लोकसभा में आज वक्फ संशोधन बिल 2024 पेश होगा। इस बीच देश में इस बिल को सियासी चर्चा का दौर चल रहा है। बिहार में जेडीयू के लिए करो या मरो की स्थिति है। नीतीश कुमार की जेडीयू इस बिल पर सरकार के समर्थन में हैं। नीतीश कुमार के करीबी और बिहार के बड़े मुस्लिम नेता गुलाम गौस इस मुद्दे पर अपनी ही सरकार के खिलाफ हो गए है। जेडीयू एमएलसी गुलाम गौस ने कहा कि अगर यह बिल पास हुआ तो पूरे देशभर में मुस्लिम आंदोलन करेंगे। यह बिल लोकसभा में पेश नहीं होना चाहिए।
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देश को आंदोलन की भट्टी में मत झोंकिए
गुलाम गौस ने कहा कि पीएम मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि देश को आंदोलन की भट्टी में मत झोंकिए। जिस तरह किसान बिल वापस लिए गए उसी तरह वक्फ बिल को भी केंद्र सरकार वापस ले। इस दौरान उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार भी इस बिल से संतुष्ट नहीं है। अगर वे संतुष्ट होते तो तीन सुझाव क्यों भेजते। सुझावों में जमीन के मामलों में राज्यों की सहमति और पुराने मुस्लिम धार्मिक स्थलों से किसी भी प्रकार की छेड़छाड़ नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि नया विधेयक लाने की क्या जरूरत है। इसके लिए 1995 का एक्ट ही काफी है।
बीजेपी सहयोगियों ने जारी किया व्हिप
बता दें कि बीजेपी के सहयोगी जेडीयू, टीडीपी, एलजेपी और शिवसेना ने अपने सांसदों को तीन लाइन का व्हिप जारी किया है। जिसमें बिल पेश करने के दौरान संसद में मौजूद रहने और बिल के समर्थन में वोटिंग करने की बात कही गई है। बता दें कि लोकसभा में सरकार के पास 294 सांसदों का समर्थन है। वहीं बहुमत का आंकड़ा 272 है। वहीं राज्यसभा में यह बिल कल पेश किया जाएगा। यहां पर भी सरकार के पास बहुमत है। ऐसे में माना जा रहा है कि यह बिल जल्द ही पारित हो सकता है।
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