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भीषण गर्मी में यूपी के लोगों को लगेगा झटका, बिजली की दरों में 30 प्रतिशत इजाफा?

Uttar Pradesh News: उत्तर प्रदेश में इस भीषण गर्मी के बीच बिजली दरों में बढ़ोतरी हो सकती है। बिजली कंपनियों ने इसकी तैयारी शुरू कर दी है। इसी क्रम में कंपनियों ने भारी घाटा दिखाते हुए विद्युत नियामक आयोग में बिजली दरों में बढ़ोतरी किए जाने का प्रस्ताव रखा है।

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Uttar Pradesh News: उत्तर प्रदेश में बिजली के दाम बढ़ सकते हैं। इस बार बिजली की दरों में 30 प्रतिशत तक इजाफा हो सकता है। बताया जा रहा है कि बिजली कंपनियों ने भारी-भरकम घाटे को देखते हुए विद्युत नियामक आयोग के समक्ष यह प्रस्ताव रखा है।

बिजली तो 45 प्रतिशत तक सस्ती होनी चाहिए

वहीं उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद ने इसका विरोध जताया है। उनका कहना है कि बिजली तो 45 प्रतिशत तक सस्ती होनी चाहिए। ऐसे में बिजली दरों में बढ़ोतरी करना उपभोक्ताओं पर आर्थिक बोझ बढ़ाना है। उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद का कहना है कि बिजली मंहगी करने के लिए कंपनियों ने मनगढ़ंत आकड़े नियामक आयोग में पेश किए हैं। ऐसे में कंपनियों के संशोधित एआरआर को खारिज कर आयोग बिजली की दर घटाए ताकि उपभोक्ताओं को राहत मिले।

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नोएडा पावर कंपनी का दिया हवाला

कंपनियों पर उपभोक्ताओं के निकल रहे 33,122 करोड़ रुपये सरप्लस का हवाला देते हुए परिषद ने विद्युत नियामक आयोग में लोक महत्व प्रस्ताव दाखिल कर बिजली की दरें घटाने की मांग की है। परिषद का कहना है कि वह बिजली दरों को 45 प्रतिशत तक घटाने की मांग कर रहे हैं। परिषद अध्यक्ष का कहना है कि जब सरप्लस निकलने से नोएडा पावर कंपनी की बिजली 3 वर्षों से 10 प्रतिशत सस्ती है तब फिर अन्य कंपनियों के उपभोक्ताओं की बिजली दर भी भारी-भरकम सरप्लस के चलते घटाई जाए।

बिजली कंपनियों ने बताया भारी-भरकम घाटा

चालू वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए सोमवार को बिजली कंपनियों द्वारा विद्युत नियामक आयोग में दाखिल किए गए संशोधित एआरआर में मौजूदा दरों से 19,600 करोड़ रुपये के घाटे का अनुमान लगाया गया है। घाटे की भरपाई के लिए कंपनियों का कहना है कि वर्तमान बिजली दर में 30 प्रतिशत की बढ़ोतरी की जाए।

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कंपनियों के संशोधित एआरआर हो खारिज

उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद का कहना है कि उपभोक्ताओं को सस्ती दरों पर बिजली उपलब्ध कराई जानी चाहिए। कंपनियों की मनमानी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कंपनियों के संशोधित एआरआर को खारिज कर आयोग बिजली की दर घटाए ताकि उपभोक्ताओं को राहत मिले।

First published on: May 21, 2025 05:54 PM

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About the Author

Md Junaid Akhtar

युवा पत्रकार मोहम्मद जुनेद अख्तर करीब 12 साल से मीडिया में काम कर रहे हैं। इन्होंने अपने करियर की शुरुआत साल 2013 में ‘अमर उजाला’ गाजियाबाद से की थी। यहां इन्होंने अखबार में करीब एक साल तक रेलवे, कलेक्ट्रेट और आरडब्ल्यूए जैसी बीट पर काम किया। इसके बाद इन्होंने 2014 में ‘नवोदय टाइम्स‘ के लिए रेलवे, स्पोर्ट्स और एजुकेशन की बीट कवर कीं। करीब एक साल बाद 2015 में इनका ट्रांसफर गाजियाबाद से दिल्ली हो गया। दिल्ली में इन्होंने अल्पसंख्यकों के मुद्दों के साथ जंतर-मंतर पर कई बड़े धरने-प्रदर्शन कवर किए। वर्ष 2016 में इनका ट्रांसफर दिल्ली से नोएडा हो गया। नोएडा में इन्होंने क्राइम बीट पर लगातार करीब तीन साल काम तक किया। इसके बाद 2020 में लॉकडाउन के दौरान इन्हें क्राइम के अलावा गौतमबुद्ध नगर के तीनों प्राधिकरण और दूसरी बीट भी कवर करने का मौका मिला। जुनेद अख्तर ने साल 2024 (जनवरी) में ‘उत्तर प्रदेश टाइम्स’ की डिजिटल टीम को जॉइन कर लिया। इस दौरान इन्होंने ‘उत्तर प्रदेश टाइम्स’ की नोएडा डिजिटल साइट ट्राइसिटी टुडे में भी काम किया। इस बीच 27 फरवरी 2025 को जुनेद अख्तर ने न्यूज 24 डिजिटल टीम को जॉइन कर लिया। यहां जुनेद अख्तर बतौर सब एडिटर काम कर रहे हैं। जुनेद यहां राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खबरों को लिखते हैं। इसके अलावा नोएडा, ग्रेटर नोएडा और गाजियाबाद की खबरों पर भी नजर रखते हैं।

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