पश्चिम बंगाल के राजनीतिक रण में गृह मंत्री अमित शाह ने तीन दिन का सघन दौरा पूरा कर बीजेपी की रणनीति को नया आकार दिया है. अमित शाह ने राज्य में पार्टी की स्थिति, संगठन की मजबूती और वोटरों से जुड़ाव के सभी पहलुओं की समीक्षा की और अब ‘मिशन बंगाल विजय’ का खाका तय हो चुका है. भाजपा का लक्ष्य बंगाल विधानसभा सीटों में से दो-तिहाई सीटों 294 पर जीत है. इस मिशन के लिए गृह मंत्री ने पांच मंत्र दिए हैं, जिसे उन्होंने पार्टी का ‘विजय ब्लूप्रिंट’ बताया है.
कार्यकर्ताओं को अमित शाह के 5 मंत्र
अमित शाह ने कार्यकर्ताओं को निर्देश दिया है कि जब वे जनता के बीच जाएं, तो इन पांच बिंदुओं को मुखरता से उठाएं.
- घुसपैठियों को बाहर निकालना
- ‘वंदे मातरम’ का सम्मान
- ‘जय श्रीराम’ का उद्घोष
- ‘सोनार बांग्ला’ का निर्माण
- बंगाल की खोई हुई विरासत को पुनर्जीवित करना.
ये पांच बिंदु आने वाले महीनों में बीजेपी के हर नारे और जनसभा के केंद्र में होंगे.
यह भी पढ़ें: Kal Ka Mausam: दिल्ली NCR समेत इन राज्यों में घने कोहरे, बारिश का अलर्ट, जानें IMD का वेदर अपडेट
‘घुसपैठ मुक्त बंगाल’ पर जोर
अमित शाह ने साफ कहा है कि ‘घुसपैठ मुक्त बंगाल’ उनकी प्राथमिकता है. उन्होंने आरोप लगाया कि मौजूदा तृणमूल सरकार तुष्टिकरण की राजनीति के कारण इस गंभीर मुद्दे पर चुप है. केंद्रीय एजेंसियों द्वारा भेजी गई रिपोर्ट्स पर स्थानीय पुलिस की निष्क्रियता की भी उन्होंने आलोचना की. अमित शाह ने कहा, ‘सीमा की सुरक्षा और राज्य की स्थिरता, दोनों के लिए बीजेपी सरकार जरूरी है.’
भ्रष्टाचार को जनता तक पहुंचाने का निर्देश
अमित शाह ने कहा कि बंगाल का गौरवशाली इतिहास ही बीजेपी की प्रेरणा है. उन्होंने कार्यकर्ताओं से आग्रह किया कि वे मतदाताओं को यह याद दिलाएं कि बंगाल कभी संस्कृति, साहित्य और समृद्धि का केंद्र था. उन्होंने आगे कहा, ‘हमारा लक्ष्य उस सोनार बांग्ला को फिर से जीवित करना है.’ इसके साथ ही गृह मंत्री ने कार्यकर्ताओं को तृणमूल कांग्रेस सरकार के कथित भ्रष्टाचार को जनता तक पहुंचाने का भी निर्देश दिया.
यह भी पढ़ें: नए साल में विजय की तरफ BJP! दिल्ली में राष्ट्रीय अधिवेशन, बंगाल-तमिलनाडु पर सियासी निशाना









