Chhattisgarh Jal Jagar Maha Utsav: छत्तीसगढ़ की विष्णुदेव साय सरकार प्रदेश के विकास के साथ-साथ प्रर्यावरण को भी सुरक्षित रखने का काम भी कर रही है। इसी के तहत धमतरी जिले के गंगरेल बांध के किनारे 2 दिवसीय जल जगार महा उत्सव और अंतरराष्ट्रीय जल सम्मेलन आयोजन किया गया था। इस सम्मेलन के समापन कार्यक्रम में राज्य के विधानसभा के अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह और डिप्टी सीएम अरुण साव शामिल हुए। जल जगार महा उत्सव के समापन समारोह को संबोधित करते हुए डॉ. रमन सिंह ने कहा कि अगर जल संरक्षण को लेकर अभी सचेत नहीं हुए, तो बहुत जल्द हमारा भू-जल भी प्रदूषित हो जाएगा।
डॉ. रमन सिंह का संबोधन
डॉ. रमन सिंह ने कहा कि पानी की एक-एक बूंद को बचाने के लिए इस जल जगार महा उत्सव का आयोजन किया गया है। इस सम्मेलन में चार देशों के प्रतिनिधि और देश के प्रसिद्ध पर्यावरणविदों, जल संरक्षक शामिल है, जो विभिन्न कार्यक्रमों और गतिविधियों के साथ जल सरक्षण के बारे में बता रहे हैं। उन्होंने आगे लोगों से कहा कि इन गतिविधियों में जिला समेत पूरे राज्य के नागरिकों को बढ़-चढ़कर हिस्सा लेना चाहिए। उन्होंने आगे कहा कि अगर पर्यावरण के प्रति हम अभी सचेत नहीं होंगे तो हमारा भू-जल भी प्रदूषित हो जाएगा।
जल संकट से निपटने का एकमात्र उपाय
वहीं कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रदेश के डिप्टी सीएम अरुण साव ने कहा कि पूरी दुनिया में जल संकट से निपटने का एकमात्र उपाय जल संचय और जल संरक्षण ही है। इसके लिए आज पूरी दुनिया में जल संरक्षण को लेकर चर्चा की जा रही और जरुरी कदम उठाए जा रहे हैं। लेकिन इसके लिए अब आम लोगों को भी आगे आना होगा। तभी हम अपनी जल धरोहरों को बेहतर ढंग से संरक्षित कर पाएंगे।