित्र कार्तिक महीने में जो व्यक्ति शुक्रवार के दिन तुलसीदल को गाय के दूध में मिलाकर भगवान विष्णु को चढ़ाता है, उस पर माता लक्ष्मी की कृपा सदैव बनी रहती है। ऐसा करने से कुंडली में मौजूद शुक्र ग्रह भी मजबूत होता है। ज्योतिष शाश्त्र में शुक्र ग्रह को धन-वैभव का ग्रह बताया गया है। ऐसा माना जाता है कि कार्तिक महीने में तुलसी के इस उपाय को करने से धन के साथ-साथ सुख-समृद्धि में भी वृद्धि होती है।
कार्तिक महीने में जो व्यक्ति पानी में गंगाजल और गाय का कच्चा दूध मिलाकर स्नान करता है, उससे माता लक्ष्मी सदैव प्रसन्न रहती हैं। फिर नहाने के बाद जो भगवान विष्णु और देवी तुलसी की पूजा करता है, उसके जीवन में धन की कमी कभी नहीं होती।
देवउठनी एकादशी के दिन भगवान विष्णु योगनिद्रा से उठते हैं। यदि आपको भगवान विष्णु की कृपा चाहिए तो देवउठनी एकादशी के अगले दिन तुलसी विवाह का आयोजन करें। इस विवाह में तुलसी जी को सुहाग से जुड़ी सभी सामग्री चढ़ाएं। कहा जाता है कि इस उपाय को करने से वैवाहिक जीवन हमेशा खुशहाल बना रहता है।
कार्तिक के पवित्र महीने में सुबह स्नान के बाद तुलसी के पौधे में जल चढाने से जीवन में वैभव की प्राप्ति होती है। साथ ही जो लोग इस पवित्र महीने में शाम के समय तुलसी के पास दीपक जलाते हैं उनकी तिजोरी पैसों से भर जाती है।
कार्तिक मास में तुलसी को जल अर्पित करने के बाद कम से कम 3 बार परिक्रमा अवश्य करें। ऐसा करने से आपके जीवन में सौभाग्य की प्राप्ति होगी।
ये भी पढ़ें: Chhath Puja 2024: इन 9 चीजों के बिना अधूरी रहती है छठ पूजा, 5वां आइटम है बेहद महत्वपूर्ण!
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक शास्त्र की मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है।
न्यूज 24 पर पढ़ें Religion, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।