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कैप्टन अंशुमन की विधवा स्मृति पेशे से इंजीनियर, मां-बाप प्रिंसिपल…पति की शहादत से 5 महीने पहले हुई थी शादी

Smriti Profile Profession Family Background: कैप्टन अंशुमन सिंह ने स्मृति के साथ लव मैरिज की थी। दोनों की प्रेम कहानी 8 साल चली। 5 महीने ही हुए थे शादी को कि सुहाग उजड़ गया। आज स्मृति मायके में रहती हैं। आइए जानते हैं उनके बारे में सब कुछ...

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Captain Anshuman Singh Wife Smriti Profile: देश के लिए अपनी जान गंवाने वाले कैप्टन अंशुमन सिंह को कीर्ति चक्र से सम्मानित किया गया है। गत 5 जुलाई को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने अलंकरण समारोह में बलिदान कैप्टन के परिवार को अवार्ड प्रदान किया। कैप्टन अंशुमन की पत्नी स्मृति और मां मंजू सिंह ने अवार्ड ग्रहण किया, लेकिन अवार्ड ग्रहण करने के बाद स्मृति सुर्खियों में आ गईं। पहले तो अवार्ड लेते समय स्मृति को भावुक देखकर देशवासी भावुक हो गए।

इसके बाद मीडिया से बात करते जब स्मृति ने अंशुमन के साथ अपनी प्रेम कहानी, उनसे हुई आखिरी बातचीत के बारे में बताया तो उस समय के माहौल ने देशवासियों को और भावुक कर दिया। स्मृति के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने लगे। देशवासी स्मृति के प्रति सहानुभूति दिखाने लगे। इस बीच दिल तोड़ने वाली खबर सामने आई। दिल्ली के अहमद ने स्मृति की मेडल लेते हुए फोटो पर अश्लील कमेंट कर दिया। फिर अंशुमन के मां-बाप ने स्मृति ने गंभीर आरोप लगाए, जिन पर पलटवार करते हुए स्मृति ने अपना पक्ष रखा। फिलहाल मामला चर्चा में है, इस बीच आइए स्मृति के बारे में जानते हैं…

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पंजाब के गुरदासपुर की रहने वाली स्मृति सिंह

उत्तर प्रदेश के देवरिया के लार विकास खंड के बरडीहा दलपत गांव निवासी कैप्टन अंशुमन सिंह की पत्नी स्मृति सिंह पंजाब के गुरदासपुर जिले के दीनानगर की रहने वाली हैं। उनके पिता का नाम राजेश सैनी है। उनके माता-पिता दोनों प्रिंसिपल हैं। स्मृति ने इंजीनियरिंग की हुई है और अंशुमन से उसकी मुलाकात इंजीनियरिंग करते हुए हुई थी। 8 साल दोनों की प्रेम कहानी चली। फरवरी 2023 में शादी हुई, लेकिन 2 महीने बाद ही अंशुमन की पोस्टिंग सियाचिन में हो गई।

जुलाई 2023 में अंशुमन बलिदान हो गए। आज स्मृति अंशुमन की विधवा हैं। मायके में रहती हैं और स्कूल में बच्चों को पढ़ा रही हैं। 19 जुलाई 2023 को सियाचिन में हुए अग्निकांड में लोगों की जान बचाते हुए अंशुमन झुलस गए थे। अस्पताल में उपचार के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया था। 26 जनवरी 2024 को अंशुमन को उनकी बहादुरी के लिए कीर्ति चक्र अवार्ड देने का ऐलान किया गया। गत 5 जुलाई को अंशुमन की पत्नी और मां ने अवार्ड रिसीव किया।

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यह भी पढ़ें: बेटा नहीं रहा, बहू छोड़ गई, इज्जत भी गंवाई…बलिदानी कैप्टन अंशुमन सिंह के मां-बाप क्यों हुए स्मृति के खिलाफ?

 

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First published on: Jul 12, 2024 12:29 PM

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About the Author

Khushbu Goyal

खुशबू गोयल ने कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी के IMC&MT इंस्टीट्यूट से पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएशन एवं Mphil कोर्स किया है। पिछले 12 साल से डिजिटल मीडिया इंडस्ट्री में अपनी पहचान बना रही हैं। वर्तमान में BAG Convergence Limited के News 24 Hindi डिजिटल विंग से बतौर चीफ सब एडिटर जुड़ी हैं। यहां खुशबू नेशनल, इंटरनेशनल, लाइव ब्रेकिंग, पॉलिटिक्स, क्राइम, एक्सप्लेनर आदि कवर करती हैं। इससे पहले खुशबू Amar Ujala और Dainik Bhaskar मीडिया हाउस के डिजिटल विंग में काम कर चुकी हैं।

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