अरविंद केजरीवाल को बड़ा झटका लगा; भगवंत मान की आंखें छलकीं, बोले- उनसे अच्छा व्यवहार नहीं हो रहा

Arvind Kejriwal Delhi Liquor Policy Case: अरविंद केजरीवाल को सुप्रीम कोर्ट से राहत नहीं मिली है। वहीं भगवंत मान ने उनसे बुरा व्यवहार होने के आरोप लगाए हैं। पंजाब के मुख्यमंत्री आज उनसे मिलने के लिए तिहाड़ जेल पहुंचे थे, लेकिन मुलाकात का तरीका देखकर उन्हें काफी बुरा लगा।

Arvind Kejriwal Supreme Court

Arvind Kejriwal Latest Update: दिल्ली शराब घोटाले के आरोपी दिल्ली CM अरविंद केजरीवाल को आज सुप्रीम कोर्ट से राहत नहीं मिली। हालांकि कोर्ट ने केजरीवाल की याचिका पर ED को नोटिस जारी किया है, लेकिन उनकी जल्द सुनवाई की मांग ठुकरा दी गई। ऐसे में उन्हें अभी जमानत मिलने की संभावना नजर नहीं आ रही है।

अरविंद केजरीवाल ने अपनी गिरफ्तारी और रिमांड के खिलाफ याचिका दायर की है, जिसे दिल्ली हाईकोर्ट खारिज कर चुकी थी, लेकिन आज सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई हुई। कोर्ट ने ED को नोटिस जारी करके केजरीवाल की गिरफ्तारी, रिमांड और उनकी अंतरिम जमानत वाली मांग पर जवाब मांगा। अब सुनवाई 24 अप्रैल को होगी।

केजरीवाल के वकील अभिषेक मनु सिंघवी ने चीफ जस्टिस से 19 अप्रैल को सुनवाई करने की अपील की, जिसे ठुकरा दिया गया। चीफ जस्टिस ने स्पष्ट कहा कि 24 अप्रैल से पहले सुनवाई संभव नहीं। दूसरी ओर दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने भी केजरीवाल को झटका दिया है। उनकी न्यायिक हिरासत बढ़ा दी गई है। वे 23 अप्रैल तक जेल में रहेंगे।

अरविंद केजरीवाल को देखकर भावुक हुए भगवंत मान

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने आज तिहाड़ जेल में दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल से मुलाकत की, लेकिन अजीबोगरीब बात यह रही कि उन्हें आमने-सामने मिलने नहीं दिया गया, बल्कि फोन पर खिड़की से बात कराई गई। यह देखकर और अरविंद केजरीवाल से बात करके भगवंत मान भावुक हो गए। उनकी आंखें छलक गईं। वे जेल प्रशासन अधिकारियों और कर्मियों का उनके प्रति व्यवहार देखकर काफी परेशान हुए।

उन्होंने केजरीवाल के पास जाने देने की अपील की, लेकिन जेल अधिकारी नहीं माने। इसके चलते वे उनसे ज्यादा बात भी नहीं कर पाए। बाहर आकर मीडिया कर्मियों से भगवंत ने कहा कि मुझे बहुत बुरा लगता है। उन्हें अपराधी की तरह जेल में रखा गया है। यहां तक ​​कि अपराधियों को भी जेल में सुविधाएं मिलती हैं…उन्होंने क्या गलत किया? उन्होंने स्कूल और अस्पताल बनाए, लोगों को मुफ्त बिजली दी और महिलाओं को मुफ्त यात्रा दी, लेकिन क्या यह अपराध है?

भगवंत मान ने पुलिस और जेल प्रशासन पर उठाए सवाल

मुख्यमंत्री भगवंत मान नाराजगी जताते हुए बताया कि अरविंद केजरीवाल से उनकी आमने-सामने बात नहीं हुई। शीशा लगा हुआ था और वे एक-दूसरे से फोन पर बात कर रहे थे। अरविंद केजरीवाल कट्टर ईमानदार हैं, जिन्होंने पारदर्शिता की राजनीति शुरू की और भाजपा की राजनीति खत्म की। उनके साथ ऐसा व्यवहार किया जा रहा है…अरविंद केजरीवाल एक सोच का नाम है। व्यक्ति को तो गिरफ्तार किया जा सकता है, लेकिन सोच को आप कैसे गिरफ्तार करेंगे?

उनके साथ ऐसा व्यवहार किया जा रहा है, मानो देश के सबसे बड़े आतंकवादियों में से एक को पकड़ लिया हो। PM मोदी क्या चाहते हैं? हाल पूछने पर केजरीवाल ने कहा कि मेरे बारे में भूल जाओ, मुझे बताओ कि पंजाब में चीजें कैसे चल रही हैं? क्योंकि हम ‘काम’ की राजनीति करते हैं…आप एक अनुशासित समूह है, हम सभी एक साथ हैं और खड़े हैं अरविंद केजरीवाल के साथ। जब 4 जून को नतीजे घोषित होंगे, तो AAP एक बड़ी राजनीतिक शक्ति के रूप में उभरेगी।

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Khushbu Goyal

Khushbu Goyal

खुशबू गोयल News24 हिंदी डिजिटल में चीफ सब एडिटर के पद पर कार्यरत हैं. वेब जर्नलिज्म में 13 साल का अनुभव रखने वाली खुशबू गोयल राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और राज्यस्तरीय न्यूज और चुनावी कवरेज करती हैं. खुशबू गोयल ने अक्टूबर 2013 में अमर उजाला डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत की थी, जहां 7 साल सेवाएं देने के बाद साल नवंबर 2020 में दैनिक भास्कर डिजिटल जॉइन किया और सितंबर 2023 से News24 के डिजिटल में सेवाएं दे रही हैं. 13 साल के करियर में खुशबू गोयल ने नेशनल, इंटरनेशनल, पॉलिटिकल, क्राइम टॉपिक कवर करने में विशेषज्ञता हासिल की. खुशबू गोयल का पत्रकारिता में अनुभव: 13 साल योग्यता: कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के IMC&MT इंस्टीट्यूट से मास्टर ऑफ कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म (MJ) के बाद जर्नलिज्म में MPhil की डिग्री ली. खुशबू गोयल ने 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव की विस्तृत रिपोर्टिंग की है, जिसमें उन्हें ग्राउंड कवरेज करने का भी अनुभव है. इसके अलावा पिछले 13 साल में विभिन्न राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव को भी उन्होंने फील्ड रिपोर्टिंग के साथ कवर किया.
... और पढ़ें
होम पेज पर वापस जाएँ