Madhya Pradesh News : अभियानों के तरह तरह के नाम आपने सुने होंगे लेकिन मध्य प्रदेश के इंदौर में एक अनोखे अभियान की शुरुआत हुई है, जिसके नाम को पढ़कर अंदाजा लगाना थोड़ा मुश्किल है लेकिन नामुमकिन नहीं है। दरअसल मध्य प्रदेश में दुर्गा पंडाल (Durga Pooja ) में जाने को लेकर एक अभियान शुरू हुआ है, इस अभियान का नाम है रोको, टोको और ठोको! बताया गया कि इस अभियान में ठोको को प्राथमिकता दी जाएगी। सोशल मीडिया पर इस अभियान का पोस्टर वायरल हो रहा है।
क्या है रोको, टोको और ठोको अभियान?
हर बार दुर्गा पंडाल या गरबा पंडाल (Garba Pandal) में अन्य धर्मों के लोगों की एंट्री से बवाल होता है। इस मामले में खूब बवाल हो चुका है। ऐसे में इस बार इंदौर (Indore Garba Pandal) में हिंदू संगठन से जुड़े एक व्यक्ति ने गरबा को लेकर चेतावनी जारी की है। सुमित हरदिया नाम के शख्स ने फेसबुक पर लिखा कि ‘सभी दुर्गा पंडालों में गैर हिन्दुओं के लिए रोको, टोको और ठोको अभियान रहेगा, जिसमें ठोको अभियान तुंरत रहेगा।’
फेसबुक पर पोस्ट लिखने वाला शख्स खुद को ‘क्रांतिकारी, हिन्दू वादी, राजनेता, राष्ट्रवादी विचारक’ बताता है। बताया जा रहा है कि गैर हिन्दुओं को गरबा पंडाल में घुसने से रोकने के लिए ही ये चेतावनी सोशल मीडिया के माध्यम से दी गई है। पोस्ट वायरल हो गया है।
गरबा या डांडिया खेलने के लिए बड़ी संख्या में लोग एकत्रित होते हैं। मध्य प्रदेश में इस बार तो तमाम संगठनों द्वारा गाइडलाइन जारी की गई है। राजधानी भोपाल में एक गरबा स्थल ने ऐलान किया है कि सिर्फ सनातनी हिंदू को ही एंट्री दी जाएगी। भोपाल में एक गरबा अयोजक की तरफ से कहा गया कि अगर किसी अन्य धर्म के लोगों को गरबा में आना है तो पहले उसे हिंदू धर्म अपनाना होगा। गरबा उत्सव में पहचान पत्र लाना भी अनिवार्य किया गया है।
इसके साथ ही ड्रेस कोड भी लागू किया गया है, साथ गाने को लेकर भी शख्त नियम बनाये गए हैं। साफ कर दिया गया है कि गरबा के दौरान फूहड़ गाने नहीं बजाये जाएंगे। खंडवा में भी गरबा महोत्सव के आयोजक गाइडलाइन जारी कर चुके हैं जिसके मुताबिक बैकलेस ड्रेस पहनकर आने वाली महिलाओं को एंट्री नहीं दी जाएगी।