Sunday, 25 February, 2024

---विज्ञापन---

Sharad Purnima 2023: शरद पूर्णिमा पर बन रहे हैं 5 शुभ योग, जानें कैसे होगी चंद्र ग्रहण पर चंद्रमा और मां लक्ष्मी की पूजा

Sharad Purnima 2023: इस साल शरद पूर्णिमा पर चंद्र ग्रहण लग रहा है। लोगों के मन में यह सवाल जरूर आ रहा होगा कि क्या चंद्र ग्रहण में चंद्रमा और मां लक्ष्मी की पूजा कर सकते हैं या नहीं। तो आइए इस खबर में जानते हैं।

Edited By : Raghvendra Tiwari | Updated: Oct 24, 2023 16:14
Share :
Sharad Purnima 2023
Sharad Purnima 2023

Sharad Purnima 2023: ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, साल का अंतिम चंद्र ग्रहण शरद पूर्णिमा पर लगने वाला है। पंचांग के अनुसार, शरद पूर्णिमा आश्विन माह के दिन पड़ती है। इस साल 28 अक्टूबर दिन शनिवार को शरद पूर्णिमा पड़ेगा है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, शरद पूर्णिमा को रास पूर्णिमा भी कहते हैं। साथ ही इस दिन सत्यनारायण भगवान की पूजा भी किया जाता है।

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, शरद पूर्णिमा के दिन भगवान श्री कृष्ण ने राधा रानी और गोपियों के संग महारास रचाया था। मान्यता है कि इस दिन व्रत भी रखा जाता है साथ ही नदियों में स्नान दान का भी महत्व होता है। लेकिन इस साल शरद पूर्णिमा की रात सूतक काल में चंद्र ग्रहण लग रहा है। अब सवाल उठता है कि चंद्र देव और माँ लक्ष्मी की पूजा कैसे करेंगे। तो आइए ज्योतिष शास्त्र से जानते हैं शरद पूर्णिमा के दिन कब और कैसे पूजा करें।

कब है शरद पूर्णिमा

हिंदू पंचांग के अनुसार, इस साल शरद पूर्णिमा 28 अक्टूबर 2023 दिन शनिवार को सुबह 4 बजकर 17 मिनट से लेकर 29 अक्टूबर 2023 दिन रविवार की रात 1 बजकर 53 मिनट पर रहेगी। पंचांग के अनुसार, शरद पूर्णिमा  शाम 5 बजकर 20 मिनट पर चंद्रोदय होगा।

यह भी पढ़ें- सूर्यास्त के बाद भूलकर न करें 7 काम, वरना जीवन भर भुगतना पड़ेगा नुकसान

शरद पूर्णिमा पर चंद्रमा और लक्ष्मी पूजा का मुहूर्त

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, शरद पूर्णिमा के दिन चंद्र ग्रहण का सूतक काल 28 अक्टूबर को 2 बजकर 52 मिनट पर लग रहा है, तो ऐस में रात के समय न तो मां लक्ष्मी की पूजा होगा और न ही चंद्र देव के अर्घ्य दिया जाएगा। ज्योतिषियों का कहना है कि यदि लक्ष्मी और चंद्र देव की पूजा करता है, तो सूतक काल से पहले या इसके बाद समापन के बाद पूजा कर सकते हैं। मान्यता है कि ग्रहण के बाद चंद्रमा और लक्ष्मी की पूजा करना सही रहेगा। क्योंकि रात्रि के बाद शरद पूर्णिमा का चांद प्राप्त हो जाएगा। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, शरद पूर्णिमा की रात में मां लक्ष्मी पूरे पृथ्वी पर भ्रमण करती है। शरद पूर्णिमा को कोजागरी पूर्णिमा भी कहते हैं।

शरद पूर्णिमा पर 5 शुभ योग

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, शरद पूर्णिमा 2023 पर 5 शुभ योग बन रहे हैं। जिसमें से सौभाग्य योग, सिद्धि योग, बुधादित्य योग, गजकेसरी योग और शश योग शामिल हैं।

यह भी पढ़ें- 30 साल बाद शरद पूर्णिमा के दिन लग रहा चंद्र ग्रहण, गर्भवती महिलाएं रहें सावधान! इन नियमों का करें पालन

डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है। किसी भी उपाय को करने से पहले संबंधित विषय के एक्सपर्ट से सलाह अवश्य लें।

First published on: Oct 24, 2023 04:13 PM

Get Breaking News First and Latest Updates from India and around the world on News24. Follow News24 on Facebook, Twitter.

संबंधित खबरें