हमारे साथ जुड़ें X IG YT FB
Trending: CJP ProtestGyanesh KumarSIRBigg Boss 20

एक कब्रिस्तान, जहां से रात के अंधेरे में गायब हो रहीं लाशें

West Bengal Human Skeleton Trafficking: पश्चिम बंगाल में रात के अंधेरे में कब्र से लाशों निकालकर कोई ले गया। पुलिस ने जांच शुरू की है तो सुराग मिला कि कब्रों से लाशें चुराने वाले गिरोह ने लाश चुराई है। यह गिरोह लाशों को कंकाल में बदलकर भारत और विदेशों में उनकी तस्करी करता है। यह धंधा देश में काफी बड़े पैमाने पर होता है।

विज्ञापन
पश्चिम बंगाल के कब्रिस्तान से फिर से लाश चोरी होने की घटना सामने आई है।

Dead Bodies Missing From Kolkata Graveyard (अमर देव पासवान, पश्चिम बंगाल): पश्चिम बंगाल के कोलकाता में मुर्शिदाबाद जिले के फरक्का सूती थाना मे तहत आने वाले अमुहा गांव के कब्रिस्तान से एक शख्स की लाश रातों-रात गायब हो गई। शाम को 77 वर्षीय मानिक चंद्र दास को दफन किया गया और अगले दिन सुबह लाश गायब हो गई, जिसकी लिखित शिकायत मृतक के बेटे शुशांत दास ने सूती थाना में दर्ज कराई है।

सुशांत ने बताया कि उसके पिता मानिक चंद्र दास की मृत्यु घर में बीमारी से हुई थी। मुख अग्नि करके उसने अपने मृत पिता की लाश को अपने घर के पास कब्रिस्तान मे दफ़न कर दिया। अगले दिन पता चला कि पिता की कब्र खुदी हुई है और उसमें से लाश गायब है।

यह भी पढ़ें: BJP वर्कर की हत्या, शव के टुकड़े करके ड्रम में भरे; फ्लैट में अकेली रहती थी 70 साल की बुजुर्ग

विज्ञापन

लकड़ी की कमी के कारण दफनाए जाते शव

फरक्का के SDPO कौशिक बसाक का कहना है कि वह मामले की गंभीरता से जांच करवा रहे हैं। अमुहा शमसान घाट के दायरे में आने वाली 551 पंचायतें दाह संस्कार के बाद मृतकों का मृत्यु प्रमाण पत्र जारी करती है।

समिति के सदस्य फूलचंद दास की अगर मानें तो लकड़ी की कमी होने के कारण शवों को जलाकर अंतिम संस्कार नही किया जाता, बल्कि सरकारी जमीनों पर शवों को दफ़न कर दिया जाता है। हाल ही में 3 शवों को दफ़न किया गया था, लेकिन तीनों लाशें गायब हो गईं। 8 से 9 महीने पहले भी क़ब्र से लाशों की चोरी होने की घटनाएं हुई थीं।

विज्ञापन

यह भी पढ़ें: ‘मुक्के-थप्पड़ मारती है, मुझे मेरी पत्नी से बचाओ’; सूजे हुए चेहरे के साथ थाने पहुंचा पति, दर्ज कराई FIR

करोड़ों कमाने के लालच में किया जाता धंधा

विज्ञापन

तृणमूल कांग्रेस नेता अर्जुन मंडल कहते हैं कि इलाके से लाशों की चोरी होने की घटना कोई नई बात नहीं है। कदम तल्ला के रहने वाले विकास दास नामक व्यक्ति का शव भी चोरी हो गया था। पुलिस को लगा कि क़ब्र से कोई जानवर लाशों को रात के अंधेरे मे ले जाता होगा, पर इस तरह की घटना का कोई प्रमाण नही मिला कि क़ब्र से लाशों को कोई जानवर ले जाए। इससे पुलिस का शक लाशें चुराने वाले गिरोह की तरफ जाता है।

कोलकाता में यंग ब्रदर्स समेत कई कम्पनियां हैं, जो मानव कंकालों को देश के विभिन्न मेडिकल कॉलेजों के साथ-साथ विदेशों तक सप्लाई करने का काम करती थी, जिससे उन्होंने प्रतिवर्ष करीब एक मिलियन डॉलर कमाए। कम समय मे ज्यादा पैसे कमाने की लालच मे इस धंधे से कई लोग जुड़ गए और बंगाल की कब्रों से रात के अंधेरे मे मुर्दे गायब होने लगे।

विज्ञापन

यह भी पढ़ें: 2 युवकों से कराया पत्नी का गैंगरेप, पति बोला- 6 साल से मां नहीं बन रही थी, क्या करता?

जलती चिता से लाश निकालकर ले जाते लुटेरे

भारत मे मानव कंकाल के निर्यात पर 1980 के दशक के मध्य मे प्रतिबंध लगा दिया गया था। बावजूद उसके यह धंधा अंदरखाते चोरी छिपे फल-फूल रहा है। कब्रों के लुटेरों के लिए किसी भी क़ब्र तक पहुंचना ज्यादा मुश्किल काम नहीं। कई बार गिरोह के सदस्य मृतक के जनाजे में भी शामिल होते हैं, ताकि वे कब्र की पहचान कर सकें। गिरोह के सदस्य जलती चिता से भी लाशें निकालकर ले जाते हैं।

विज्ञापन

शवों से हड्डियों को अलग करने के लिए वे शवों को नदी की गहराई मे बांधकर रख देते हैं। एक से दो सप्ताह के बाद उन शवों के सड़े गले मांस और हड्डियों को अलग किया जाता है, जिसके बाद कांकालों को कास्टिक सोडा डालकर पानी मे उबाला जाता है, जिससे हड्डियों से मांस पूरी तरह अलग हो जाता है।

यह भी पढ़ें: छाती पर चढ़ा..सामान फेंका..गिड़गिड़ाता रहा, पर उसे रहम नहीं आया, दिव्यांग से मारपीट का Video

विज्ञापन

तांत्रिक नरमुंड के बदले देते अच्छे-खासे पैसे

हड्डियों से पीलापन हटाने के लिए हाइड्रोक्लोरिक एसिड में भिगोकार हफ्तेभर के लिए सूरज की रोशनी मे सूखने के लिए रख दिया जाता है। इसके बाद मानव कंकाल पूरी तरह सफ़ेद और साफ सुथरा हो जाता है, जिसे पैक करके अवैध रूप से तस्करी भारत के साथ-साथ विदेशों में कर दी जाती है। भारत में कई तांत्रिक हैं, जो नरमुंड खरीदने के लिए तस्करों के लगातार संपर्क में रहते हैं।

विज्ञापन

जांघ और हाथ की हड्डियों की भी तांत्रिक डिमांड करते हैं, जिसके अच्छे खासे पैसे वह मानव कंकाल तस्करों को देते हैं। यहां तक कि ताज़ा लाशों की भी अच्छी खासी डिमांड है और ऑर्डर के अनुसार, तस्कर कब्रों से लाशों की चोरी करके उसकी तस्करी करते हैं। ऐसे में लाश चोरी होने का ताजा मामला सामने आने पर पर पुलिस यह पता लगा रही है कि कहीं बंगाल में मानव कंकाल तस्करों ने तो वारदात को अंजाम नहीं दिया।

यह भी पढ़ें: ‘सबको मार दूंगी, जलाकर रख कर दूंगी’: 60 साल की महिला के खौफनाक मंसूबे, बताया क्यों-कैसे रची साजिश?

संबंधित खबरें

Tags:

न्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

Know More: Editorial Guidelines

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Khushbu Goyal

खुशबू गोयल News24 हिंदी डिजिटल में चीफ सब एडिटर के पद पर कार्यरत हैं. वेब जर्नलिज्म में 13 साल का अनुभव रखने वाली खुशबू गोयल राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और राज्यस्तरीय न्यूज और चुनावी कवरेज करती हैं. खुशबू गोयल ने अक्टूबर 2013 में अमर उजाला डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत की थी, जहां 7 साल सेवाएं देने के बाद साल नवंबर 2020 में दैनिक भास्कर डिजिटल जॉइन किया और सितंबर 2023 से News24 के डिजिटल में सेवाएं दे रही हैं. 13 साल के करियर में खुशबू गोयल ने नेशनल, इंटरनेशनल, पॉलिटिकल, क्राइम टॉपिक कवर करने में विशेषज्ञता हासिल की. खुशबू गोयल का पत्रकारिता में अनुभव: 13 साल योग्यता: कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के IMC&MT इंस्टीट्यूट से मास्टर ऑफ कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म (MJ) के बाद जर्नलिज्म में MPhil की डिग्री ली. खुशबू गोयल ने 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव की विस्तृत रिपोर्टिंग की है, जिसमें उन्हें ग्राउंड कवरेज करने का भी अनुभव है. इसके अलावा पिछले 13 साल में विभिन्न राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव को भी उन्होंने फील्ड रिपोर्टिंग के साथ कवर किया.
... और पढ़ें

ताज़ा खबरें

Sponsored Links by Taboola