ट्विशा शर्मा केस में सबूत जुटाते समय पुलिस ने गिरिबाला सिंह के घर के पास ब्यूटी पार्लन चलाने वाले नीरज दूबे को गवाह बनाया था। इसी नीरज दूबे ने समर्थ के दोस्तों पर मारपीट करने का आरोप लगाया है। उसने गवाही न देने का दबाव बनाने का आरोप लगाया है।
केस के गवाह के मारपीट के आरोप

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कटारा हिल्स थाना प्रभारी सुनील दुबे ने बताया कि नीरज और रेस्टोरेंट संचालकर दोनों ने शिकायतें दी हैं। नीरज का आरोप है कि 30 मई को वह रेस्टोरेंट में शराब पी रहा था कि 4-5 बदमाशों ने उसे घेर लिया और समर्थ सिंह मामले में गवाही न देने का दबाव बनाते हुए मारपीट की। वहीं रेस्टोरेंट संचालक का कहना है कि नीरज ने शराब के नशे में अन्य बदमाशों के साथ मिलकर रेस्टोरेंट में हंगामा किया। वारदात CCTV कैमरे में भी कैद हुई, जिसमें नीरज पर हमला हमला होते हुए देख सकते हैं।
ट्विशा की सास ने 10 सेकंड में खोला फंदा

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ट्विशा शर्मा डेथ मिस्ट्री की जांच कर रही CBI ने सोमवार को घर के अंदर क्राइम सीन री-क्रिएट किया। 80 किलो की डमी, गिरिबाला सिंह और समर्थ सिंह के साथ घटनाक्रम फिर से अंजाम दिया। इस दौरान समर्थ सिंह और गिरिबाला सिंह के बयानों में बड़ा विरोधाभास देखने को मिला, जिससे केस की गुत्थी और उलझ गई। वहीं जांच टीम को गिरिबाल सिंह का 10 सेकंड में फंदा खोल देना भी समझ नहीं आया। जांच टीम को फंदा खोलने की टाइमिंग के चलते गिरिबाला सिंह पर शक हुआ है।
80 किलो की डमी को फंदे पर लटकाया

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CBI की टीम आरोपियों को लेकर बाग मुगलिया एक्सटेंशन स्थित गिरिबाला के घर पहुंची। ट्विशा के कद और वजन के बराबर सफेद रंग के पुतले को फंदे पर लटकाया। दोनों आरोपियों से ट्विशा को फंदे से उतारने और सीपीआर देने की घटना फिर से करने को कहा। इस दौरान समर्थ सिंह ने पीछे से पुतले को सहारा देकर उठाया, जबकि सास गिरिबाला सिंह ने महज 10 सेकंड से भी कम समय में गले का फंदा खोल दिया। ट्विशा को सीपीआर (CPR) देने की घटना भी दोहराई गई। इस दौरान जांच टीम ने कई तथ्य जुटाए।
समर्थ और गिरिबाला के बयानों में अंतर

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क्राइम सीन री-क्रिएशन के दौरान के CBI ने समर्थ सिंह और गिरिबाला सिंह से सवाल किए तो जवाब पूछताछ के दौरान दी गई जानकारियों से मैच नहीं हुए। दोनों के बयानों में विरोधाभास मिला। समर्थ और गिरिबाला ने पूछताछ के दौरान जो घटना बताई थी। क्राइम सीन रि-क्रिएशन के दौरान वह घटना उसी तरह नहीं हुई। दोनों के बयानों में अंतर और विरोधाभास के कारण CBI का शक और गहरा गया है। इससे समर्थ और गिरिबाला की मुश्किलें और बढ़ सकती हैं। वहीं केस की गुत्थी और उलझ सकती है।
12 मई को हुई थी ट्विशा शर्मा की मौत

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बता दें कि 12 मई की रात को ट्विशा शर्मा की मौत हुई थी। पति समर्थ और सास गिरिबाला ने सुसाइड का दावा किया है। ट्विशा के परिजनों ने हत्या का आरोप लगाया है। 12 दिन में 2 बार पोस्टमार्टम कराने के बाद 24 मई को ट्विशा का अंतिम संस्कार किया गया। पोस्टमार्टम में ट्विशा के शरीर पर चोटों के 7 निशान मिले। 10 दिन फरार रहने के बाद 22 मई को समर्थ सिंह ने सरेंडर किया। वहीं CBI ने गिरिबाला सिंह को गिरफ्तार करके केस टेकओवर किया और अब आगे की जांच जारी है।