Fastag New Rule: अगर आप फास्टैग (Fastag) का इस्तेमाल करते हैं तो यह खबर आपके लिए काम की हो सकती है। आज (17 फरवरी) से फास्टैग के नए नियम लागू हो गये हैं। फास्टैग में अगर बैलेंस का हुआ या फिर फास्टैग ब्लैकलिस्ट हुआ तो अतिरिक्त जुर्माना लगेगा। सरकार का मकसद टोल प्लाजा पर लगने वाली लंबी कतारों को कम करना और यात्रा को सुगम बनाना है। नए नियमों के अनुसार, फास्टैग डिएक्टिवेट होने पर ट्रांजैक्शन अस्वीकार कर दिया जाएगा। अक्सर फास्टैग से जुड़ी समस्याओं के कारण गाड़ियों की लंबी लाइन लग जाती हैं। लेकिन अब नए नियमों से इस समस्या का हल निकलने की उम्मीद है। नेशनल पेमेंट कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) और सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने ये बदलाव किए हैं। नए बदलावों से टोल भुगतान आसान होगा और धोखाधड़ी रोकने में मदद मिलेगी।
लगेंगे ज्यादा पैसे
---विज्ञापन---
टाइम से करें फास्टैग रिचार्ज
नए NETC दिशानिर्देशों के अनुसार, अगर लेनदेन में देरी होती है और यूजर के फास्टैग खाते में बैलेंस कम है, तो टोल ऑपरेटर जिम्मेदार होगा। पहले यूजर्स टोल बूथ पर ही फास्टैग रिचार्ज कर सकते थे। लेकिन अब यूजर्स को पहले से ही फास्टैग रिचार्ज कराना होगा। इसलिए अपने फास्टैग को पहले से ही रिचार्ज करके रखें। NPCI के आंकड़ों के अनुसार, दिसंबर में फास्टैग लेनदेन की संख्या 6% बढ़कर 38.2 करोड़ हो गई, जो नवंबर में 35.9 करोड़ थी। फास्टैग पॉपुलर हो रहा है क्योंकि इसे इस्तेमाल करना आसान है। यह भी पढ़ें: Hero MotoCorp की सबसे सस्ती बाइक की बिक्री औंधे मुंह गिरी, टॉप 5 से हुई बाहर---विज्ञापन---