Premature Aging: उम्र से पहले बूढ़ा होने के पीछे क्या हैं कारण? ऐसे रखें खुद को जवान
Biological Aging: आजकल के लोग ज्यादा जल्दी बूढ़े पड़ रहे हैं. एक रिसर्च में बताया गया है कि खराब लाइफस्टाइल की वजह से एजिंग प्रोसेस धीमा हो रहा है और कई तरह की परेशानियां पैदा हो रही है.

पुराने लोगों की लाइफस्टाइल और खानपान कितना अच्छा था. लोग एक उम्र के बाद बूढ़े होते थे और सालों तक जीते थे. मगर अब इंसान वक्त से पहले बूढ़ा हो रहा है और बहुत कम उम्र में ही बीमारियों से घिर जाता है. 40 साल की उम्र में ही चेहरे पर गहरी झुर्रियां, ढीली स्किन, सफेद बाल या लगातार थकान जैसे लक्षण दिखने लगें और अगर ध्यान ना किया जाए तो परेशानी ज्यादा बढ़ जाती है. ऐसे में दिमाग में सवाल आना जरूरी है कि आखिर आज की जनरेशन वक्त से पहले क्यों बूढ़ी हो रही है.
प्रीमेच्योर एजिंग है एक वजह
2 / 6वाशिंगटन यूनिवर्सिटी स्कूल ऑफ मेडिसिन की इस स्टडी में पाया गया है कि आज की जनरेशन में बायोलॉजिकल एजिंग का लेवल पहले के मुकाबले कहीं ज्यादा है. यह सिर्फ बढ़ती उम्र की वजह से नहीं, बल्कि हमारी लाइफस्टाइल से भी जुड़ी हुई होती है. इसे भी पढ़ें- हिमाचल की वो 5 खूबसूरत जगह जहां दिल्ली से 5000 के बजट में घूम सकते हैं आप, वीकेंड में बना लें प्लान
प्रीमेच्योर एजिंग क्या है?
3 / 6जब शरीर और स्किन में उम्र बढ़ने के लक्षण समय से पहले दिखाई देने लगते हैं तो इसे प्रीमेच्योर एजिंग कहा जाता है. इसमें स्किन की लोच कम होने लगती है और शरीर काफी हद तक इफेक्ट होता है.
सिस्टमैटिक एजिंग का लेवल बढ़ना
4 / 6रिसर्च में बताया गया है कि 1965 से 1974 के बीच पैदा हुए लोगों में सिस्टमैटिक एजिंग का लेवल उससे पहले के लोगों से 23 प्रतिशत बढ़ा हुआ था. वहीं 1990 के दशक में पैदा हुए लोगों का खतरनाक लेवल मिला.
कैंसर और बुढ़ापे का रिलेशन
5 / 6स्टडी में यह साफ हुआ है कि बायोलॉजिकल एज और कैंसर का गहरा रिश्ता है. जब हमारे शरीर के सेल्स वक्त से पहले बूढ़ी हो जाती हैं तो उनमें डीएनए डैमेज होने लगते हैं. इससे कैंसर बनने का खतरा दोगुना बढ़ जाता है.
कैसे एजिंग को कम किया जा सकता है?
6 / 6आपको घबराने की जरूरत नहीं है, क्योंकि बायोलॉजिकल क्लॉक को कम किया जा सकता है. बस आपको अपनी जिंदगी में छोटे-मोटे बदलाव करने होंगे. हेल्दी डाइट, पूरी नींद और स्मोकिंग से दूरी बनाने के बारे में सोचना होगा. इसे भी पढ़ें- पानी की बोतल को कैसे ठंडा रखें? सोनम वांगचुक ने भूख हड़ताल के बीच सिखाया साइंस