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Religion

Chaitra Navratri 2026 (Day 4 Maa Kushmanda): चैत्र नवरात्रि का चौथा दिन आज; जानें मां कूष्मांडा की पूजा का शुभ मुहूर्त, विधि, मंत्र, आरती और प्रिय भोग-फूल

Chaitra Navratri 2026, Day 4 Maa Kushmanda: आज 22 मार्च 2026, वार रविवार को चैत्र नवरात्रि का चौथा दिन है, जो कि मां दुर्गा के चौथे स्वरूप देवी कूष्मांडा को समर्पित है. यहां पर आप मां कूष्मांडा के स्वरूप, पूजा के शुभ मुहूर्त, पूजन विधि, मंत्र, प्रिय फूल, पसंदीदा भोग और आरती आदि के बारे में जान सकते हैं.

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Written By: Nidhi Jain Updated: Mar 22, 2026 06:28
Chaitra Navratri 2026
Credit- Social Media

Chaitra Navratri 2026 (Day 4 Maa Kushmanda) Today Shubh Muhurat, Puja Vidhi, Mantra & Aarti: मां दुर्गा को समर्पित चैत्र नवरात्रि का पावन पर्व चल रहा है, जिसका आज 22 मार्च 2026 को चौथा दिन है. आज का दिन सृष्टि की रचयिता मानी जाने वाली मां दुर्गा के चौथे स्वरूप देवी कूष्मांडा को समर्पित है, जिन्हें शक्ति, सूर्य की ऊर्जा, ज्ञान, समृद्धि, तेज और आरोग्य आदि का प्रतीक भी माना जाता है. मान्यता है कि मां कूष्मांडा की पूजा करने से भक्तों को सकारात्मक ऊर्जा, सुख, समृद्धि, ज्ञान और अच्छे स्वास्थ्य की प्राप्ति होती है.

चलिए अब जानते हैं आज मां कूष्मांडा की पूजा का शुभ मुहूर्त क्या है और कैसे देवी की पूजा करना शुभ रहेगा. साथ ही आपको मां को प्रसन्न करने के लिए उनका प्रिय फूल, भोग, मंत्र और आरती आदि के बारे में पता चलेगा.

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मां कूष्मांडा की पूजा का शुभ मुहूर्त

  • प्रातः सन्ध्या- सुबह में 05:12 से 06:23
  • अभिजीत मुहूर्त- दोपहर में 12:04 से 12:53
  • सायाह्न सन्ध्या- शाम में 06:33 से 07:44
  • अमृत काल- शाम 06:23 से रात 10:42

मां कूष्मांडा की पूजा विधि

  • सुबह जल्दी उठकर स्नान करने के बाद स्वच्छ लाल रंग के वस्त्र धारण करें.
  • पूजा स्थल के साथ घर को भी गंगाजल से शुद्ध करें.
  • माता रानी को सिंदूर, अक्षत, वस्त्र, पंचामृत, मिठाई, फूल और फल अर्पित करें.
  • घी का दीपक जलते समय मंत्र जाप करें.
  • व्रत की कथा सुनें या पढ़ें.
  • आरती करके क्षमा याचना जरूर करें.

मां कूष्मांडा का प्रिय भोग और फूल

बता दें कि मां कूष्मांडा को मालपुआ का भोग लगाना शुभ होता है. साथ ही लाल रंग के फूल अर्पित करने से माता रानी खुश होती हैं.

ये भी पढ़ें- Navratri Vrat Galtiyan: चैत्र नवरात्रि 2026 में इन गलतियों को करने से बचें, वरना मां दुर्गा होंगी नाराज

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मां कूष्मांडा का मंत्र

ॐ देवी कूष्माण्डायै नमः॥

मां कूष्मांडा की आरती

कूष्माण्डा जय जग सुखदानी। मुझ पर दया करो महारानी॥
पिङ्गला ज्वालामुखी निराली। शाकम्बरी माँ भोली भाली॥
लाखों नाम निराले तेरे। भक्त कई मतवाले तेरे॥
भीमा पर्वत पर है डेरा। स्वीकारो प्रणाम ये मेरा॥
सबकी सुनती हो जगदम्बे। सुख पहुँचाती हो माँ अम्बे॥
तेरे दर्शन का मैं प्यासा। पूर्ण कर दो मेरी आशा॥
माँ के मन में ममता भारी। क्यों ना सुनेगी अरज हमारी॥
तेरे दर पर किया है डेरा। दूर करो माँ संकट मेरा॥
मेरे कारज पूरे कर दो। मेरे तुम भण्डारे भर दो॥
तेरा दास तुझे ही ध्याये। भक्त तेरे दर शीश झुकाये॥

डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.

First published on: Mar 22, 2026 06:25 AM

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