Petrol Pump in India: कब-कहां खोला गया था भारत का पहला पेट्रोल पंप? इन देशों से इंपोर्ट किया जाता था तेल
First Petrol Pump in India: मिडिल ईस्ट की जंग के कारण होर्मुज स्ट्रेट से कच्चे तेल की सप्लाई बाधित हुई तो देश में पेट्रोल-डीजल का संकट गहराने का खतरा मंडराया। इसके चलते देशभर के पेट्रोल पंपों पर लंबी लाइनें नजर आईं।

भारत के पेट्रोल पंप आजकल सुर्खियों में हैं, क्योंकि पेट्रोल पंपों पर लोगों की लंबी लाइनें दिख रही हैं। इसकी वजह ईरान युद्ध के कारण होर्मुज स्ट्रेट का ब्लॉक होना हो। आइए जानते हैं कि भारत में सबसे पहला पेट्रोल पंप कब-कहां खुला था?
असम में कच्चे तेल का कुंआ मिला
2 / 6बता दें कि भारत में धरती के नीचे कच्चा तेल होने के संकेत 1866 में मिले थे, लेकिन तेल का जमीन के नीचे से निकालने के प्रयास शुरू नहीं किए गए थे। 1889 में असम के डिगबोई में पहला तेल का कुंआ खोजा गया था और तेल निकाला गया था।
अंग्रेजों ने जगह को डिगबोई नाम दिया
3 / 6बता दें कि अंग्रेजों के राज में भारत में रेलवे ट्रैक का जाल बिछा था। जब ब्रिटिश इंजीनियर रेलवे ट्रैक बनाया करते थे, तब उनके हाथों पर तेल जैसी चिकनी चीज लगी होती थी। वे कहते रहते थे कि डिग बॉय डिग, इसलिए जहां तेल का कुंआ था, उस जगह का नाम डिगबोई पड़ गया।
असम में ही पहली रिफाइनरी खुली थी
4 / 61901 में असम की ऑयल कंपनी ने डिगबोई में तेल की रिफाइनरी शुरू की थी। यह न केवल भारत के अंदर बल्कि पूरे एशिया में तेल की पहली रिफाइनरी थी। इसे ही भारत के हाइड्रोकार्बन क्षेत्र की गंगोत्री कहा जाता है। इस रिफाइनरी के खुलने से भारत के इतिहास में एक मील का पत्थर जड़ा था।
मुंबई में देश का पहला पेट्रोल पंप खुला
5 / 6बता दें कि असम में कच्चा तेल मिलने के बाद 20वीं सदी की शुरुआत में पूरे देश में पेट्रोल की सप्लाई होने लगी थी। पेट्रोल से चलने वाली गाड़ियां बनने लगी थीं। इस बीच 1928 में एशियाटिक पेट्रोलियम कंपनी ने महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई की लैमिंगटन रोड पर देश का पहला पेट्रोल पंप शुरू किया।
पेट्रोल कहां से इंपोर्ट किया जाता था?
6 / 6बता दें कि अंग्रेजों के राज में भी भारत पेट्रोल का आयात करता था। बर्मा ऑयल कंपनी और एशियाटिक पेट्रोलियम कंपनियां पेट्रोल का आयात का कामकाज देखती थीं। उस समय पेट्रोल इराक, ईरान, सऊदी अरब और म्यांमार से आयात किया जाता था। जबकि भारत के पास अपने तेल के भंडार भी थे।