Jammu Kashmir Election result: जम्मू कश्मीर से रुझान आने शुरू हो गए हैं। कांग्रेस-नेशनल कॉन्फ्रेंस ने वोटों की गिनती के रुझानों में बढ़त बना ली है। हालांकि सरकार कौन बनाएगा, ये तो नतीजे आने के बाद ही पता चल पाएगा। मगर शुरुआती रुझानों में एक नई तस्वीर उभरकर सामने आ रही है। कांग्रेस और नेशनल कॉन्फ्रेंस का गठबंधन 42 सीटों से आगे चल रही है। जबकि बीजेपी भी 35 सीटों पर आगे है। ऐसे में एक संभावना बन रही है कि यहां पर गठबंधन सरकार की स्थिति बन सकती है।
पीडीपी को ऐसे में गेमचेंजर माना जा रहा था, लेकिन मौजूदा रुझान में महबूबा मु्फ्ती की पार्टी अब तक के अपने सबसे खराब प्रदर्शन की ओर बढ़ती दिख रही है। महबूबा की बेटी इल्तिजा मुफ्ती भी पिछड़ती दिख रही है। ऐसे में दारोमदार निर्दलीय उम्मीदवारों पर आता दिख रहा है। शुरुआती रुझानों में 10 से ज्यादा सीटों पर आजाद उम्मीदवार ही बढ़त बनाए हुए हैं। ऐसे में सरकार बनाने में ये 10 चेहरे गेमचेंजर साबित हो सकते हैं।
PDP को इस वजह से हुआ नुकसान
जम्मू कश्मीर में 10 साल के बाद चुनाव हुए हैं और ऐसा लग रहा है कि पीडीपी को एक दशक पहले की एक गलती का खामियाजा भुगतना पड़ रहा है। 2015 में पीडीपी ने सरकार बनाने के लिए बीजेपी का हाथ थाम लिया था। हालांकि यह गठबंधन बहुत ज्यादा समय तक नहीं चला। लेकिन इस बार उस फैसले की ‘सजा’ पीडीपी को मिलती दिख रही है। पिछले चुनाव में पीडीपी को 28 सीटें मिली थीं। जबकि बीजेपी को 25 सीटें मिली थीं।
फारूक अब्दुल्ला ने दिए संकेत
चुनावी नतीजों से एक दिन पहले हालांकि नेशनल कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला ने संकेत दिए थे कि जरूरत पड़़ने पर वह पीडीपी से भी समर्थन ले सकते हैं। लेकिन मौजूदा रुझानों में पीडीपी इस स्थिति में भी नजर नहीं आ रही है।