---विज्ञापन---

MP में मनाया गया लाड़ली लक्ष्मी उत्सव, 16 साल की हुई CM शिवराज की योजना

Ladli Laxmi scheme: सीएम शिवराज सिंह चौहान की महत्वकांक्षी लाड़ली लक्ष्मी योजना 16 साल की हो चुकी है। जिसके चलते राजधानी भोपाल में लाड़ली लक्ष्मी उत्सव मनाया गया। जिसमें सीएम शिवराज ने योजना का लाभ लेने वाली लड़कियों से बात की। सीएम ने कहा कि लाड़ली लक्ष्मी बेटियों के लिए प्रदेश में 9 से 15 […]

Ladli Laxmi scheme: सीएम शिवराज सिंह चौहान की महत्वकांक्षी लाड़ली लक्ष्मी योजना 16 साल की हो चुकी है। जिसके चलते राजधानी भोपाल में लाड़ली लक्ष्मी उत्सव मनाया गया। जिसमें सीएम शिवराज ने योजना का लाभ लेने वाली लड़कियों से बात की। सीएम ने कहा कि लाड़ली लक्ष्मी बेटियों के लिए प्रदेश में 9 से 15 मई की अवधि में शहर और पंचायतों में विशेष अभियान चलाया जाएगा, इसके अलावा भी उन्होंने कई बड़े ऐलान किए।

सीएम ने दी टेगलाइन ‘हां मैं भी लाड़ली हूं’

सीएम शिवराज सिंह चौहान ने प्रदेश की लाड़ली लक्ष्मी बेटियों को ‘हां मैं भी लाड़ली हूं’ की टेगलाईन देते हुए कहा कि लाड़ली लक्ष्मी बेटियों का मेडिकल, आई.आई.टी., आईआईएम, विधि संस्थानों और अन्य प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थानों में प्रवेश होने पर उनकी फीस राज्य सरकार द्वारा भरी जाएगी। जिसके लिए विशेष अभियान चलेगा। जिसमें 9 मई को खेल प्रतियोगिताएं, 10 मई को लाड़ली लक्ष्मी फ्रेंडली पंचायतों को पुरस्कार वितरण, 11 मई को वित्तीय और डिजिटल साक्षरता पर कार्यक्रम।

---विज्ञापन---

इसके अलावा 12 मई को स्वास्थ्य परीक्षण, नृत्य एवं गीत प्रतियोगिता, 13 मई को पुलिस थाना सहित शासकीय कार्यालयों का भ्रमण, 14 मई को ई-केवायसी के लिए अभियान और चित्रकला प्रतियोगिता तथा 15 मई को क्षेत्रीय पर्यटन स्थलों एवं अन्य अभिरूचि के स्थानों के भ्रमण का कार्यक्रम होगा।

योजना से समाज का दृष्टिकोण बदला

सीएम शिवराज ने कहा कि ‘लाड़ली लक्ष्मी योजना को 16 साल पूर्ण हो रहे हैं। प्रदेश में 44 लाख 85 हजार से अधिक लखपति लाड़लियों का परिवार बन गया, यह प्रदेश के लिए बड़ी उपलब्धि है। बेटियों के प्रति समाज का दृष्टिकोण बदला है। सभी क्षेत्रों में बेटियाँ अपनी प्रतिभा का परिचय दे रही हैं। बेटियों के प्रति दोयम दर्जे का व्यवहार न हो, बेटा-बेटी को समान माना जाए, इसी उद्देश्य से 16 साल पहले लाड़ली लक्ष्मी योजना आरंभ की गई थी। मुख्यमंत्री ने कहा कि समाज एवं परिवारों में बेटी को बोझ मानने के दृष्टिकोण से बहुत पीड़ा और वेदना होती थी।’

---विज्ञापन---

लिंगानुपात सुधरा

सीएम ने कहा कि इस योजना से प्रदेश में लिंगानुपात में भी सुधार आया है। बेटियों की स्थिति में सुधार और समाज का दृष्टिकोण बदलने के लिए लाड़ली लक्ष्मी योजना से शुरू किये गये प्रयासों की कड़ी में बालिकाओं की शिक्षा, उनके बेहतर स्वास्थ्य और आत्म-निर्भरता के लिए प्रशिक्षण आदि के लिए अनेक योजनाएं आरंभ की गईं। बेटी का विवाह बोझ न माना जाए, इसके लिये मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना आरंभ की।

इन सब प्रयासों का प्रदेश में सकारात्मक प्रभाव दिखाई दे रहा है। प्रदेश में एक हजार बेटों पर 956 बेटियां जन्म ले रही हैं। लिंगानुपात में हुआ यह सुधार समाज के बदले दृष्टिकोण का परिचायक है और यह राज्य सरकार के लिए बड़ी उपलब्धि है।

---विज्ञापन---

बेटियों को मिलेंगे पूरे अवसर

सीएम ने कहा कि बेटियों को प्रगति के सभी अवसर उपलब्ध कराने के साथ महिला सशक्तिकरण के लिए भी विशेष प्रयास किए जा रहे हैं। पुलिस और स्कूल शिक्षा सहित अन्य विभागों में होने वाली भर्तियों में आरक्षण की व्यवस्था तथा पंचायत और नगरीय निकायों में महिला आरक्षण इसी दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

First published on: May 02, 2023 06:38 PM

End of Article

About the Author

संबंधित खबरें

Leave a Reply

You must be logged in to post a comment.
Sponsored Links by Taboola