भारत में शनिवार, 23 मई को पेट्रोल और डीजल की कीमतों में लगातार तीसरी बार बढ़ोतरी हुई. देशभर में दोनों ईंधनों के दाम करीब एक रुपये प्रति लीटर बढ़ गए. मात्र आठ दिनों में कुल पांच रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी हो चुकी है, जबकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें गिर रही हैं. उपभोक्ताओं पर बोझ बढ़ता जा रहा है और तेल कंपनियां अपने घाटे की भरपाई कर रही हैं.
कहां बिक रहा सबसे महंगा पेट्रोल?

2 / 6
शनिवार को हैदराबाद में पेट्रोल की कीमत 112.81 रुपये प्रति लीटर पहुंच गई, जो पूरे देश में सबसे अधिक है . तिरुवनंतपुरम दूसरे स्थान पर रहा जहां पेट्रोल 112.64 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है. पटना तीसरे स्थान पर है, जहां कीमत 111 रुपये प्रति लीटर दर्ज की गई.
आठ दिनों में बड़ी बढ़ोतरी

3 / 6
पिछले आठ दिनों में पेट्रोल और डीजल दोनों की कीमतों में कुल मिलाकर लगभग पांच रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी हो चुकी है. तेल विपणन कंपनियां (OMCs) पिछले घाटे की भरपाई के लिए धीरे-धीरे दाम बढ़ा रही हैं. विशेषज्ञों का अनुमान है कि यह सिलसिला तब तक जारी रह सकता है, जब तक कंपनियां 8-10 रुपये प्रति लीटर का अनुमानित घाटा पूरा नहीं कर लेतीं.
दिल्ली में भी महंगाई का असर

4 / 6
दिल्ली में पेट्रोल की कीमत 87 पैसे बढ़कर 99.51 रुपये प्रति लीटर हो गई है. वहीं डीजल की कीमत 91 पैसे की बढ़ोतरी के साथ 92.49 रुपये प्रति लीटर पहुंच गई. राजधानी के अलावा मुंबई, कोलकाता और जयपुर जैसे शहरों में भी कीमतें 108 से 110 रुपये के बीच बनी हुई हैं.
टॉप 10 शहरों की लिस्ट

5 / 6
गुडरिटर्न्स के अनुसार शनिवार को देश के 10 सबसे महंगे शहर इस प्रकार हैं: 1. हैदराबाद (112.81), 2. तिरुवनंतपुरम (112.64), 3. पटना (111), 4. कोलकाता (110.64), 5. जयपुर (109.84), 6. मुंबई (108.45), 7. बेंगलुरु (108.09), 8. भुवनेश्वर (106.18), 9. चेन्नई (105.33), 10. गुवाहाटी (105.10 रुपये प्रति लीटर).
अंतरराष्ट्रीय कीमतों से उलट रुख

6 / 6
दुनिया भर में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट के बावजूद घरेलू बाजार में ईंधन महंगा हो रहा है. तेल कंपनियां पहले के घाटे को पूरा करने के लिए यह रणनीति अपना रही हैं. इससे आम उपभोक्ता, खासकर मध्यम वर्ग पर आर्थिक बोझ बढ़ गया है.