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उत्तर प्रदेश / उत्तराखंड

नहीं रहे गीता प्रेस गोरखपुर के ट्रस्टी बैजनाथ अग्रवाल, CM योगी ने जताया दुःख, कहा- समाज को अपूरणीय क्षति

Gita Press Gorakhpur Baijnath Agarwal death : गीता प्रेस गोरखपुर के ट्रस्टी रहे बैजनाथ अग्रवाल के निधन पर सीएम योगी ने पर शोक व्यक्त किया है। उन्होंने बैजनाथ के निधन को अपूरणीय क्षति बताया है।

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Edited By : Pratyaksh Mishra Updated: Oct 28, 2023 17:35
Baijnath Agarwal death

Gita Press Gorakhpur Baijnath Agarwal death : गीता प्रेस गोरखपुर के ट्रस्टी बैजनाथ अग्रवाल का शनिवार सुबह को निधन हो गया। उनके निधन पर सीएम योगी ने पर शोक व्यक्त किया है। उन्होंने एक्स पर एक पोस्ट में कहा कि बैजनाथ अग्रवाल के निधन से समाज को अपूरणीय क्षति हुई है। योगी ने कहा गीता प्रेस, गोरखपुर के ट्रस्टी श्री बैजनाथ अग्रवाल का निधन अत्यंत दुखद है, पिछले 40 वर्षों से गीता प्रेस के ट्रस्टी के रूप में बैजनाथ जी का जीवन सामाजिक कार्यों के लिए समर्पित रहा है। सीएम योगी ने कहा कि उनके निधन से समाज को अपूरणीय क्षति हुई है। प्रभु श्री राम दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें तथा शोक संतप्त परिजनों एवं समस्त गीता प्रेस परिवार को इस अपार क्षति को सहने की शक्ति दें।


गीता प्रेस को मिला था गांधी शांति पुरस्कार

केंद्र सरकार ने इस वर्ष की शुरुआत में गीता प्रेस, गोरखपुर को वर्ष 2021 के लिए गांधी शांति पुरस्कार से सम्मानित किया था। बता दें कि गांधी शांति पुरस्कार भारत सरकार द्वारा 1995 में महात्मा गांधी की 125 वीं जयंती के अवसर पर महात्मा गांधी द्वारा अपनाए गए आदर्शों के प्रति श्रद्धांजलि के रूप में स्थापित एक वार्षिक पुरस्कार है।

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दुनिया के सबसे बड़े प्रकाशकों में से एक

पुरस्कार में 1 करोड़ रुपये की राशि, एक प्रशस्ति पत्र, एक पट्टिका(plaque) और एक उत्कृष्ट पारंपरिक हस्तशिल्प/हथकरघा वस्तु शामिल है। प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता वाली जूरी ने 18 जून, 2023 को उचित विचार-विमर्श के बाद सर्वसम्मति से सामाजिक और आर्थिक क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए गीता प्रेस, गोरखपुर को वर्ष 2021 के गांधी शांति पुरस्कार के प्राप्तकर्ता के रूप में चुनने का निर्णय लिया था। 1923 में स्थापित गीता प्रेस दुनिया के सबसे बड़े प्रकाशकों में से एक है, जिसने 14 भाषाओं में 41.7 करोड़ किताबें प्रकाशित की हैं, जिनमें 16.21 करोड़ श्रीमद्भगवद गीता भी शामिल है। (एएनआई)

First published on: Oct 28, 2023 05:34 PM
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