Morbi Bridge Collapse: गुजरात सरकार ने नगर निकाय को जारी किया नोटिस, पूछा- क्यों न इसे भंग कर दिया जाए
Edited By Om Pratap

morbi tragedy
Edited By Om Pratap

morbi tragedy
Morbi Bridge Collapse: गुजरात के मोरबी में झूला पुल हादसे के मामले में राज्य सरकार ने स्थानीय नगरपालिका को कारण बताओ नोटिस जारी कर पूछा है कि अपने कर्तव्यों का निर्वहन करने में विफल रहने के कारण इसे भंग क्यों नहीं किया जाना चाहिए?
राज्य के शहरी विकास विभाग की ओर से बुधवार को नोटिस जारी किया गया, जिसने मोरबी नागरिक निकाय को 25 जनवरी तक एक सामान्य निकाय प्रस्ताव के रूप में एक लिखित स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने का निर्देश दिया।
गुजरात उच्च न्यायालय ने इस हादसे (Morbi Bridge Collapse) का स्वयं संज्ञान लिया था। बता दें कि मोरबी शहर में मच्छू नदी पर बना झूला पुल पिछले साल 30 अक्टूबर को गिर गया था, जिसमें 135 लोगों की मौत हो गई थी। मोरबी नगरपालिका के साथ हुए एक समझौते के अनुसार ओरेवा ग्रुप द्वारा पुल का रखरखाव और संचालन किया जाता था।
शहरी विकास विभाग की ओर से जारी नोटिस में कहा गया है कि पुल के संचालन का पिछला ठेका 2017 में समाप्त हो गया था। 2018 से 2020 के बीच ओरेवा ग्रुप ने मोरबी नगर पालिका को पुल की जर्जर स्थिति के बारे में चेतावनी देते हुए कई पत्र लिखे थे और चेतावनी भी दी थी कि एक गंभीर दुर्घटना हो सकती है। नोटिस में कहा गया है कि चेतावनी के बावजूद नगर निकाय ने संज्ञान नहीं लिया।
इसके अलावा, नगरपालिका ने अनुबंध पूरा होने के बाद 2017 में कंपनी से पुल लेने के लिए कोई ठोस कार्रवाई नहीं की और पुल की स्थिति जानने के बावजूद निष्क्रिय रही। विशेष जांच दल (एसआईटी) के निष्कर्षों का हवाला देते हुए नोटिस में कहा गया है, “कंपनी पुल को संबंधित प्राधिकरण को सौंपने में विफल रही और पुल की स्थिति में सुधार के लिए किसी भी पक्ष द्वारा कोई सुधारात्मक कार्रवाई नहीं की जा सकी।”
न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।
First published on: