Deepak Pandey
मैं 12 साल से पत्रकारिता से जुड़ा हुआ हूं। दैनिक जागरण और हिंदुस्तान समेत कई संस्थानों में काम कर चुका हूं। इस वक्त न्यूज 24 डिजिटल में कार्यरत हूं।
Read More---विज्ञापन---
First Phase Voting (अमर देव पासवान) : पश्चिम बंगाल के जलपाईगुड़ी संसदीय क्षेत्र से एक हैरान करने वाली घटना सामने आई है। सिलीगुड़ी के एक बूथ में बसंती दास नाम की एक बुजुर्ग महिला वोट डालने के लिए आई। जब वह बूथ के अंदर गई तो उसे पता चला कि उनका नाम वोटर लिस्ट में नहीं है, क्योंकि वह सरकारी खाते में मर चुकी है।
यह मामला धूपगुड़ी नगरपालिका के वार्ड नंबर सात का है। यहां के वैराथिगुड़ी हाई स्कूल में बसंती दास का मतदान केंद्र है। अगर महिला की मानें तो वह मतदान करने के लिए कई घंटों तक लाइन में खड़ी रही। जब मतदान करने की बारी आई तो उसे वोट डालने नहीं दिया गया। उसे बताया गया कि मतदाता सूची में उसका नाम नहीं है। वह सरकारी कागज में मर चुकी है, लेकिन वह जिंदा है। इसके बाद बसंती दास आंखों में आंसू लेकर मतदान केंद्र से वापस आ गई।
सरकारी कागज में मर चुकी है महिला
मतदान ड्यूटी पर तैनात पीठासीन अधिकारी ने कहा कि मतदाता सूची में नाम नहीं है, इसलिए वह वोट नहीं डाल सकती है। ऐसे में उस बुजुर्ग महिला को वापस भेज दिया गया है। बुजुर्ग महिला के बेटे उज्ज्वल दास का कहना है कि मां अकेले वोट देने गई थी। पोलिंग बूथ पर कहा गया कि तुम्हारा नाम नहीं है, तुम मर गई हो। मां ने बाहर आकर मुझे बताया। जब उन्होंने दोबारा बात की तो उन्होंने कहा कि नाम की जगह मृत लिखा हुआ है। बाद में इस मामले पर कार्रवाई की जाएगी। मां करीब डेढ़ घंटे तक मतदान की लाइन में खड़ी रही और वोट नहीं दे सकी।
जिला प्रशासन ने जांच का दिया आश्वासन
बसंती देवी ने आंखों में आंसू भरकर कहा कि मैं वार्ड नंबर सात की रहने वाली हूं। मैं साढ़े सात बजे वोट देने गई थी, लेकिन काफी देर तक लाइन में खड़े रहने के बाद भी वोट नहीं डाल पाई। कहा गया है कि सरकार के खाते में नाम नहीं है। हमने जिला प्रशासन के कार्यालय को फोन किया तो उन्होंने कहा कि इस बार आप वोट नहीं डाल सकती हैं। इस मामले में जांच के बाद कार्रवाई होगी।
न्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।