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राशिद बना ‘शंकर’ रानी निकली ‘रुबीना’, 10 साल से इंडिया में छिपे बैठे थे 4 पाकिस्तानी; खुफिया एजेंसियों के उड़े होश

Pakistani family living in India for 10 years: जब जांच एजेंसियां उन्हें पकड़ने पहुंची तो वह पैंकिंग कर रहे थे और वहां से फरार होने की फिराक में थे। छानबीन में उनके पास फर्जी नाम से इंडिया के आधार कार्ड और अन्य दस्तावेज मिले।

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Pakistani family living in India for 10 years: पाकिस्तान मूल की दो महिला समेत चार लोग पिछले 10 साल से इंडिया में छिपे बैठे हैं। फर्जी डॉक्यूमेंट के सहारे उन्होंने अपने हिन्दू नाम रखे हुए थे। किसी तरह इस बात की भनक खुफिया एजेंसियों को लगी। जिसके बाद बेंगलुरु से चारों को पकड़ा गया है।

पाकिस्तानी नागरिकों की पहचान राशिद अली सिद्दीकी (48), उनकी पत्नी आयशा (38) और उनके माता-पिता हनीफ मोहम्मद (73) और रूबीना (61) के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार ये परिवार बेंगलुरु के देहात इलाके में राजापुरा गांव में रह रहा था। राशिद ने अपना नाम शंकर शर्मा पत्नी का नाम आशा रानी और माता-पिता का नाम​ राम बाबू शर्मा और रानी शर्मा रखा हुआ था।

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फरार होने की फिराक में पाकिस्तानी

जानकारी के अनुसार जब जांच एजेंसियां उन्हें पकड़ने पहुंची तो वह पैंकिंग कर रहे थे और वहां से फरार होने की फिराक में थे। छानबीन में उनके पास फर्जी नाम से इंडिया के आधार कार्ड और अन्य दस्तावेज मिले। फिलहाल खुफिया एजेंसी ने ये खुलासा नहीं किया है कि ये चारों भारत में किस मिशन पर थे? उन्होंने अब तक पाकिस्तान में अपने आकाओं तक क्या जानकारी पहुंचाई है?

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किराए के मकान में रह रहे थे

छानबीन में पता चला कि राशिद और उसका परिवार कराची का रहने वाला है और उनकी पत्नी लाहौर की रहने वाली है। दोनों की साल 2011 में शादी हुई थी, जिसके बाद वह पाकिस्तान से बांग्लादेश फिर इंडिया में दाखिल हुए और तभी से किराए के मकान में रह रहे थे। जिस जगह से चारों को पकड़ा गया है वे वहां पिछले 6 सालों से रह रहे थे।

शर्मा परिवार के नाम से थी पहचान 

जांच एजेंसियों के अनुसार आरोपी पहले बांग्लादेश के ढाका में रहते थे। पड़ोसियों ने बताया कि वह हिन्दु रीति-रिवाजों को मानते थे और मंदिर में जाते थे। वह दिवाली, होली सभी त्यौहार मनाते थे सभी उन्हें शर्मा परिवार के नाम से जानते थे। इस पूरे मामले से जांच एजेंसियां सकते में हैं। आरोपियों के पुराने कॉल रिकॉर्ड खंगाले जा रहे हैं।

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First published on: Sep 30, 2024 09:55 PM

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About the Author

Amit Kasana

अमित कसाना: पत्रकारिता की दुनिया में एक सिद्धहस्त कहानीकार अमित कसाना सिर्फ खबरें नहीं लिखते बल्कि उन्हें बारीकी से संवारते हैं ताकि पाठकों तक सटीक, ताजा और प्रभावी जानकारी पहुंचे. News 24 में न्यूज एडिटर के रूप में उनकी भूमिका समाचारों को प्रस्तुत करने से कहीं अधिक है, वह उन्हें संदर्भ और दृष्टिकोण के साथ गढ़ते हैं. 2008 में 'दैनिक जागरण' से अपनी यात्रा शुरू करने वाले अमित ने 'दैनिक भास्कर' और 'हिंदुस्तान' जैसे प्रतिष्ठित प्रकाशनों में भी अपनी पहचान बनाई. 17 वर्षों के लंबे अनुभव के साथ उन्होंने पत्रकारिता के हर पहलू को बारीकी से समझा, चाहे वह प्रिंट, टेलीविजन या डिजिटल मीडिया हो. राजनीति, अपराध, खेल, मनोरंजन, कानून, ऑटोमोबाइल, लाइफस्टाइल और अंतरराष्ट्रीय मामलों से जुड़े विषयों की रिपोर्टिंग में उनकी गहरी पकड़ है. ब्रेकिंग न्यूज की रोमांचक दुनिया, खोजी पत्रकारिता की गहराई और तथ्यपूर्ण रिपोर्टिंग का संयोजन अमित की कार्यशैली की पहचान है. News 24 में उनका लक्ष्य स्पष्ट है समाचारों को त्वरितता और सटीकता के साथ प्रस्तुत करना ताकि पाठकों को भरोसेमंद और सार्थक जानकारी मिल सके.

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