---рд╡рд┐рдЬреНрдЮрд╛рдкрди---

Aarti Chalisa angle-right

Shri Siddhilaxmi Stotram Lyrics: рджреБрдЦ-рджрд░реНрдж рдФрд░ рджрд░рд┐рджреНрд░рддрд╛ рдХрд╛ рд╣реЛрдЧрд╛ рдирд╛рд╢! рд░реЛрдЬрд╛рдирд╛ рдкрдврд╝реЗрдВ рд╢реНрд░реА рд╕рд┐рджреНрдзрд┐рд▓рдХреНрд╖реНрдореА рд╕реНрддреЛрддреНрд░рдореН, рдЬрд╛рдиреЗрдВ рд▓рд┐рд░рд┐рдХреНрд╕

Shri Siddhilaxmi Stotram Lyrics & Benefits: рдХреНрдпрд╛ рдЖрдк рднреА рдкреИрд╕реЛрдВ рдХреА рдХрдореА, рдЧреГрд╣ рдХреНрд▓реЗрд╢ рдпрд╛ рдмреАрдорд╛рд░рд┐рдпреЛрдВ рд╕реЗ рдкрд░реЗрд╢рд╛рди рд╣реИрдВ? рдпрджрд┐ рд╣рд╛рдВ, рддреЛ рдЖрдЬ рд╕реЗ рд╣реА рд░реЛрдЬрд╛рдирд╛ рд╢реНрд░реА рд╕рд┐рджреНрдзрд┐рд▓рдХреНрд╖реНрдореА рд╕реНрддреЛрддреНрд░рдореН рдкрдврд╝рдирд╛ рд╢реБрд░реВ рдХрд░ рджреЗрдВ. рдЗрд╕рдХреЗ рдкрд╛рда рд╕реЗ рди рд╕рд┐рд░реНрдл рдЖрдкрдХреЛ рдЕрдкрдиреА рддрдорд╛рдо рдкрд░реЗрд╢рд╛рдирд┐рдпреЛрдВ рд╕реЗ рдореБрдХреНрддрд┐ рдорд┐рд▓реЗрдЧреА, рдмрд▓реНрдХрд┐ рдорди рднреА рд╢рд╛рдВрдд рд░рд╣реЗрдЧрд╛. рдЖрдЗрдП рдЕрдм рдЬрд╛рдиреЗрдВ рд╢реНрд░реА рд╕рд┐рджреНрдзрд┐рд▓рдХреНрд╖реНрдореА рд╕реНрддреЛрддреНрд░рдореН рдХреЗ рдорд╣рддреНрд╡, рд▓рд┐рд░рд┐рдХреНрд╕ рдФрд░ рд▓рд╛рдн рдЖрджрд┐ рдХреЗ рдмрд╛рд░реЗ рдореЗрдВ.

---рд╡рд┐рдЬреНрдЮрд╛рдкрди---

Shri Siddhilaxmi Stotram Lyrics & Benefits: श्री सिद्धिलक्ष्मी स्तोत्रम्, धन की देवी मां लक्ष्मी को समर्पित एक शक्तिशाली स्तोत्र है. इसमें मां लक्ष्मी के 6 भुजाओं वाले उग्र रूप का वर्णन किया गया है, जिनकी कृपा से हर तरह के दुख व परेशानी से मुक्ति मिलती है. साथ ही पापों का बोझ कम होता है. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, जो व्यक्ति नियमित रूप से श्री सिद्धिलक्ष्मी स्तोत्रम् का पाठ करता है, माता लक्ष्मी उसकी सभी परेशानियों को हर लेती हैं और सुख-समृद्धि का आशीर्वाद देती हैं. यहां पर आप श्री सिद्धिलक्ष्मी स्तोत्रम् के सही लिरिक्स जान सकते हैं.

श्री सिद्धिलक्ष्मी स्तोत्रम्

॥ विनियोगः ॥

---विज्ञापन---

श्री गणेशाय नमः।

ॐ अस्य श्रीसिद्धिलक्ष्मीस्तोत्रस्य हिरण्यगर्भ ऋषिः,
अनुष्टुप् छन्दः, सिद्धिलक्ष्मीर्देवता, मम समस्त
दुःखक्लेशपीडादारिद्र्यविनाशार्थं
सर्वलक्ष्मीप्रसन्नकरणार्थं
महाकालीमहालक्ष्मीमहासरस्वतीदेवताप्रीत्यर्थं च
सिद्धिलक्ष्मीस्तोत्रजपे विनियोगः।

---विज्ञापन---

॥ करन्यासः ॥
ॐ सिद्धिलक्ष्मी अङ्गुष्ठाभ्यां नमः।
ॐ ह्रीं विष्णुहृदये तर्जनीभ्यां नमः।
ॐ क्लीं अमृतानन्दे मध्यमाभ्यां नमः।
ॐ श्रीं दैत्यमालिनी अनामिकाभ्यां नमः।
ॐ तं तेजःप्रकाशिनी कनिष्ठिकाभ्यां नमः।
ॐ ह्रीं क्लीं श्रीं ब्राह्मी वैष्णवी माहेश्वरी करतलकरपृष्ठाभ्यां नमः।

॥ हृदयादिन्यासः ॥
ॐ सिद्धिलक्ष्मी हृदयाय नमः।
ॐ ह्रीं वैष्णवी शिरसे स्वाहा।
ॐ क्लीं अमृतानन्दे शिखायै वौषट्।
ॐ श्रीं दैत्यमालिनी कवचाय हुम्।
ॐ तं तेजःप्रकाशिनी नेत्रद्वयाय वौषट्।
ॐ ह्रीं क्लीं श्रीं ब्राह्मीं वैष्णवीं फट्।

---विज्ञापन---

॥ ध्यानम् ॥
ब्राह्मीं च वैष्णवीं भद्रां षड्भुजां च चतुर्मुखाम्।
त्रिनेत्रां च त्रिशूलां च पद्मचक्रगदाधराम्॥1॥
पीताम्बरधरां देवीं नानालङ्कारभूषिताम्।
तेजःपुञ्जधरां श्रेष्ठां ध्यायेद्बालकुमारिकाम्॥2॥

॥ अथ मूलपाठः ॥
ॐकारलक्ष्मीरूपेण विष्णोर्हृदयमव्ययम्।
विष्णुमानन्दमध्यस्थं ह्रींकारबीजरूपिणी॥3॥
ॐ क्लीं अमृतानन्दभद्रे सद्य आनन्ददायिनी।
ॐ श्रीं दैत्यभक्षरदां शक्तिमालिनी शत्रुमर्दिनी॥4॥
तेजःप्रकाशिनी देवी वरदा शुभकारिणी।
ब्राह्मी च वैष्णवी भद्रा कालिका रक्तशाम्भवी॥5॥
आकारब्रह्मरूपेण ॐकारं विष्णुमव्ययम्।
सिद्धिलक्ष्मि परालक्ष्मि लक्ष्यलक्ष्मि नमोऽस्तुते॥6॥
सूर्यकोटिप्रतीकाशं चन्द्रकोटिसमप्रभम्।
तन्मध्ये निकरे सूक्ष्मं ब्रह्मरूपव्यवस्थितम्॥7॥
ॐकारपरमानन्दं क्रियते सुखसम्पदा।
सर्वमङ्गलमाङ्गल्ये शिवे सर्वार्थसाधिके॥8॥
प्रथमे त्र्यम्बका गौरी द्वितीये वैष्णवी तथा।
तृतीये कमला प्रोक्ता चतुर्थे सुरसुन्दरी॥9॥
पञ्चमे विष्णुपत्नी च षष्ठे च वैष्णवी तथा।
सप्तमे च वरारोहा अष्टमे वरदायिनी॥10॥
नवमे खड्गत्रिशूला दशमे देवदेवता।
एकादशे सिद्धिलक्ष्मीर्द्वादशे ललितात्मिका॥11॥
एतत्स्तोत्रं पठन्तस्त्वां स्तुवन्ति भुवि मानवाः।
सर्वोपद्रवमुक्तास्ते नात्र कार्या विचारणा॥12॥
एकमासं द्विमासं वा त्रिमासं च चतुर्थकम्।
पञ्चमासं च षण्मासं त्रिकालं यः पठेन्नरः॥13॥
ब्राह्मणाः क्लेशतो दुःखदरिद्रा भयपीडिताः।
जन्मान्तरसहस्रेषु मुच्यन्ते सर्वक्लेशतः॥14॥
अलक्ष्मीर्लभते लक्ष्मीमपुत्रः पुत्रमुत्तमम्।
धन्यं यशस्यमायुष्यं वह्निचौरभयेषु च॥15॥
शाकिनीभूतवेतालसर्वव्याधिनिपातके।
राजद्वारे महाघोरे सङ्ग्रामे रिपुसङ्कटे॥16॥
सभास्थाने श्मशाने च कारागेहारिबन्धने।
अशेषभयसम्प्राप्तौ सिद्धिलक्ष्मीं जपेन्नरः॥17॥
ईश्वरेण कृतं स्तोत्रं प्राणिनां हितकारणम्।
स्तुवन्ति ब्राह्मणा नित्यं दारिद्र्यं न च वर्धते॥18॥
या श्रीः पद्मवने कदम्बशिखरे राजगृहे कुञ्जरे
श्वेते चाश्वयुते वृषे च युगले यज्ञे च यूपस्थिते।
शङ्खे देवकुले नरेन्द्रभवनी गङ्गातटे गोकुले
सा श्रीस्तिष्ठतु सर्वदा मम गृहे भूयात्सदा निश्चला॥19॥

---विज्ञापन---

॥ इति श्रीब्रह्माण्डपुराणे ईश्वरविष्णुसंवादे
दारिद्र्यनाशनं सिद्धिलक्ष्मीस्तोत्रं सम्पूर्णम् ॥

ये भी पढ़ें- Baba Vanga Predictions: साल 2026 खत्म होने से पहले ये 5 राशियां होंगी मालामाल! मरने से पहले बाबा वेंगा ने की थी भविष्यवाणी

---विज्ञापन---

ये भी पढ़ें- Navpancham Drishti: होने वाला है इन 4 राशियों का अच्छा समय शुरू, मंगल-यम बनाएंगे नवपंचम दृष्टि

ये भी पढ़ें- Baba Vanga Predictions: इन 4 राशियों के लिए न तो ज्यादा अच्छा और न ही ज्यादा बुरा रहेगा 2026, बाबा वेंगा की बड़ी भविष्यवाणी

---विज्ञापन---

डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.

First published on: Apr 26, 2026 01:48 PM

End of Article

About the Author

Nidhi Jain

рдирд┐рдзрд┐ рдХреА рдкрдврд╝рдиреЗ рдФрд░ рд▓рд┐рдЦрдиреЗ рдореЗрдВ рд╣рдореЗрд╢рд╛ рд╕реЗ рд░реБрдЪрд┐ рд░рд╣реА рд╣реИ. рдЗрдиреНрд╣реЛрдВрдиреЗ рдЕрдкрдиреЗ рдХрд░рд┐рдпрд░ рдХреА рд╢реБрд░реБрдЖрдд рдкреНрд░рддрд┐рд╖реНрдард┐рдд рдиреНрдпреВрдЬрдкреЗрдкрд░ рдореЗрдВ рдиреНрдпреВрдЬ рд░рд╛рдЗрдЯрд┐рдВрдЧ рд╕реЗ рдХреА рдереА, рдЬрд┐рд╕рдХреЗ рдмрд╛рдж рджреЗрд╢-рд╡рд┐рджреЗрд╢, рд▓рд╛рдЗрдлрд╕реНрдЯрд╛рдЗрд▓, рдзрд░реНрдо рдФрд░ рдЖрдзреНрдпрд╛рддреНрдорд┐рдХ рд╡рд┐рд╖рдпреЛрдВ рдкрд░ рд╡реНрдпрд╛рдкрдХ рдЕрдзреНрдпрдпрди рдХрд┐рдпрд╛. рдЕрдм рдкрд┐рдЫрд▓реЗ 4 рд╕рд╛рд▓ рд╕реЗ рд╡рд╣ рдбрд┐рдЬрд┐рдЯрд▓ рдореАрдбрд┐рдпрд╛ рд╕реЗ рдЬреБрдбрд╝реА рд╣реБрдИ рд╣реИрдВ. рд╡рд░реНрддрдорд╛рди рдореЗрдВ News24┬ардореЗрдВ┬ардзрд░реНрдо┬ардФрд░┬ардЬреНрдпреЛрддрд┐рд╖┬ард╕реЗрдХреНрд╢рди рдореЗрдВ рдХрд╛рдо рдХрд░ рд░рд╣реА рд╣реИрдВ.

ЁЯУз Email: nidhi.jain@bagconvergence.in

ЁЯРж Twitter/X: https://x.com/jainidhi125?

Read More

Nidhi Jain

рдирд┐рдзрд┐ рдХреА рдкрдврд╝рдиреЗ рдФрд░ рд▓рд┐рдЦрдиреЗ рдореЗрдВ рд╣рдореЗрд╢рд╛ рд╕реЗ рд░реБрдЪрд┐ рд░рд╣реА рд╣реИ. рдЗрдиреНрд╣реЛрдВрдиреЗ рдЕрдкрдиреЗ рдХрд░рд┐рдпрд░ рдХреА рд╢реБрд░реБрдЖрдд рдкреНрд░рддрд┐рд╖реНрдард┐рдд рдиреНрдпреВрдЬрдкреЗрдкрд░ рдореЗрдВ рдиреНрдпреВрдЬ рд░рд╛рдЗрдЯрд┐рдВрдЧ рд╕реЗ рдХреА рдереА, рдЬрд┐рд╕рдХреЗ рдмрд╛рдж рджреЗрд╢-рд╡рд┐рджреЗрд╢, рд▓рд╛рдЗрдлрд╕реНрдЯрд╛рдЗрд▓, рдзрд░реНрдо рдФрд░ рдЖрдзреНрдпрд╛рддреНрдорд┐рдХ рд╡рд┐рд╖рдпреЛрдВ рдкрд░ рд╡реНрдпрд╛рдкрдХ рдЕрдзреНрдпрдпрди рдХрд┐рдпрд╛. рдЕрдм рдкрд┐рдЫрд▓реЗ 4 рд╕рд╛рд▓ рд╕реЗ рд╡рд╣ рдбрд┐рдЬрд┐рдЯрд▓ рдореАрдбрд┐рдпрд╛ рд╕реЗ рдЬреБрдбрд╝реА рд╣реБрдИ рд╣реИрдВ. рд╡рд░реНрддрдорд╛рди рдореЗрдВ News24┬ардореЗрдВ┬ардзрд░реНрдо┬ардФрд░┬ардЬреНрдпреЛрддрд┐рд╖┬ард╕реЗрдХреНрд╢рди рдореЗрдВ рдХрд╛рдо рдХрд░ рд░рд╣реА рд╣реИрдВ.

ЁЯУз Email: nidhi.jain@bagconvergence.in

ЁЯРж Twitter/X: https://x.com/jainidhi125?

Read More
---рд╡рд┐рдЬреНрдЮрд╛рдкрди---
рд╕рдВрдмрдВрдзрд┐рдд рдЦрдмрд░реЗрдВ
Sponsored Links by Taboola