
1 / 7
Too Much Saliva Causes: सलाइवा या लार 99 प्रतिशत पानी है जिसे सलाइवरी ग्रंथि प्रोड्यूस करती है. यूं तो सभी के मुंह में लार बनती है लेकिन कुछ ऐसे लोग भी हैं जो मुंह में जरूरत से ज्यादा लार बनने की दिक्कत से परेशान होते हैं. वहीं, कई बार व्यक्ति का सलाइवा पर कंट्रोल नहीं रहता है और सोते-जागते मुंह से लार निकलने (Muh Se Lar Girna) लगती है. ऐसे में यहां जानिए मुंह में ज्यादा लार बनने की क्या वजह हो सकती है.
तीखा या खट्टा खा लेना

2 / 7
मुंह में लगातार लार बनने का एक कारण पाचन संबंधी दिक्कतें हो सकता है. बहुत ज्यादा तीखा या खट्टा का लेने पर या सूंघ लेने पर लार ग्रंथियां अधिक सक्रिय हो जाती हैं जिससे लार आती है.
दांतों की समस्या में

3 / 7
अगर मसूड़ों में सूजन है जाए, मुंह में कैविटी हो या फिर मुंह में छाले होने लगें तो शरीर बैक्टीरिया से लड़ने के लिए लार बनाता है. इस चलते ज्यादा लार बन सकती है.
एसिड रिफ्लक्स में

4 / 7
अगर पेट में एसिड रिफ्लक्स होने लगे और एसिड उठकर वापस भोजन नली में आने लगे तो इससे लड़ने के लिए शरीर लार ज्यादा बनाता है. इसे वॉटर ब्रैश भी कहते हैं.
किसी इंफेक्शन के कारण

5 / 7
टॉन्सिल्स, साइनस या फिर गले के किसी संक्रमण के कारण लार निगलने में दिक्कत होती है जिसके कारण लार मुंह में जमा होने लगती है.
न्यूरोलॉजिकल दिक्कतें

6 / 7
स्ट्रोक या सेरेब्रल पाल्सी जैसी दिक्कतों में मांसपेशियों पर नियंत्रण कम होने लगता है जिसके कारण मुंह में लार बनने पर भी उसे निगलने में दिक्कत होती है.
विटामिन बी12 की कमी

7 / 7
विटामिन बी 12 की कमी से ग्लोसिटिस हो सकता है जिसमें जीभ में सूजन आ जाती है और मुंह में छाले निकलते हैं. ऐसे में इस जलन को कम करने के लिए शरीर ज्यादा लार बनाने लगता है.