इंडियन क्रिकेटर युजवेंद्र चहल और धनश्री वर्मा अपने तलाक के बाद से चर्चा में बने हुए हैं। दोनों ने आपसी सहमति से बीते दिन गुरुवार को ऑफिशियली तलाक ले लिया है और इसी के साथ दोनों की राहें भी अलग हो गई हैं। इस बीच खुलासा हुआ है कि चहल और धनश्री तीन साल पहले ही अलग हो गए थे। ऐसा हम नहीं कह रहे हैं बल्कि वकील की तरफ से फैमिली कोर्ट में दायर की गई याचिका में कहा गया है। वकील नितिन कुमार गुप्ता ने बताया कि फैमिली कोर्ट ने युजवेंद्र चहल और धनश्री वर्मा द्वारा आपसी सहमति से तलाक वाली संयुक्त याचिका को स्वीकार कर लिया है। दोनों की शादी 2020 में हुई थी। उनकी याचिका के अनुसार वह जून 2022 में अलग हो गए थे।
आपसी सहमति से हुआ तलाक
युजवेंद्र चहल और धनश्री वर्मा ने 5 फरवरी को आपसी सहमति से तलाक की मांग करते हुए फैमिली कोर्ट में संयुक्त याचिका दायर की थी। दोनों बीते दिन गुरुवार को बांद्रा स्थित फैमिली कोर्ट में दाखिल हुए। दरअसल, बॉम्बे हाईकोर्ट ने बुधवार को फैमिली कोर्ट से अनुरोध किया था कि वह तलाक की याचिका पर गुरुवार तक फैसला दे दें क्योंकि चहल आने वाले इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) के चलते मौजूद नहीं रह पाएंगे। बता दें कि IPL टी20 क्रिकेट टूर्नामेंट 22 मार्च से शुरू हो रहा है।
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कोर्ट ने माफ किया कूलिंग पीरियड
बता दें कि हिंदू विवाह अधिनियम के तहत तलाक की याचिका दायर करने के बाद पति और पत्नी को 6 महीने का कूलिंग पीरियड दिया जाता है। हालांकि बॉम्बे हाईकोर्ट ने युजवेंद्र चहल और धनश्री वर्मा के कूलिंग पीरियड को भी माफ कर दिया। ऐसा इसलिए क्योंकि दोनों ने संयुक्त याचिका में मांग की थी कि उनके केस में कूलिंग-ऑफ अवधि को माफ कर दिया जाए क्योंकि उन्होंने आपसी सहमति से तलाक के लिए आवेदन किया है।
वकील नितिन कुमार गुप्ता ने युजवेंद्र चहल और धनश्री वर्मा की तरफ से दायर की गई याचिका पर बात करते हुए बताया कि फैमिली कोर्ट ने दोनों की तलाक की संयुक्त याचिका को स्वीकार कर लिया है। साल 2020 में कोविड के दौरान उनकी शादी हुई थी। उनकी याचिका के अनुसार वह जून 2022 में अलग हो गए थे।