---विज्ञापन---

Chhattisgarh Election Result 2023: छत्तीसगढ़ में खिला ‘कमल’; CM पद के कई दावेदार, OP चौधरी का नाम आगे

Chhattisgarh BJP CM Faces: छत्तीसगढ़ में बड़ा उलटफेर हुआ है। भाजपा बहुमत से जीत गई है। ऐसे में अब प्रदेश का मुख्यमंत्री कौन होगा, इसकी चर्चा भी शुरू हो गई है, जानिए कौन-कौन दावेदार?

---विज्ञापन---

Chhattisgarh BJP CM Candidates: छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव 2023 की मतगणना के परिणाम लगभग क्लीयर हो गए हैं। वहीं प्रदेश में बड़ा उलटफेर हो गया है। भाजपा बहुमत के साथ सरकार बनाने जा रही है। इसके साथ ही सभी एजेंसियों के Exit Polls के नतीजे गलत साबित हो गए। News24-टुडेज चाणक्या ने 57 सीटें देकर कांग्रेस के जीतने का अनुमान लगाया था। AXIS MY INDIA ने कांग्रेस को 40 से 50 सीटें दी थी। MATRIZE ने कांग्रेस को 44 से 52 सीटें दी थीं। CVOTER ने कांग्रेस को 41 से 53 सीटें मिलने का अनुमान जताया था। CNX ने कांग्रेस को 46-56 सीटें दी। POLSTRAT ने भी कांग्रेस को 40 से 50 सीटें दी, लेकिन सबके दावों पर पानी फिर गया। भाजपा चुनाव जीत गई है।

भाजपा की जीत के साथ ही मुख्यमंत्री पद के दावेदारों की चर्चा भी शुरू हो गई है। लगातार 3 बार मुख्यमंत्री रह चुके रमन सिंह दावेदारों की रेस में सबसे आगे हैं। वहीं यह कयास यह लगाए जा रहे हैं कि भाजपा छत्तीसगढ़ में महाराष्ट्र और हरियाणा मॉडल की तरह नए चेहरों पर भी दांव खेल सकती है। आइए जानते हैं कि भाजपा के पास मुख्यमंत्री पद के लिए कौन-से चेहरे हैं…

---विज्ञापन---

1. OP चौधरी- छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री पद की रेस में सबसे आगे पूर्व IAS अधिकारी OP चौधरी का नाम शामिल है। वे रायपुर और दंतेवाड़ा में कलेक्टर रह चुके हैं। 13 साल IAS रहने के बाद उन्होंने जनसेवा के लिए नौकरी छोड़ दी। साल 2018 में उन्होंने भाजपा की ओर से खरसिया सीट से चुनाव लड़ा था। इस बार भी उन्होंने चुनाव लड़ा और जीत गए, लेकिन वे अमित शाह के करीबी माने जाते हैं। चुनाव प्रचार के दौरान भी अमित शाह में कहा था कि आप चौधरी को जिता दीजिए, मैं इनको बड़ा आदमी बना दूंगी। ऐसे में OP चौधरी को मुख्यमंत्री या उप-मुख्यमंत्री का पद मिल सकता है।

---विज्ञापन---

2. अरुण साव- छत्तीसगढ़ भाजपा के अध्यक्ष भी मुख्यमंत्री पद के दावेदारों में शामिल हैं। 2003 में जब छत्तीसगढ़ में पहली बार भाजपा की सरकार बनी थी, तब भी पार्टी ने मुख्यमंत्री फेस घोषित किए बिना चुनाव लड़ा और जीत गई थी। इसके बाद डॉक्टर रमन सिंह को मुख्यमंत्री बनाया था। इस बार भी भाजपा ने मुख्यमंत्री फेस की घोषणा किए बिना चुनाव लड़ा और जीत गई। क्योंकि अरुण प्रदेश अध्यक्ष हैं, ऐसे में मुख्यमंत्री पद की रेस में उनका नाम भी शामिल किया जा रहा है। प्रदेश के जातीय समीकरण भी उनके पक्ष में हैं। अरुण OBC वर्ग से हैं, जो छत्तीसगढ़ की राजनीति का मजबूत हिस्सा है।

यह भी पढ़ें: Chhattisgarh Assembly Election Result 2023: देखिए 90 सीटों के नतीजे, छत्तीसगढ़ में किसे मिलेगी जीत, किसे हार

---विज्ञापन---

3- विजय बघेल- दुर्ग लोकसभा सीट से सांसद और छत्तीसगढ़ की पाटन सीट से प्रत्याशी रहे विजय बघेल भी मुख्यमंत्री पद के दावेदार माने जा रहे हैं। विजय मुख्यमंत्री रहे भूपेश बघेल के भतीजे भी हैं। भाजपा ने उन्हें मुख्यमंत्री के खिलाफ चुनावी रण में उतारा था।

4- सरोज पांडेय- भाजपा की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष और राज्यसभा सांसद सरोज भी छत्तीसगढ़ में भाजपा की दिग्गज नेता हैं। वे 2 बार भिलाई की मेयर रह चुकी हैं। भिलाई की विधायक भी रह चुकी हैं। वे भाजपा महिला मोर्चा की राष्ट्रीय अध्यक्ष रह चुकी हैं। अपने सियासी कद और अनुभव के चलते वे भी मुख्यमंत्री पद की दावेदार मानी जा रही हैं।

---विज्ञापन---

5. बृजमोहन अग्रवाल- रायपुर दक्षिण विधानसभा सीट से 7 बार विधायक रह चुके बृजमोहन अग्रवाल भी मुख्यमंत्री पद के दावेदार माने जा रहे हैं। वे रमन सिंह के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार में मंत्री भी रह चुके हैं।

लेटेस्ट खबरों के लिए फॉलो करें News24 का WhatsApp Channel

---विज्ञापन---

N24 Whatsapp Group

6. रेणुका सिंह- आदिवासी बहुल इलाके से आने वाली डॉक्टर रेणुका सिंह भी मुख्यमंत्री पद की मजबूत दावेदार हैं। वे केंद्र सरकार में राज्यमंत्री रह चुकी हैं। 2003 में पहली बार विधायक बनी थीं। इस बार भरतपुर की सोनहत सीट से चुनावी रण में हैं। वे जिला पंचायत सदस्य रही हैं। छत्तीसगढ़ भाजपा की महिला मोर्चा में महामंत्री रह चुकी हैं।

---विज्ञापन---

7. लता उसेंडी- छत्तीसगढ़ का बड़ा आदिवासी चेहरा लता भी मुख्यमंत्री पद की दावेदार मानी जा रही हैं। लता 2003 में कोंडागांव सीट से विधायक बनी थीं। 31 साल की उम्र में छत्तीसगढ़ सरकार में मंत्री नियुक्त हुई थीं। 2 बार विधायक रहीं। भाजपा की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष हैं। भारतीय जनता युवा मोर्चा की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रह चुकी हैं। अजीत जोगी के बाद कोई आदिवासी नेता मुख्यमंत्री नहीं बना। ऐसे में लोकसभा चुनाव के मद्देनजर भाजपा आदिवासी कार्ड खेल सकती है।

First published on: Dec 03, 2023 04:40 PM

End of Article

About the Author

Khushbu Goyal

खुशबू गोयल ने कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी के IMC&MT इंस्टीट्यूट से पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएशन एवं Mphil कोर्स किया है। पिछले 12 साल से डिजिटल मीडिया इंडस्ट्री में अपनी पहचान बना रही हैं। वर्तमान में BAG Convergence Limited के News 24 Hindi डिजिटल विंग से बतौर चीफ सब एडिटर जुड़ी हैं। यहां खुशबू नेशनल, इंटरनेशनल, लाइव ब्रेकिंग, पॉलिटिक्स, क्राइम, एक्सप्लेनर आदि कवर करती हैं। इससे पहले खुशबू Amar Ujala और Dainik Bhaskar मीडिया हाउस के डिजिटल विंग में काम कर चुकी हैं।

Read More
---विज्ञापन---
संबंधित खबरें
Sponsored Links by Taboola