कौन हैं अब्दुल रहीम? सउदी में मिली है मौत की सजा, बचाने को केरल ने जुटाई 34 करोड़ की Blood Money

Who Is Abdul Rahim facing Death Sentence In Saudi Arabia: सऊदी अरब में एक परिवार के लिए ड्राइवर के तौर पर काम करने गए केरल के कोझिकोड के रहने वाले अब्दुल रहीम को वह देश रास नहीं आया। वहां पहुंचे उन्हें एक महीना भी नहीं हुआ था कि उन्हें जेल में बंद कर दिया गया और बाद में मौत की सजा सुना दी गई। लेकिन अब उनकी रिहाई का रास्ता साफ हो गया है। इस रिपोर्ट में जानिए अब्दुल रहीम कौन हैं, क्यों उन्हें मृत्यु दंड मिला और कैसे वह रिहा होने वाले हैं।

Man Sitting In Prison

Representative Image (Pixabay)

Kerala Crowdfunded 34 Crore Blood Money For Abdul Rahim : केरल के रहने वाले अब्दुल रहीम को सउदी अरब में मौत की सजा सुनाई गई है। उन्हें बचाने के लिए दुनियाभर में रह रहे केरलवासियों ने जरूरी 34 करोड़ रुपये की राशि क्राउडफंडिंग के जरिए जुटा ली है। पिछले 18 साल से जेल में बंद अब्दुल रहीम की रिहाई के लिए Blood Money के रूप में यह पैसा जमा किया जाना है।

विज्ञापन

क्यों सुनाई गई मौत की सजा?

साल 2006 में 15 साल के एक लड़के को रहीम की देख-रेख में छोड़ा गया था। वह लड़का लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर था। रहीम एक कार में उसे लेकर जा रहे थे जब उसकी मौत हो गई थी। इस मामले में साल 2018 में सउदी की एक अदालत ने रहीम को मौत की सजा सुनाई थी। सुप्रीम कोर्ट ने भी यह फैसला बरकरार रखा था। पिछले साल उनके परिवार ने कहा था कि वह रिहाई के लिए ब्लड मनी देने को तैयार हैं।

विज्ञापन

रहीम को मौत की सजा से बचाने के लिए ब्लड मनी का भुगतान करने की आखिरी तारीख 16 अप्रैल तय की गई थी। रहीम के परिवार को पैसा जुटाने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। लेकिन, शुक्रवार यानी 12 अप्रैल को ही केरल के लोगों ने क्राउडफंडिंग से यह पैसा जुटा लिया। उन्होंने इसके लिए एक एक्शन कमेटी बनाई थी और पारदर्शिता के लिए ‘सेव अब्दुल रहीम’ नाम का एक ऐप भी लॉन्च किया था।

विज्ञापन

जानिए कौन हैं अब्दुल रहीम?

अब्दुल रहीम साल 2006 में एक परिवार के लिए ड्राइवर के तौर पर काम करने के लिए सउदी अरब गए थे। उस परिवार ने उनके पैरालाइज्ड बेटे की देखरेख का काम सौंपा था। 15 साल के लड़के को सांस लेने के लिए लाइफ सपोर्ट सिस्टम की जरूरत पड़ती थी। 24 दिसंबर 2006 को रहीम कार चला रहे थे और लड़का पीछे की सीट पर बैठा था। इस दौरान लाइफ सपोर्ट सिस्टम उतरने से लड़के की मौत हो गई थी।

विज्ञापन

बता दें कि अब्दुल रहीम जब सउदी अरब गए थे तब उनकी उम्र महज 26 साल थी। लेकिन, उनकी किस्मत इतनी खराब थी कि जब वह सउदी पहुंचे थे उसके केवल 28 दिन बाद ही यह घटना हो गई थी। तब से ही वह जेल में बंद हैं और बाद में उन्हें मौत की सजा सुना दी गई थी। लेकिन अब केरल वासियों की कोशिशों के बाद वह एक बार फिर आजाद हवा में सांस ले पाएंगे और फिर अपने परिवार से मिल पाएंगे।

क्या बोले केरल के मुख्यमंत्री?

पैसा जुटा लिए जाने की जानकारी खुद केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन ने दी। उन्होंने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा कि दुनियाभर के केरलवासियों ने अब्दुल रहीम की रिहाई के लिए 34 करोड़ रुपये जुटा लिए हैं। एक जान बचाने के लिए, एक परिवार के आंसू पोछने के लिए केरल ने एक शानदार उदाहरण पेश किया है। यह बताता है कि केरल भाईचारे का गढ़ है, जिसे कम्युनलिज्म नुकसान नहीं पहुंचा सकता।

विज्ञापन

विज्ञापन
विज्ञापन

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त
विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ