Rohit Sharma News: आज जब हम भारतीय क्रिकेट को देखते हैं, तो एक चेहरा ऐसा नजर आता है जिसे देखकर सुकून भी मिलता है और एक अजीब सा दर्द भी होता है. वो चेहरा है रोहित शर्मा का. रोहित सिर्फ एक खिलाड़ी नहीं हैं, वो एक एहसास हैं. एक ऐसा कप्तान, एक ऐसा बल्लेबाज जिसने भारतीय क्रिकेट को अपना सब कुछ दिया, लेकिन बदले में तकदीर ने उन्हें कई बार सिर्फ आखिरी मोड़ पर आकर आंसू दिए.
आज जब रोहित के करियर या भविष्य को लेकर तमाम तरह की बातें हो रही हैं, तो दिल सिर्फ एक ही बात कहता है, शायद रोहित की कहानी का सबसे बड़ा और सबसे खूबसूरत पन्ना अभी लिखा जाना बाकी है. मुझे कोई बताए कि आखिर क्यों, हर दिन कयासों के बाजार गर्म रहते हैं. रोज़ एक ही सवाल उठता है, कि क्या ‘रोहित शर्मा 2027 वर्ल्ड कप नहीं खेलेंगे, क्या रोहित इस चुनौती के लिए नाकाबिल हैं ?’ सवाल ये है कि क्यों कुछ लोगों ने सिर्फ रोहित की उम्र के आंकड़ों को उनकी काबिलियत का पैमाना मान लिया है?
2023 की कसक, 2027 की उम्मीद
मेरी नज़र में यहां बात सिर्फ आंकड़ों की नहीं है, बात भावनाओं की भी है. रोहित शर्मा ने कई मौकों पर, भरे मन और ईमानदारी से अपने एक अधूरे ख्वाब का इजहार किया है. रोहित ने खुलकर कहा था कि बचपन से उन्होंने सिर्फ एक ही सपना देखा था, ‘भारत के लिए वनडे वर्ल्ड कप जीतना, तब टी20 वर्ल्ड कप या चैंपियंस ट्रॉफी तो होती ही नहीं थी’. 2011 में जब भारत विश्व विजेता बना, तब रोहित बदकिस्मती से चोट के कारण उस टीम का हिस्सा नहीं थे. एक युवा खिलाड़ी के दिल पर उस वक्त क्या गुजरी होगी, इसका अंदाजा लगाना मुश्किल नहीं है.
पिछले 2023 के वनडे वर्ल्ड कप का फाइनल तो याद ही होगा, टीम इंडिया खिताब के करीब आकर चूक गई. आज भी उस अधूरी कसक को रोहित के चेहरे पर साफ पढ़ा जा सकता है. यह भूख किसी पर्सनल रिकॉर्ड की नहीं है, अपने करियर में रोहित इतने शतक, रन और रिकॉर्ड बना चुके हैं कि उन्हें किसी को कुछ साबित करने की जरूरत नहीं है. लेकिन कसक है कि वनडे वर्ल्ड कप जीतने का वो सपना आज भी अधूरा है. नकारात्मक सोच वाले दलील देंगे कि हर ख्वाब पूरा नहीं होता, और ये तो आसान भी नहीं. लेकिन जब एक खिलाड़ी के अंदर इतनी बेइंतहा भूख बची हो, जब एक दिग्गज खुद को इसके लिए झोंकने को तैयार हो तो मन में यह हिचकिचाहट क्यों है?
साउथ अफ्रीकी बिसात पर तजुर्बे का ‘ब्रह्मास्त्र’
2027 का वर्ल्ड कप साउथ अफ्रीका और जिम्बाब्वे की पिचों पर होना है, उम्मीद है कि भारतीय टीम अपने ज्यादातर मैच अफ्रीका में ही खेलेगी. जहां की तेज और अप्रत्याशित उछाल वाली पिचों पर खेलने का तजुर्बेकार सलीका किसी बाजार में नहीं मिलेगा. बीसीसीआई का ‘युवा विज़न’ अपनी जगह सही हो सकता है, लेकिन वनडे जैसा धैर्यशील फॉर्मेट सिर्फ युवा जोश के दम पर नहीं जीता जा सकता.
माना कि 39 साल के हो चुके रोहित शर्मा को लेकर कुछ सवाल जरूर हैं, लेकिन इतिहास गवाह है कि इमरान खान और सनथ जयसूर्या जैसे दिग्गजों ने इसी उम्र की ढलान पर दुनिया को अपनी उंगलियों पर नचाया था. हम अक्सर नए खिलाड़ियों की तरफ बहुत जल्दी आकर्षित हो जाते हैं. यहां तुलना में किसी युवा खिलाड़ी का नाम नहीं लूंगा क्योंकि आने वाले कल की बात करना अच्छी बात है, लेकिन फ्यूचर बनाने के चक्कर में हम अपने आज को नहीं भूल सकते. जब दबाव सातवें आसमान पर होता है, तब अनुभव ही काम आता है. रोहित ने अपने करियर में उतार-चढ़ाव के इतने समंदर पार किए हैं कि उन्हें पता है कि ‘पैनिक’ सिचुएशन को कैसे संभालना है.
फिटनेस की कसौटी पर परख जरूरी
चर्चाएं तो विराट कोहली को लेकर भी होती थीं, जिन्हें एक सही फैसले के तहत उनकी असाधारण फिटनेस को देखते हुए भविष्य का ‘बायपास’ मिल चुका है. मगर रोहित के साथ क्या सौतेला दृष्टिकोण रखा जा रहा है? कुछ वक्त पहले उनके बड़े हुए वजन को लेकर मज़ाक उड़ाया जाता था. फिर एक मौन तपस्वी की तरह रोहित ने अपनी फिटनेस पर दिन-रात काम किया, वजन घटाया और आलोचकों के मुंह पर करारा तमाचा जड़ा. लेकिन आज भी रोहित सवालों के घेरे में हैं.
सबसे अफसोसजनक पहलू यह है कि हेड कोच गौतम गंभीर और मुख्य चयनकर्ता अजीत अगरकर की छत्रछाया में भी रोहित के भविष्य को लेकर अटकलों का बाजार गर्म है. हर रोज की तथाकथित मीडिया रिपोर्ट्स एक ऐसी अदृश्य मानसिक प्रताड़ना का माहौल तैयार कर रही है, जिसे रोकना तुरंत ज़रूरी है. कल क्या होगा कोई नहीं जानता लेकिन यहां दोनों को खुद रोहित से सीधे संवाद करना चाहिए. उन्हें ये अटूट विश्वास दिलाना चाहिए कि – ‘रोहित, आप इस रेस का अभिन्न हिस्सा हैं, और जब तक आपकी फॉर्म और फिटनेस साथ है, आप रेस में रहेंगे.
ये भी पढ़ें: वैभव सूर्यवंशी समेत इस दिग्गज की हो सकती है टीम इंडिया में एंट्री, सामने आया बड़ा अपडेट
रोहित ने बदली है टीम इंडिया की पहचान
वनडे फॉर्मेट में रोहित शर्मा के नाम तीन दोहरे शतक हैं, जो यह बताने के लिए काफी हैं कि वो कितने बड़े ‘मैच विनर’ हैं, ‘हिटमैन’ की पहचान इसकी बानगी है. दुनिया जानती है कि कप्तानी मिलने के बाद रोहित ने टीम के लिए खुद को पूरी तरह बदल दिया. उन्होंने अपने पर्सनल माइलस्टोन, अपने शतकों की परवाह करना छोड़ दिया. वो जानते थे कि अगर टीम को बडे़ मैचों में जीतना है, तो शुरुआत में आकर विरोधी गेंदबाजों पर हावी होना पड़ेगा.
ये भी पढ़ें: ट्राई सीरीज के लिए BCCI बदलेगी टीम इंडिया का स्क्वाड! RCB कप्तान को मिल सकता है बड़ा मौका
रोहित ने मैच कंडीशंस और विरोधियों की परवाह किए बिना, आते ही बिना किसी डर चौके-छक्कों की ऐसी झड़ी लगानी शुरू की जो आज भारतीय टीम की पहचान बन गई है. रोहित ने भारतीय क्रिकेट को निस्वार्थ भाव से खेलना सिखाया है. वक्त आ गया है कि इस उधेड़बुन को खत्म किया जाए. रोहित को किसी की ‘कृपा’ या ‘एहसान’ की दरकार नहीं, उन्हें आज़ाद छोड़ दीजिए. टीम का चयन ज़रूरत और काबिलीयत के दम पर हो, ना कि किसी व्यक्ति विशेष के खास एजेंडे के तहत.
ये भी पढ़ें: कप्तानी से क्यों हटाए जा रहे हैं सूर्यकुमार यादव? सामने आई 3 बड़ी वजह
क्यों अधूरी नहीं रह सकती यह कहानी?
भारतीयों के लिए क्रिकेट सिर्फ आंकड़ों का खेल नहीं है. ऐसा होता, तो हम मशीनों से प्यार करते, इंसानों से नहीं. हम रोहित शर्मा से इसलिए प्यार करते हैं क्योंकि वो हमारी तरह हैं. वो अपनी भावनाएं छुपा नहीं पाते, जब वो जीतते हैं तो उनकी मुस्कान सबसे खूबसूरत होती है, और जब वो हारते हैं तो उनका मायूस चेहरा करोड़ों लोगों को उदास कर देता है. रोहित की इस कहानी का अंत इस तरह मायूसी या किसी अधूरी टीस के साथ नहीं हो सकता.
ये भी पढ़ें: भारतीय खिलाड़ियों के रिटायरमेंट पर लगने वाली है नई शर्तें, BCCI ने तैयार किया ब्लूप्रिंट
ऐसे करोड़ों भारतीय फैंस चाहते हैं कि जब रोहित शर्मा इस खेल को अलविदा कहें, तो उनके हाथों में वो चमचमाती हुई वर्ल्ड कप की ट्रॉफी हो, उनके चेहरे पर एक सुकून वाली मुस्कान हो और पूरा देश उनके सम्मान में खड़ा होकर तालियां बजा रहा हो. रोहित शर्मा को मौका इसलिए मिलना चाहिए क्योंकि भारतीय क्रिकेट के इतिहास को इस ‘हिटमैन’ के लिए एक परफेक्ट हैप्पी एंडिंग लिखनी ही होगी. यह सिर्फ रोहित की जरूरत नहीं है, यह हर उस भारतीय क्रिकेट फैन की जिद है जो क्रिकेट को एक खेल नहीं, बल्कि अपनी जिंदगी मानता है.
ये भी पढ़ें: टीम इंडिया के नए T20 कप्तान का इस दिन होगा ऐलान! सूर्यकुमार यादव का पत्ता कटना तय?
संबंधित खबरें
IND vs WI: वैभव सूर्यवंशी को लगातार चौथे मैच में नहीं मिली जगह
35 mins agoरवींद्र जडेजा ने अच्छा प्रदर्शन करके टीम इंडिया की खत्म कर दी परेशानी
47 mins agoIND vs NZ: टीम इंडिया के टेस्ट स्क्वाड में हो सकता है बड़ा बदलाव
1 hr agoLIVE: वेस्टइंंडीज की अच्छी शुरुआत, शाई होप और ज्वेल एंड्रयू क्रीज पर
1 hr agoIND vs WI: हैदराबाद में ईशान किशन का धांसू रिकॉर्ड
1 hr agoIPL 2027 से पहले हुआ एक और ट्रेड, SRH में हुई नटराजन की वापसी
1 hr ago3 भारतीय गेंदबाजों को ICC रैंकिंग में हुआ नुकसान, टॉप-10 से बाहर हुए बुमराह
2 hrs agoन्यूजीलैंड दौरे के लिए 23 साल के ऑलराउंडर की होगी ODI टीम में एंट्री!
2 hrs agoपाकिस्तान के साहिबजादा फरहान ने अभिषेक शर्मा को छोड़ा पीछे
3 hrs agoचेतेश्वर पुजारा हुए श्रेयस अय्यर के मुरीद, कप्तानी की तारीफ में पढ़े कसीदे
3 hrs agoन्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।
First published on:
Know More: Editorial Guidelines