महाराष्ट्र टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट (TET) से कुछ दिन पहले, महाराष्ट्र स्टेट काउंसिल ऑफ एग्जामिनेशन (MSCE) ने साफ कर दिया है कि महिला उम्मीदवार परीक्षा के दौरान हिजाब, बुर्का या दुपट्टा पहन सकती हैं. हालांकि, परीक्षा हॉल के अंदर गर्दन से ऊपर कोई भी कपड़ा पहनने की इजाजत नहीं होगी, ताकि यह पक्का किया जा सके कि उम्मीदवार का चेहरा पूरी तरह से दिखाई दे.
हिजाब, बुर्का, मास्क और टोपी पहनने पर रोक
यह संशोधित स्पष्टीकरण तब सामने आया है जब कई महिला उम्मीदवारों ने काउंसिल के पहले के निर्देशों के खिलाफ अपनी बात रखी. बता दें कि इन निर्देशों में 28 जून को होने वाली परीक्षा के दौरान हिजाब, बुर्का, मास्क और टोपी पहनने पर रोक लगाई गई थी.
नियम में क्यों किया गया बदलाव?
काउंसिल ने अपने आधिकारिक नोट में कहा कि 'टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट' (शिक्षक पात्रता परीक्षा) एक बहुत संवेदनशील परीक्षा है, जिसमें गड़बड़ी को रोकना प्राथमिकता है. काउंसिल ने AI-इनेबल्ड गैजेट्स, ब्लूटूथ डिवाइस और कपड़ों में छिपाए गए छोटे कैमरों जैसे इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस के गलत इस्तेमाल को लेकर बढ़ती चिंताओं की ओर इशारा किया.
काउंसिल के अनुसार, पारदर्शिता बनाए रखने और गलत तरीकों को रोकने के लिए, परीक्षा के दौरान लाइव CCTV फुटेज में लगभग छह लाख उम्मीदवारों के चेहरे साफ तौर पर दिखने चाहिए.
MSCE ने बॉम्बे हाई कोर्ट के 2024 के एक फैसले का भी जिक्र किया, जिसमें कॉलेज के ड्रेस कोड को सही ठहराया गया था और कहा गया था कि हिजाब या नकाब पहनना कोई जरूरी धार्मिक प्रथा नहीं है.
यह भी पढ़ें- मुंबई लोकल में दरवाजा बंद करने को लेकर हुई बहस, शख्स ने ले ली यात्री की जान; हुआ अरेस्ट
उम्मीदवार साथ में क्या-क्या ले जा सकते हैं?
काउंसिल ने साफ किया है कि महिला उम्मीदवार परीक्षा केंद्र में प्रवेश करते समय दुपट्टा, सिर ढकने वाला कपड़ा या बुर्का जैसे कपड़े पहन सकती हैं. हालांकि, परीक्षा के दौरान चेहरा, कान, सिर और मुंह खुला रहना चाहिए ताकि CCTV कैमरे हर उम्मीदवार को साफ-साफ रिकॉर्ड कर सकें.
ड्रेस कोड के अलावा, उम्मीदवारों को परीक्षा हॉल के अंदर जूते या मोजे पहनने की इजाजत नहीं होगी.
सिर्फ काले या नीले बॉलपॉइंट पेन, पहचान पत्र, पहचान पत्र की फोटोकॉपी और पारदर्शी पानी की बोतल ले जाने की अनुमति होगी.
काउंसिल ने यह भी बताया कि चेहरा साफ दिखने से जुड़े ऐसे ही नियम कई राष्ट्रीय और राज्य-स्तरीय भर्ती परीक्षाओं में भी अपनाए जाते हैं, जिनमें UPSC, SSC, IBPS, SBI, RRB, MPSC, GPSC और BPSC द्वारा आयोजित परीक्षाएं शामिल हैं.
महाराष्ट्र टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट (TET) से कुछ दिन पहले, महाराष्ट्र स्टेट काउंसिल ऑफ एग्जामिनेशन (MSCE) ने साफ कर दिया है कि महिला उम्मीदवार परीक्षा के दौरान हिजाब, बुर्का या दुपट्टा पहन सकती हैं. हालांकि, परीक्षा हॉल के अंदर गर्दन से ऊपर कोई भी कपड़ा पहनने की इजाजत नहीं होगी, ताकि यह पक्का किया जा सके कि उम्मीदवार का चेहरा पूरी तरह से दिखाई दे.
हिजाब, बुर्का, मास्क और टोपी पहनने पर रोक
यह संशोधित स्पष्टीकरण तब सामने आया है जब कई महिला उम्मीदवारों ने काउंसिल के पहले के निर्देशों के खिलाफ अपनी बात रखी. बता दें कि इन निर्देशों में 28 जून को होने वाली परीक्षा के दौरान हिजाब, बुर्का, मास्क और टोपी पहनने पर रोक लगाई गई थी.
नियम में क्यों किया गया बदलाव?
काउंसिल ने अपने आधिकारिक नोट में कहा कि ‘टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट’ (शिक्षक पात्रता परीक्षा) एक बहुत संवेदनशील परीक्षा है, जिसमें गड़बड़ी को रोकना प्राथमिकता है. काउंसिल ने AI-इनेबल्ड गैजेट्स, ब्लूटूथ डिवाइस और कपड़ों में छिपाए गए छोटे कैमरों जैसे इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस के गलत इस्तेमाल को लेकर बढ़ती चिंताओं की ओर इशारा किया.
काउंसिल के अनुसार, पारदर्शिता बनाए रखने और गलत तरीकों को रोकने के लिए, परीक्षा के दौरान लाइव CCTV फुटेज में लगभग छह लाख उम्मीदवारों के चेहरे साफ तौर पर दिखने चाहिए.
MSCE ने बॉम्बे हाई कोर्ट के 2024 के एक फैसले का भी जिक्र किया, जिसमें कॉलेज के ड्रेस कोड को सही ठहराया गया था और कहा गया था कि हिजाब या नकाब पहनना कोई जरूरी धार्मिक प्रथा नहीं है.
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उम्मीदवार साथ में क्या-क्या ले जा सकते हैं?
काउंसिल ने साफ किया है कि महिला उम्मीदवार परीक्षा केंद्र में प्रवेश करते समय दुपट्टा, सिर ढकने वाला कपड़ा या बुर्का जैसे कपड़े पहन सकती हैं. हालांकि, परीक्षा के दौरान चेहरा, कान, सिर और मुंह खुला रहना चाहिए ताकि CCTV कैमरे हर उम्मीदवार को साफ-साफ रिकॉर्ड कर सकें.
ड्रेस कोड के अलावा, उम्मीदवारों को परीक्षा हॉल के अंदर जूते या मोजे पहनने की इजाजत नहीं होगी.
सिर्फ काले या नीले बॉलपॉइंट पेन, पहचान पत्र, पहचान पत्र की फोटोकॉपी और पारदर्शी पानी की बोतल ले जाने की अनुमति होगी.
काउंसिल ने यह भी बताया कि चेहरा साफ दिखने से जुड़े ऐसे ही नियम कई राष्ट्रीय और राज्य-स्तरीय भर्ती परीक्षाओं में भी अपनाए जाते हैं, जिनमें UPSC, SSC, IBPS, SBI, RRB, MPSC, GPSC और BPSC द्वारा आयोजित परीक्षाएं शामिल हैं.