Hast Rekha: हथेली की रेखाओं में छिपे धन के संकेत को लेकर लोगों में गहरी जिज्ञासा रहती है. हस्तरेखा शास्त्र के अनुसार, हाथ की बनावट, पर्वत और रेखाएं मिलकर आर्थिक स्थिति का संकेत देती हैं. कौन सी रेखा मजबूत है, किस उम्र में भाग्य साथ देगा और कब आएगी तरक्की, इन सवालों के जवाब हथेली में तलाशे जाते हैं. आइए समझते हैं धन रेखा की स्थिति, समय का आकलन और उससे जुड़े खास संकेत क्या-क्या होते हैं?
हथेली में धन के संकेत
हस्तरेखा शास्त्र एक पारंपरिक विद्या है. इसका वैज्ञानिक प्रमाण सीमित है, फिर भी लोग इसे मानते हैं. जानकार कहते हैं कि हथेली में कोई एक अकेली धन रेखा नहीं होती. कई रेखाएं और पर्वत मिलकर आर्थिक योग बनाते हैं. सबसे अहम माने जाते हैं बुध पर्वत और शनि पर्वत. बुध पर्वत छोटी उंगली के नीचे होता है. शनि पर्वत मध्यमा उंगली के नीचे स्थित रहता है.
धन रेखा की सही जगह
छोटी उंगली के नीचे खड़ी और साफ रेखाएं धन संकेत मानी जाती हैं. यदि ये रेखाएं गहरी हों तो आय के अवसर बढ़ते हैं. कुछ विशेषज्ञ अंगूठे के आधार से हथेली के बीच तक जाने वाली रेखा को भी आर्थिक मजबूती का संकेत मानते हैं. भाग्य रेखा भी महत्वपूर्ण है. यह कलाई से शुरू होकर शनि पर्वत तक जाती है. यह करियर और स्थिर आय को दर्शाती है.
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सफलता और धन का कैलकुलेशन
रेखाओं की शुरुआत से समय का अनुमान लगाया जाता है. अगर भाग्य रेखा कलाई के पास से गहरी दिखे तो माना जाता है कि व्यक्ति 20 से 25 वर्ष की आयु में कमाई शुरू कर देता है. यदि भाग्य रेखा मस्तिष्क रेखा से ऊपर की ओर बढ़ती हो तो 35 वर्ष के बाद बड़ी सफलता मिल सकती है. अगर स्पष्ट रेखाएं हृदय रेखा के ऊपर दिखें तो 50 वर्ष के बाद आर्थिक स्थिरता बढ़ती है.
खास संकेत जो बढ़ाते हैं संभावना
- हथेली के बीच भाग्य रेखा, मस्तिष्क रेखा और स्वास्थ्य रेखा मिलकर त्रिभुज बनाएं तो इसे मनी ट्रायंगल कहा जाता है. इसे बचत और संपत्ति का मजबूत संकेत माना जाता है.
- रेखा साफ हो तो धन का प्रवाह सहज माना जाता है. टूटी या लहरदार रेखाएं उतार चढ़ाव दिखाती हैं.
- शुक्र पर्वत और बृहस्पति पर्वत उभरे हों तो सुख और साधन अच्छे माने जाते हैं.
आपको बता दें कि धन के लिए हथेली की बनावट, रंग और त्वचा की मजबूती भी देखी जाती है. जानकार सलाह देते हैं कि रेखाओं के साथ मेहनत और कौशल भी जरूरी है, क्योंकि केवल संकेत भविष्य तय नहीं करते.
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डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र की मान्यताओं पर आधारित है और केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.
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हथेली में धन के संकेत
हस्तरेखा शास्त्र एक पारंपरिक विद्या है. इसका वैज्ञानिक प्रमाण सीमित है, फिर भी लोग इसे मानते हैं. जानकार कहते हैं कि हथेली में कोई एक अकेली धन रेखा नहीं होती. कई रेखाएं और पर्वत मिलकर आर्थिक योग बनाते हैं. सबसे अहम माने जाते हैं बुध पर्वत और शनि पर्वत. बुध पर्वत छोटी उंगली के नीचे होता है. शनि पर्वत मध्यमा उंगली के नीचे स्थित रहता है.
धन रेखा की सही जगह
छोटी उंगली के नीचे खड़ी और साफ रेखाएं धन संकेत मानी जाती हैं. यदि ये रेखाएं गहरी हों तो आय के अवसर बढ़ते हैं. कुछ विशेषज्ञ अंगूठे के आधार से हथेली के बीच तक जाने वाली रेखा को भी आर्थिक मजबूती का संकेत मानते हैं. भाग्य रेखा भी महत्वपूर्ण है. यह कलाई से शुरू होकर शनि पर्वत तक जाती है. यह करियर और स्थिर आय को दर्शाती है.
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सफलता और धन का कैलकुलेशन
रेखाओं की शुरुआत से समय का अनुमान लगाया जाता है. अगर भाग्य रेखा कलाई के पास से गहरी दिखे तो माना जाता है कि व्यक्ति 20 से 25 वर्ष की आयु में कमाई शुरू कर देता है. यदि भाग्य रेखा मस्तिष्क रेखा से ऊपर की ओर बढ़ती हो तो 35 वर्ष के बाद बड़ी सफलता मिल सकती है. अगर स्पष्ट रेखाएं हृदय रेखा के ऊपर दिखें तो 50 वर्ष के बाद आर्थिक स्थिरता बढ़ती है.
खास संकेत जो बढ़ाते हैं संभावना
– हथेली के बीच भाग्य रेखा, मस्तिष्क रेखा और स्वास्थ्य रेखा मिलकर त्रिभुज बनाएं तो इसे मनी ट्रायंगल कहा जाता है. इसे बचत और संपत्ति का मजबूत संकेत माना जाता है.
– रेखा साफ हो तो धन का प्रवाह सहज माना जाता है. टूटी या लहरदार रेखाएं उतार चढ़ाव दिखाती हैं.
– शुक्र पर्वत और बृहस्पति पर्वत उभरे हों तो सुख और साधन अच्छे माने जाते हैं.
आपको बता दें कि धन के लिए हथेली की बनावट, रंग और त्वचा की मजबूती भी देखी जाती है. जानकार सलाह देते हैं कि रेखाओं के साथ मेहनत और कौशल भी जरूरी है, क्योंकि केवल संकेत भविष्य तय नहीं करते.
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डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र की मान्यताओं पर आधारित है और केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.