गर्मी में AC फटने के मामले क्यों आते हैं, ऐसे हादसों से बचने के लिए क्या करें?
गर्मी बढ़ते ही AC ब्लास्ट की खबरें भी सामने आने लगती हैं, लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि आखिर ऐसा क्यों होता है? जरा सी लापरवाही आपका AC बम बना सकती है. जानिए किन वजहों से AC फटता है और किन आसान तरीकों से आप इस बड़े खतरे से बच सकते हैं.

उत्तर भारत में तापमान 40-45 डिग्री तक पहुंच रहा है. भीड़भाड़ वाले शहरों में प्रदूषण और ट्रैफिक के कारण गर्मी और ज्यादा महसूस होती है. ऐसे में AC का इस्तेमाल तेजी से बढ़ जाता है, लेकिन इसी दौरान AC फटने या आग लगने की घटनाएं भी सामने आती हैं. इसलिए यह समझना जरूरी है कि आखिर ऐसा क्यों होता है और इससे कैसे बचा जा सकता है. (AI Generated Image)
तापमान और AC के बीच क्या है कनेक्शन?
2 / 9विशेषज्ञों के मुताबिक AC सही से काम करने के लिए आसपास का तापमान (एम्बिएंस) कंडेंसर के तापमान से करीब 10 डिग्री कम होना चाहिए. आमतौर पर AC का कंडेंसर 50 डिग्री तक गर्म हो सकता है. जब बाहर का तापमान इससे ज्यादा हो जाता है, तो सिस्टम पर दबाव बढ़ जाता है और फटने का खतरा बढ़ जाता है.
ज्यादा गर्मी से कैसे बढ़ता है खतरा?
3 / 9जब बाहरी तापमान बहुत ज्यादा हो जाता है, तो AC का कंप्रेसर और कंडेंसर ओवरलोड हो जाते हैं. ऐसे में मशीन सही तरीके से कूलिंग नहीं कर पाती और प्रेशर बढ़ने लगता है. यही स्थिति कई बार ब्लास्ट या आग का कारण बन जाती है.
गैस लीकेज भी बन सकता है कारण
4 / 9अगर AC में गैस लीक हो रही हो, तो कंडेंसर पर ज्यादा दबाव पड़ता है. इससे यूनिट तेजी से गर्म होती है और आग लगने का खतरा बढ़ जाता है. इसलिए गैस लीकेज को नजरअंदाज करना भारी पड़ सकता है.
गंदे कॉइल्स से बढ़ती है परेशानी
5 / 9कंडेंसर कॉइल्स AC की कूलिंग में अहम भूमिका निभाते हैं. अगर ये गंदे हो जाएं, तो गर्मी बाहर नहीं निकल पाती. इससे सिस्टम ओवरहीट होता है और हादसे का खतरा बढ़ जाता है.
वोल्टेज फ्लक्चुएशन भी है बड़ा कारण
6 / 9बार-बार बिजली का उतार-चढ़ाव AC के कंप्रेसर पर असर डालता है. इससे मशीन पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है और खराबी या ब्लास्ट जैसी स्थिति बन सकती है.
ऐसे करें AC का सुरक्षित इस्तेमाल
7 / 9तेज गर्मी में AC के आउटडोर यूनिट (कंप्रेसर) को छांव में रखें. इसके आसपास अच्छी हवा का आना-जाना होना चाहिए ताकि गर्मी जमा न हो. सही वेंटिलेशन AC की सेफ्टी के लिए बेहद जरूरी है.
नियमित सर्विसिंग है सबसे जरूरी
8 / 9समय-समय पर AC की सर्विसिंग कराना बेहद जरूरी है. इससे छोटी-छोटी समस्याएं पहले ही ठीक हो जाती हैं और बड़े हादसे टाले जा सकते हैं.
सफाई और मेंटेनेंस पर दें ध्यान
9 / 9एयर फिल्टर और कूलिंग कॉइल्स की नियमित सफाई करें. इससे AC पर लोड कम रहता है और मशीन बेहतर तरीके से काम करती है. जानकारों के अनुसार कॉपर कंडेंसर वाले AC ज्यादा सुरक्षित और टिकाऊ होते हैं. यह नमी से जल्दी खराब नहीं होते और तेजी से कूलिंग भी करते हैं. इसलिए एल्यूमिनियम की तुलना में कॉपर बेहतर विकल्प माना जाता है.