Chandra Darshan 2024: साल 2024 का दूसरा चंद्र दर्शन कब? जानें शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और महत्व

Chandra Darshan 2024: हिंदू धर्म में चंद्र दर्शन का बहुत ही अधिक महत्व माना गया है। चंद्र दर्शन अमावस्या के तुरंत बाद किया जाता है। आइए इस खबर में जानते हैं चंद्र दर्शन का शुभ समय, पूजा विधि और महत्व के क्या है।

Chandra Darshan 2024
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Chandra Darshan 2024: हिंदू धर्म में चंद्र दर्शन का बहुत ही महत्व होता है। यह अमावस्या के बाद चंद्र देव को देखने की परंपरा होती है। बता दें कि चंद्र दर्शन के दिन विधि-विधान से भक्त चंद्र देव की पूजा करते हैं साथ ही उनसे प्रार्थना भी करते हैं। पंचांग के अनुसार, चंद्र दर्शन अमावस्या तिथि के तुरंत बाद आता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, जो जातक अमावस्या के तुरंत बाद चंद्र देव का दर्शन करते हैं, उन पर चंद्रदेव की कृपा बनी रहती हैं।

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क्या है चंद्र दर्शन

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, चंद्र दर्शन के दिन चंद्र देव का दर्शन करना शुभ माना गया है। साथ ही चंद्र देव के दर्शन के लिए सूर्यास्त के बाद ठीक समय होता है। बता दें कि देश के कई हिस्सों में चंद्र दर्शन को बड़े ही उत्साह और भक्ति के साथ मनाया जाता है। साथ ही इस दिन चंद्र देव की विधिवत पूजा भी करते हैं। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, अमावस्या के बाद चंद्र दर्शन करना भाग्यशाली माना जाता है। साथ ही जो लोग चंद्र देव का दर्शन करते हैं उनके जीवन में सुख-समृद्धि और खुशियां आती हैं।

माघ माह में कब है चंद्र दर्शन

माघ माह में चंद्र दर्शन का शुभ समय 11 फरवरी दिन रविवार को शाम 6 बजकर 8 मिनट से लेकर शाम 7 बजकर 37 मिनट तक है। आप इस शुभ समय में चंद्र देव का दर्शन कर सकते हैं।

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चंद्र दर्शन की पूजा विधि

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, चंद्र दर्शन के दिन चंद्रमा देव की पूजा की जाती है। साथ ही इन्हें प्रसन्न करने के लिए कठिन व्रत भी रखा जाता है। बता दें कि चंद्र दर्शन वाले दिन बिना कुछ खाए-पिए व्रत रखा जाता है। साथ ही सूर्यास्त के बाद चंद्र देव का दर्शन के बाद पारण कर लिया जाता है।

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ज्योतिषियों के अनुसार, चंद्र दर्शन के दिन जो जातक अनुष्ठान करते हैं, उन्हें अनंत सौभाग्य और समृद्धि की प्राप्ति होती है। साथ ही जीवन खुशहाल रहता है।

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, चंद्र दर्शन के दिन अनुष्ठान करने के बाद ब्राह्मणों को कपड़ा, चावल और चीनी का दान करना चाहिए। ऐसा करने से चंद्र देव की कृपा होती हैं।

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क्या है चंद्र दर्शन का महत्व

पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, चंद्र देव को मन के देवता के साथ सबसे प्रतिष्ठित देवता भी माना गया है। बता दें कि चंद्र देव नवग्रह का एक महत्वपूर्ण ग्रह है। मान्यता है कि जिस जातक की कुंडली में चंद्रमा की स्थिति कमजोर होती है, उस जातक का जीवन प्रभावित होता है। ऐसे तो चंद्र देव को एक अनुकूल ग्रह माना गया है। साथ ही इन्हें ज्ञान, पवित्रता और अच्छे इरादों से जोड़ा गया है।

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डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है। किसी भी उपाय को करने से पहले संबंधित विषय के एक्सपर्ट से सलाह अवश्य लें।

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