
1 / 5
हेनले पासपोर्ट इंडेक्स के अनुसार, साल 2025 में भारतीय पासपोर्ट 85वें नंबर पर था। जनवरी 2026 में पासपोर्ट की रैंकिंग में 10 नंबरों का उछाल आया और भारतीय पासपोर्ट 75वें नंबर पर मिल गया। लेकिन अब मई में भारतीय पासपोर्ट 80वें नंबर पर आ गया है, यानी भारतीय पासपोर्ट की रैकिंग में 5 नंबरों की गिरावट आई है। वहीं भारतीय नागरिक अब 55 से 58 देशों में वीजा फ्री या वीजा-ऑन-अराइवल यात्रा कर सकते हैं।
सिंगापुर का पासपोर्ट सबसे मजबूत

2 / 5
हेनले पासपोर्ट इंडेक्स के अनुसार, सिंगापुर का पासपोर्ट दुनिया का सबसे ताकतवर पासपोर्ट है, जहां के नागरिक 192 देशों में बिना वीजा के घूम सकते हैं। लिस्ट में दूसरे स्थान पर जापान, दक्षिण कोरिया और संयुक्त अरब अमीरात के पासपोर्ट हैं, जिनके नागरिक 187 देशों में बिना वीजा के घूम सकते हैं।
यूरोप के पासपोर्ट भी काफी मजबूत

3 / 5
इंडेक्स लिस्ट में उपरोक्त 4 देशों के बाद यूरोप के देश हैं, खासकर नॉर्वे और स्विट्जरलैंड के पासपोर्ट, जिनके नागरिक 185 देशों में बिना वीजा के घूम सकते हैं। यूरोप के 27 देशों का जॉइंट पासपोर्ट सिस्टम है, लेकिन हर देश के लिए वीजा-फ्री सर्विस अलग-अलग है। बुल्गारिया और रोमानिया के लोग 177 देशों में और स्वीडन के नागरिक 186 देशों में वीजा फ्री एंट्री कर सकते हैं।
अफ्रीकी देशों के पासपोर्ट की रैंक

4 / 5
हेनले पासपोर्ट इंडेक्स के अनुसार, सबसे कमजोर पासपोर्ट वाले देशों के लोग 50 से भी कम देशों में वीजा के बिना एंट्री कर सकते हैं। लिस्ट में अफ्रीकी देश नाइजीरिया 44वे नंबर पर, सोमालिया 32वें नंबर पर और कांगो लोकतांत्रिक गणराज्य 43वें नंबर पर है। बढ़ती आबादी और बड़े प्रवासी समुदाय के कारण इन देशों को वीजा फ्री एंट्री देने पर प्रतिबंध लगे हुए हैं।
पाकिस्तान के पासपोर्ट की रैंक

5 / 5
भारत के पड़ोसी देश पाकिस्तान का पासपोर्ट दुनिया का सबसे कमजोर पासपोर्ट है। यह पासपोर्ट 98वें नंबर पर है। पाकिस्तान के अलावा यमन भी इस रैंक पर है। इन देशों के लोग 31 से 35 देशों में ही बिना वीजा के एंट्री कर सकते हैं।