बजट 2026 किसी के लिए अच्छा तो किसी के लिए सामान्य रहा. लेकिन बजट आने के बाद सिगरेट पीने वाले 100% नाराज लग रहे. क्योंकि सरकार ने तंबाकू पर टैक्स बढ़ा दिया है. जी हां, सरकार, सिगरेट, गुटखा और ऐसे ही बाकी के तंबाकू प्रोडक्ट्स को Sin Goods कहती है और इन गूड्स पर 300% का टैक्स लगा दिया है. इस फैसले के बाद ITC के शेयर में भूचाल मच गया और भयानक गिरावट से जूझ रहे हैं.
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दरअसल, सरकार नियमों को सख्त बनाकर सेहत को नुकसान पहुंचाने वाले उत्पादों का सेवन कम करना चाहती है, ताकि पब्लिक हेल्थ में सुधार हा और रेवेन्यू कलेक्शन भी बेहतर हो.
तंबाकू और पान मसाला के लिए नया टैक्स सिस्टम
नई टैक्स व्यवस्था के अनुसार अब इन उत्पादों पर 40% का GST लगेगा, जो पहले 28% लगता था.
सिगरेट और तंबाकू पर एडिशनल एक्साज ड्यूटी भी लगाई जा रही है.
खासतौर से पान मसाल उत्पादकों के लिए ही एक हेल्थ और नेशनल सेक्योरिटी सेस इंट्रोड्यूस किया गया है.
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अब कितनी होगी सिगरेट की कीमत?
सिगरेट पर टैक्स कितना लगेगा, यह उसकी लंबाई (length), फिल्टर टाइप और डिजाइन पर निर्भर करता है.
- छोटे आकार का नॉन-फिल्टर सिगरेट (65 mm तक): 2.05 रुपये एक्साइज प्रति स्टिक
- छोटे आकार का फिल्टर सिगरेट (65 mm तक): 2.10 रुपये प्रति स्टिक
- मीडियम लेंथ सिगरेट : 3.6 से 4 प्रति स्टिक
- लंबी सिगरेट : 5.4 रुपये प्रति स्टिक
- प्रीमियम या नॉन-स्टैंडर्ड डिजाइन: प्रति स्टिक 8.50 रुपये तक
इंडस्ट्री एक्सपर्ट्स का मानना है कि मैन्युफैक्चरर्स बढ़े हुए टैक्स का बोझ कंज्यूमर्स पर डालेंगे, जिससे एक पैक की रिटेल कीमत जो पहले लगभग 18 रुपये थी, वह वेरिएंट के आधार पर 70-72 रुपये तक हो सकती है.










