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Asian Championships: बिंदियारानी देवी ने बढ़ाया देश का मान, सिल्वर मेडल पर जमाया कब्जा

नई दिल्ली: वेटलिफ्टर बिंदियारानी देवी ने शनिवार को कोरिया में भारत का मान बढ़ाया। उन्होंने शनिवार को कोरिया के जिंजू में एशियाई चैंपियनशिप में रजत पदक के साथ भारत का खाता खोल दिया। उन्होंने महिलाओं की 55 किग्रा स्पर्धा में मुकाबला किया। राष्ट्रमंडल खेलों की रजत पदक विजेता ने कुल 194 किग्रा (83 किग्रा और […]

नई दिल्ली: वेटलिफ्टर बिंदियारानी देवी ने शनिवार को कोरिया में भारत का मान बढ़ाया। उन्होंने शनिवार को कोरिया के जिंजू में एशियाई चैंपियनशिप में रजत पदक के साथ भारत का खाता खोल दिया। उन्होंने महिलाओं की 55 किग्रा स्पर्धा में मुकाबला किया। राष्ट्रमंडल खेलों की रजत पदक विजेता ने कुल 194 किग्रा (83 किग्रा और 111 किग्रा) उठाकर दूसरा स्थान हासिल किया। उनका 55 किग्रा भारवर्ग हालांकि ओलंपिक में शामिल नहीं है।

क्लीन एवं जर्क में की भरपाई 

स्नैच में बिंदियारानी ने पहले दो प्रयासों में 80 किग्रा और 83 किग्रा भार उठाया। इसके बाद उन्होंने 85 किग्रा भार उठाने का प्रयास किया, लेकिन इसमें विफल रहीं। भारतीय खिलाड़ी ने क्लीन एवं जर्क में इसकी भरपाई की और दूसरा सर्वाधिक भार उठाकर रजत पदक हासिल कर लिया। चीन ताइपे की चेन गुआन लिंग ने 204 किग्रा (90 +114) के साथ गोल्ड और वियतनाम की वो थी क्वान्ह नहू (88 + 104 किग्रा) ने ब्रॉन्ज मेडल जीता।

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चौथे स्थान पर चल रही थीं बिंदियारानी 

स्नैच के बाद बिंदियारानी चौथे स्थान पर चल रही थीं, लेकिन उन्होंने इसके बाद बाजी पलटते हुए क्लीन एंड जर्क में दूसरा श्रेष्ठ भार उठा लिया। उन्होंने अपने कुल स्कोर में सुधार के लिए 115 किग्रा भार उठाने का प्रयास किया लेकिन इसमें विफल रहीं। पिछले साल बर्मिंघम राष्ट्रमंडल खेलों में उन्होंने 116 भार उठाया था। बिंदियारानी ने पिछले साल विश्व चैंपियनशिप में 59 किग्रा भार वर्ग में हिस्सा लिया था जिसमें वह 25वें स्थान पर रही थी।

पेरिस ओलंपिक के लिए क्वालिफायर्स से पहले महत्वपूर्ण

टूर्नामेंट से पहले मुख्य प्रशिक्षक विजय शर्मा ने इस चैंपियनशिप में बिंदियारानी की भागीदारी पर जोर दिया था। दरअसल, यह स्पर्धा पेरिस ओलंपिक के लिए क्वालिफायर्स से पहले महत्वपूर्ण है। पेरिस 2024 ओलंपिक क्वालिफिकेशन के नियमों के अनुसार किसी भारोत्तोलक के लिए 2023 विश्व चैंपियनशिप और 2024 विश्वकप में भाग लेना अनिवार्य है।

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इन दो के अलावा एक भारोत्तोलक को 2022 विश्व चैंपियनशिप, 2023 कॉन्टिनेंटल चैंपियनशिप, 2023 ग्रैंड प्रिक्स 1, 2023 ग्रैंड प्रिक्स II और 2024 कॉन्टिनेंटल चैंपियनशिप में से तीन में भी भाग लेना होता है। मीराबाई चानू और बिंदयारानी दोनों को अब दो अनिवार्य प्रतियोगिताओं के अलावा एक और अतिरिक्त कार्यक्रम में भाग लेने की आवश्यकता है। अंतर्राष्ट्रीय भारोत्तोलन महासंघ (IWF) योग्यता अवधि के अंत में प्रत्येक भार वर्ग की ओलंपिक योग्यता रेटिंग (OQR) प्रकाशित करेगा।

First published on: May 06, 2023 11:17 PM

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About the Author

Pushpendra Sharma

पुष्पेन्द्र शर्मा न्यूज 24 वेबसाइट में 'डेस्क इंचार्ज' की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। लगभग 17 वर्षों से मीडिया (प्रिंट, टीवी, वेब) में काम कर रहे हैं। मूलत: राजस्थान भरतपुर के निवासी हैं। इन्होंने अपने करियर की शुरुआत 2008 में प्रिंट मीडिया Dainik Bhaskar से की थी। इसके बाद Rajasthan Patrika, Bhaskar.com और DNA Hindi (Zee Media) जैसे संस्थानों के लिए काम किया। News24 Website में न्यूज टीम को लीड कर रहे हैं। इसके साथ ही स्पोर्ट्स टीम का लीड कर चुके हैं। अपने करियर में लगभग सभी विषयों (राजनीति, क्राइम, देश-विदेश, शिक्षा, क्रिकेट, लाइफस्टाइल, मनोरंजन आदि) पर रिपोर्टिंग का अनुभव रखते हैं। साथ ही एडिटिंग का कार्य कर चुके हैं। न्यूज 24 पर सबसे पहले और सबसे सटीक खबरें प्रकाशित हों और सही तथ्यों के साथ पाठकों तक पहुंचें, इसी उद्देश्य के साथ सतत लेखन जारी है।

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