Budh Vakri: वैदिक ज्योतिष में ग्रहों के राजकुमार बुध कल 26 फरवरी, 2026 से 21 मार्च, 2026 तक कुंभ राशि में वक्री अवस्था में होकर उल्टी चाल चलेंगे. बुध ग्रह बुद्धि, वाणी, तर्क और व्यापार के कारक माने जाते हैं. जब ये वक्री होते हैं, तो उनकी ऊर्जा भीतर की ओर केंद्रित होती है. कुंभ राशि में बुध की वक्री स्थिति पुरानी योजनाओं को सुधारने, मित्र संबंध मजबूत करने और दीर्घकालिक लक्ष्यों पर ध्यान देने का संकेत देती है. इसलिए इस अवधि में नए बड़े काम शुरू करने से बेहतर है कि आप अपने पुराने कार्यों और संपर्कों की समीक्षा करें और रणनीति बनाएं. ज्योतिषाचार्य हर्षवर्द्धन शांडिल्य बताते हैं कि 3 राशियों के जातकों के लिए यह समय आत्म-चिंतन और सूझ-बूझ से आगे बढ़ने का अनुकूल अवसर है.
कन्या राशि
इस अवधि में कन्या राशि वाले जातकों के लिए बुध वक्री लाभकारी रहेगा. पुरानी योजनाओं और अधूरे कार्यों पर ध्यान देना जरूरी होगा. व्यापार और नौकरी में सोच-समझकर कदम उठाने से अच्छे परिणाम मिल सकते हैं. रिश्तों में हल्की गलतफहमियां हो सकती हैं, इसलिए संवाद में संयम बनाए रखें. पुराने मित्रों से संपर्क बढ़ाने और नेटवर्क मजबूत करने का समय है. यात्रा और बातचीत में सावधानी रखें. इस समय आत्म-चिंतन और रणनीति बनाने से भविष्य में लाभ होगा. साझेदारी और सहयोग के नए रास्ते खुल सकते हैं.
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वृश्चिक राशि
वृश्चिक राशि वालों के लिए बुध वक्री समय सोच-विचार करने का अवसर लेकर आएगा. मन और भावनाओं को नियंत्रित रखने से निर्णय लेने में स्पष्टता आएगी. नौकरी और व्यापार में अचानक निर्णय लेने से बचें. पुराने वादों और अनुबंधों को ध्यान से पढ़ें. नई योजनाओं को लागू करने से पहले विशेषज्ञों की सलाह लेना फायदेमंद रहेगा. परिवार और मित्रों के साथ रिश्ते मजबूत होंगे. वित्तीय मामलों में संतुलन बनाए रखना जरूरी है. स्वास्थ्य और जीवनशैली पर ध्यान देने से ऊर्जा और उत्पादकता बनी रहेगी. यह समय पुरानी गलतियों को सुधारने और भविष्य की रणनीति बनाने के लिए अनुकूल रहेगा.
कुंभ राशि
कुंभ राशि वालों के लिए यह समय अपने लक्ष्यों और योजनाओं की समीक्षा का है. ध्यान और ध्यान केंद्रित करने वाले अभ्यास से मानसिक स्पष्टता बढ़ेगी. पुराने निवेश या व्यापारिक निर्णयों को दोबारा जांचने की जरूरत है. वित्तीय दस्तावेज़ और अनुबंधों की सावधानीपूर्वक समीक्षा से जोखिम कम होगा. सामाजिक संबंधों में सुधार संभव है. परिवार और मित्रों के साथ मेल-जोल बढ़ेगा. नए बड़े निर्णय लेने से बचें, लेकिन पुरानी गलतियों को सुधारने और सीखने का मौका मिलेगा. अपने विचारों को व्यवस्थित करना और धैर्य रखना लाभकारी रहेगा.
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डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र की मान्यताओं पर आधारित है और केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.
Budh Vakri: वैदिक ज्योतिष में ग्रहों के राजकुमार बुध कल 26 फरवरी, 2026 से 21 मार्च, 2026 तक कुंभ राशि में वक्री अवस्था में होकर उल्टी चाल चलेंगे. बुध ग्रह बुद्धि, वाणी, तर्क और व्यापार के कारक माने जाते हैं. जब ये वक्री होते हैं, तो उनकी ऊर्जा भीतर की ओर केंद्रित होती है. कुंभ राशि में बुध की वक्री स्थिति पुरानी योजनाओं को सुधारने, मित्र संबंध मजबूत करने और दीर्घकालिक लक्ष्यों पर ध्यान देने का संकेत देती है. इसलिए इस अवधि में नए बड़े काम शुरू करने से बेहतर है कि आप अपने पुराने कार्यों और संपर्कों की समीक्षा करें और रणनीति बनाएं. ज्योतिषाचार्य हर्षवर्द्धन शांडिल्य बताते हैं कि 3 राशियों के जातकों के लिए यह समय आत्म-चिंतन और सूझ-बूझ से आगे बढ़ने का अनुकूल अवसर है.
कन्या राशि
इस अवधि में कन्या राशि वाले जातकों के लिए बुध वक्री लाभकारी रहेगा. पुरानी योजनाओं और अधूरे कार्यों पर ध्यान देना जरूरी होगा. व्यापार और नौकरी में सोच-समझकर कदम उठाने से अच्छे परिणाम मिल सकते हैं. रिश्तों में हल्की गलतफहमियां हो सकती हैं, इसलिए संवाद में संयम बनाए रखें. पुराने मित्रों से संपर्क बढ़ाने और नेटवर्क मजबूत करने का समय है. यात्रा और बातचीत में सावधानी रखें. इस समय आत्म-चिंतन और रणनीति बनाने से भविष्य में लाभ होगा. साझेदारी और सहयोग के नए रास्ते खुल सकते हैं.
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वृश्चिक राशि
वृश्चिक राशि वालों के लिए बुध वक्री समय सोच-विचार करने का अवसर लेकर आएगा. मन और भावनाओं को नियंत्रित रखने से निर्णय लेने में स्पष्टता आएगी. नौकरी और व्यापार में अचानक निर्णय लेने से बचें. पुराने वादों और अनुबंधों को ध्यान से पढ़ें. नई योजनाओं को लागू करने से पहले विशेषज्ञों की सलाह लेना फायदेमंद रहेगा. परिवार और मित्रों के साथ रिश्ते मजबूत होंगे. वित्तीय मामलों में संतुलन बनाए रखना जरूरी है. स्वास्थ्य और जीवनशैली पर ध्यान देने से ऊर्जा और उत्पादकता बनी रहेगी. यह समय पुरानी गलतियों को सुधारने और भविष्य की रणनीति बनाने के लिए अनुकूल रहेगा.
कुंभ राशि
कुंभ राशि वालों के लिए यह समय अपने लक्ष्यों और योजनाओं की समीक्षा का है. ध्यान और ध्यान केंद्रित करने वाले अभ्यास से मानसिक स्पष्टता बढ़ेगी. पुराने निवेश या व्यापारिक निर्णयों को दोबारा जांचने की जरूरत है. वित्तीय दस्तावेज़ और अनुबंधों की सावधानीपूर्वक समीक्षा से जोखिम कम होगा. सामाजिक संबंधों में सुधार संभव है. परिवार और मित्रों के साथ मेल-जोल बढ़ेगा. नए बड़े निर्णय लेने से बचें, लेकिन पुरानी गलतियों को सुधारने और सीखने का मौका मिलेगा. अपने विचारों को व्यवस्थित करना और धैर्य रखना लाभकारी रहेगा.
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डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र की मान्यताओं पर आधारित है और केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.