बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय पर हमलों का सिलसिला रुकने का नाम नहीं ले रहा है. ताजा मामला गाजीपुर जिले के कालिगंज इलाके से सामने आया है जहां शनिवार सुबह एक हिंदू होटल मालिक की बेरहमी से हत्या कर दी गई. 60 साल के लिटन चंद्र घोष अपने होटल 'बोयीशाखी स्वीट एंड होटल' में काम कर रहे थे. तभी एक ग्राहक और होटल कर्मचारी के बीच मामूली विवाद शुरू हो गया. लिटन घोष जब अपने कर्मचारी को बचाने के लिए बीच-बचाव करने पहुंचे तो हमलावरों ने उन पर ही हमला बोल दिया. आरोपियों ने उन्हें लात-घूंसों से पीटा और बेलचे से सिर पर वार कर दिया जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई.
पुलिस की कार्रवाई और तीन आरोपियों की गिरफ्तारी का दावा
इस वीभत्स घटना के बाद पूरे कालिगंज इलाके में डर और तनाव का माहौल है. सूचना मिलते ही पुलिस बल मौके पर पहुंचा और स्थिति को संभाला. पुलिस ने इस मामले में तत्परता दिखाते हुए तीन संदिग्धों को हिरासत में ले लिया है और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है. शुरुआती जांच में पुलिस इसे मामूली झगड़े का नतीजा बता रही है लेकिन स्थानीय लोग इसे सोची-समझी हिंसा मान रहे हैं. हिंदू समुदाय के लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि इस मामले की निष्पक्ष जांच हो और दोषियों को ऐसी सजा मिले जिससे भविष्य में कोई ऐसी हिम्मत न कर सके.
यह भी पढ़ें: चारों तरफ प्रदर्शन, नहीं कर पा रहे थे किसी से बात… ईरान के ‘नर्क’ से बचकर निकले भारतीय, सुनाई खौफनाक आपबीती
पेट्रोल पंप कर्मी को गाड़ी से कुचलकर उतारा मौत के घाट
गाजीपुर की घटना से महज एक दिन पहले राजबाड़ी जिले में भी एक हिंदू युवक की जान ले ली गई थी. 30 साल के रिपन साहा एक पेट्रोल पंप पर काम करते थे. बताया जा रहा है कि एक गाड़ी चालक ने पेट्रोल भरवाने के बाद पैसे देने से मना कर दिया. जब रिपन ने उसे रोकने की कोशिश की तो चालक ने उन पर जानबूझकर गाड़ी चढ़ा दी जिससे रिपन की जान चली गई. इस घटना ने पूरे जिले में आक्रोश पैदा कर दिया है क्योंकि आरोप एक रसूखदार व्यक्ति पर लगे हैं. स्थानीय मीडिया के अनुसार यह घटना शुक्रवार को हुई थी जिसके बाद से ही हिंदू संगठनों में भारी नाराजगी देखी जा रही है.
रसूखदार आरोपियों की गिरफ्तारी और सुरक्षा पर उठते सवाल
राजबाड़ी पुलिस ने रिपन साहा की हत्या के मामले में गाड़ी को जब्त कर लिया है और वाहन मालिक अबुल हाशेम को गिरफ्तार किया है. बताया जा रहा है कि आरोपी का संबंध एक राजनीतिक दल की जिला इकाई से रहा है. पुलिस ने चालक कमाल हुसैन को भी हिरासत में ले लिया है. बांग्लादेश में पिछले 24 घंटों के भीतर दो हिंदुओं की इन हत्याओं ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. लगातार हो रही इन घटनाओं से हिंदू समुदाय खुद को असुरक्षित महसूस कर रहा है. मानवाधिकार संगठनों ने सरकार से अपील की है कि अल्पसंख्यकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए और हिंसा फैलाने वालों पर नकेल कसी जाए.
बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय पर हमलों का सिलसिला रुकने का नाम नहीं ले रहा है. ताजा मामला गाजीपुर जिले के कालिगंज इलाके से सामने आया है जहां शनिवार सुबह एक हिंदू होटल मालिक की बेरहमी से हत्या कर दी गई. 60 साल के लिटन चंद्र घोष अपने होटल ‘बोयीशाखी स्वीट एंड होटल’ में काम कर रहे थे. तभी एक ग्राहक और होटल कर्मचारी के बीच मामूली विवाद शुरू हो गया. लिटन घोष जब अपने कर्मचारी को बचाने के लिए बीच-बचाव करने पहुंचे तो हमलावरों ने उन पर ही हमला बोल दिया. आरोपियों ने उन्हें लात-घूंसों से पीटा और बेलचे से सिर पर वार कर दिया जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई.
पुलिस की कार्रवाई और तीन आरोपियों की गिरफ्तारी का दावा
इस वीभत्स घटना के बाद पूरे कालिगंज इलाके में डर और तनाव का माहौल है. सूचना मिलते ही पुलिस बल मौके पर पहुंचा और स्थिति को संभाला. पुलिस ने इस मामले में तत्परता दिखाते हुए तीन संदिग्धों को हिरासत में ले लिया है और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है. शुरुआती जांच में पुलिस इसे मामूली झगड़े का नतीजा बता रही है लेकिन स्थानीय लोग इसे सोची-समझी हिंसा मान रहे हैं. हिंदू समुदाय के लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि इस मामले की निष्पक्ष जांच हो और दोषियों को ऐसी सजा मिले जिससे भविष्य में कोई ऐसी हिम्मत न कर सके.
यह भी पढ़ें: चारों तरफ प्रदर्शन, नहीं कर पा रहे थे किसी से बात… ईरान के ‘नर्क’ से बचकर निकले भारतीय, सुनाई खौफनाक आपबीती
पेट्रोल पंप कर्मी को गाड़ी से कुचलकर उतारा मौत के घाट
गाजीपुर की घटना से महज एक दिन पहले राजबाड़ी जिले में भी एक हिंदू युवक की जान ले ली गई थी. 30 साल के रिपन साहा एक पेट्रोल पंप पर काम करते थे. बताया जा रहा है कि एक गाड़ी चालक ने पेट्रोल भरवाने के बाद पैसे देने से मना कर दिया. जब रिपन ने उसे रोकने की कोशिश की तो चालक ने उन पर जानबूझकर गाड़ी चढ़ा दी जिससे रिपन की जान चली गई. इस घटना ने पूरे जिले में आक्रोश पैदा कर दिया है क्योंकि आरोप एक रसूखदार व्यक्ति पर लगे हैं. स्थानीय मीडिया के अनुसार यह घटना शुक्रवार को हुई थी जिसके बाद से ही हिंदू संगठनों में भारी नाराजगी देखी जा रही है.
रसूखदार आरोपियों की गिरफ्तारी और सुरक्षा पर उठते सवाल
राजबाड़ी पुलिस ने रिपन साहा की हत्या के मामले में गाड़ी को जब्त कर लिया है और वाहन मालिक अबुल हाशेम को गिरफ्तार किया है. बताया जा रहा है कि आरोपी का संबंध एक राजनीतिक दल की जिला इकाई से रहा है. पुलिस ने चालक कमाल हुसैन को भी हिरासत में ले लिया है. बांग्लादेश में पिछले 24 घंटों के भीतर दो हिंदुओं की इन हत्याओं ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. लगातार हो रही इन घटनाओं से हिंदू समुदाय खुद को असुरक्षित महसूस कर रहा है. मानवाधिकार संगठनों ने सरकार से अपील की है कि अल्पसंख्यकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए और हिंसा फैलाने वालों पर नकेल कसी जाए.