Vaidhriti Yog: सूर्य-चंद्र का वैधृति योग इन 3 राशियों पर पड़ेगा भारी, करें ये ज्योतिष उपाय
Vaidhriti Yog: 9 मई से सूर्य-चंद्र का अशुभ योग तनाव, नुकसान और बाधाएं बढ़ा सकता है। इसका असर सभी पर होगा, लेकिन 3 राशियों के लिए यह ज्यादा चुनौतीपूर्ण साबित हो सकता है। आइए जानते हैं, ये राशियां कौन-सी हैं?

सूर्य-चंद्र का वैधृति योग
2 / 6Vaidhriti Yog: द्रिक पंचांग के अनुसार, 9 मई 2026 से सूर्य और चंद्रमा अशुभ वैधृति योग का निर्माण करेंगे। ज्योतिष सिद्धांत के अनुसार, यह योग तब बनता है, जब सूर्य और चंद्रमा के देशांतरों का योग योग 346.40 डिग्री से 360 डिग्री के बीच होता है। अक्सर यह योग दुर्घटना, तनाव और वित्तीय नुकसान का कारण बनता है। सूर्य ग्रहों के स्वामी हैं और चंद्रमा मन, मस्तिष्क और विचार के कारक हैं. इसलिए इन दोनों ग्रहों का यह योग काफी अधिक ज्योतिषीय महत्व रखता है, जिसे ‘महापात दोष’ भी कहते हैं। 9 मई से बनने वाले इस योग का असर यूं तो सभी राशियों पर पड़ेगा, लेकिन 3 राशियों के लिए विशेष रूप से नकारात्मक साबित हो सकता है।
मेष राशि (Aries)
3 / 6इस अवधि में आपको मानसिक तनाव और बेचैनी का सामना करना पड़ सकता है। काम में रुकावटें आ सकती हैं और बनते-बनते काम बिगड़ सकते हैं। आर्थिक मामलों में सावधानी रखना जरूरी होगा, क्योंकि अनचाहे खर्च बढ़ सकते हैं। निवेश से नुकसान होने की संभावना है। कार्यक्षेत्र में विवाद या गलतफहमियां पैदा हो सकती हैं। निर्णय लेने में भ्रम की स्थिति बनी रह सकती है। परिवार में भी मतभेद उभर सकते हैं। स्वास्थ्य को लेकर सतर्क रहें, छोटी परेशानियां बढ़ सकती हैं।
कर्क राशि (Cancer)
4 / 6यह समय आपके लिए भावनात्मक रूप से चुनौतीपूर्ण रह सकता है। मन में अस्थिरता और चिंता बढ़ सकती है। काम में ध्यान लगाने में कठिनाई हो सकती है। आर्थिक स्थिति में उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। अचानक खर्च बढ़ सकते हैं। रिश्तों में गलतफहमियां बढ़ने के संकेत हैं। किसी करीबी से विवाद हो सकता है। यात्रा के दौरान सावधानी बरतें। स्वास्थ्य के मामले में भी लापरवाही नुकसान दे सकती है। धैर्य और संयम बनाए रखना बेहद जरूरी होगा।
मकर राशि (Capricorn)
5 / 6इस समय आपको करियर और वित्तीय मामलों में दबाव महसूस हो सकता है। कार्यक्षेत्र में बाधाएं और देरी हो सकती है। आपकी योजनाएं समय पर पूरी नहीं हो पाएंगी। धन हानि या गलत निवेश का खतरा बना रह सकता है। वरिष्ठों के साथ संबंधों में तनाव आ सकता है। परिवार में जिम्मेदारियां बढ़ेंगी, जिससे मानसिक बोझ महसूस होगा। आत्मविश्वास में कमी आ सकती है। स्वास्थ्य भी थोड़ा कमजोर रह सकता है। इस दौरान सोच-समझकर कदम उठाना ही आपके लिए बेहतर रहेगा।
करें ये उपाय
6 / 6वैधृति योग के नकारात्मक प्रभाव को कम करने के लिए रोज सुबह सूर्य को जल अर्पित करें और “ॐ सूर्याय नमः” का जाप करें, सोमवार को शिवलिंग पर जल या दूध चढ़ाएं, मन को शांत रखने के लिए ध्यान और प्राणायाम करें, जरूरतमंदों को सफेद वस्त्र, चावल या दूध का दान करें, घर में साफ-सफाई और सकारात्मक वातावरण बनाए रखें, और किसी भी बड़े निर्णय से पहले धैर्य व सोच-समझकर कदम उठाएं।