---विज्ञापन---

देश angle-right

8 साल का प्यार, 5 महीने की शादी, अब सफेद साड़ी…पति कैप्टन अंशुमन से क्या हुई आखिरी बात? रुला देगा स्मृति का वीडियो

Captain Anshuman Singh Wife Video: कैप्टन अंशुमन की पत्नी स्मृति का वीडियो वायरल हुआ है, जिसमें वे पति से हुई आखिरी बात और अपनी लव स्टोरी बता रही हैं। इस वीडियो को देखकर और स्मृति की बातें सुनकर एक बार आपकी आंखें भी नम हो जाएंगी।

---विज्ञापन---

Captain Anshuman Singh Wife Emotional Video: कॉलेज में प्यार हुआ, 8 साल हमारी लव स्टोरी चली, 5 महीने पहले ही शादी हुई थी, लेकिन सोचा नहीं था कि अचानक और इस तरह मेरी मांग का सिंदूर मिट जाएगा। अब मेरे पास सिर्फ उनकी यादें हैं। 8 साल 5 महीने की यादें, इन्हीं के सहारे अपनी जिंदगी गुजार दूंगी। उनके सपनों को पूरा करुंगी। 18 की रात को आखिरी बात हुई थी, पर्सनल बातें हुई और कुछ फ्यूचर से जुड़ी बातें हुईं, लेकिन 19 की सुबह सारे सपने टूट गए।

एक फोन आया, जिससे वो बुरी खबर मिली और एक रात में मेरी जिंदगी बदल गई। लाल जोड़ा सफेद साड़ी में बदल गया, मांग का सिंदूर मिट गया। सपनों का आशियाना बनाना था, उससे पहले वे तिरंगे में लिपटकर आ गए। ये रुला देने वाली कहानी, उस लड़की स्मृति ने सुनाई, जिसके बलिदानी पति कैप्टन अंशुमन को उनकी बहादुरी के लिए राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कीर्ति चक्र देकर सम्मानित किया। स्मृति का वीडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है, जिसे सुनकर आपकी आंखें भी नम हो जाएंगी। आप भी उस जांबाज लड़की को सलाम करेंगे, जिसने सबकुछ खोकर भी जीना सीख लिया।

---विज्ञापन---

 

स्मृति ने बताया कैसे बलिदान हुए पति अंशुमन?

अपनी कहानी सुनाते हुए स्मृति ने बताया कि उनके पति कैप्टन अंशुमन कैसे बलिदान हुए? अंशुमनपंजाब रेजिमेंट की 26वीं बटालियन में थे। वे भारतीय सेना के मेडिकल कोर में डॉक्टर थे। जुलाई 2023 में वे ऑपरेशन मेघदूत का हिस्सा बने। सियाचिन में बतौर मेडिकल ऑफिसर नियुक्ति मिली। 18 जुलाई को उनसे आखिरी बात हुई थी। नए घर, बच्चों और फ्यूचर को लेकर कई प्लान बनाए थे। इतनी बातें की, जितनी पिछले 5 महीने में नहीं की थी।

---विज्ञापन---

19 जुलाई 2023 की सुबह करीब 3 बजे सियाचिन में आर्मी कैंप में हथियार रखने वाली जगह भीषण आग लग गई। इस आग से हुए धमाकों के बाद भड़की आग ने आस-पास बने मकानों को चपेट में ले लिया था। ऐसे ही एक मकान में फंसे लोगों को बचाते हुए कैप्टन अंशुमन ने अपनी जान गंवाई। उन्होंने लोगों को बचा लिया, लेकिन खुद बुरी तरह झुलस गए। सुबह 7 बजे अंशुमन के बलिदानी होने की खबर आ गई और पूरे परिवार की जिंदगी बदल गई।

 

---विज्ञापन---

---विज्ञापन---

शादी के 2 महीने बाद अंशुमन चले गए थे सियाचिन

स्मृति ने बताया कि अंशुमन शादी के 2 महीने बाद ही सियाचिन चले गए थे। ऐसे में शादी के बाद हम सिर्फ 2 महीने साथ रहे, 3 महीने से फोन पर ही बात हो रही थी। इंजीनियरिंग कॉलेज में पहली मुलाकात हुई थी। पहली नजर में मुझे वे पसंद आए थे, लेकिन सिर्फ एक महीना मुलाकातों का सिलसिला चला, फिर वे मेडिकल कॉलेज में एडमिशन लेने चले गए। एक दिन फोन आया, उसके बाद 8 साल बातें-मुलाकातें हुई।

परिवार को दोनों ने बता रखा था और वे शादी के मान गए थे। शादी हुई और 2 महीने खूब घूमे, परिवार के साथ समय बिताया। फिर अंशुमन सियाचिन चले गए। 18 जुलाई 2023 को आखिरी बात बात हुई। 19 जुलाई को वे बलिदानी हुए। 22 जुलाई 2023 को उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले के भागलपुर में अंशुमन को आखिरी विदाई दी गई। अंशुमन चले गए, लेकिन अपनी यादें छोड़ गए। अंशुमन पर पूरे परिवार को गर्व है।

---विज्ञापन---

 

First published on: Jul 07, 2024 08:19 AM

End of Article

About the Author

Khushbu Goyal

खुशबू गोयल ने कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएशन एवं एमफिल कोर्स किया है। 13 साल से डिजिटल मीडिया इंडस्ट्री से जुड़ी हूं। वर्तमान में BAG Convergence Limited के माल‍िकाना हक वाले News 24 हिंदी डिजिटल विंग से बतौर चीफ सब एडिटर जुड़ी हूं। चीफ सब एडिटर की भूमिका निभाते हुए यहां की कोर टीम का हिस्सा हूं। नेशनल, इंटरनेशनल, राजनीति, क्राइम, फीचर आदि टॉपिक कवर करती हूं। घूमने, खाने और शॉपिंग की शौकीन खुशबू को नए ट्रेंड, नई जगह और ऐडवेंचर की तलाश रहती है।

Read More
---विज्ञापन---
संबंधित खबरें
Sponsored Links by Taboola