
1 / 6
उत्तर प्रदेश में अब जमीन-जायदाद की रजिस्ट्री कराने के लिए आपको दफ्तर से छुट्टी लेने या काम छोड़ने की जरूरत नहीं पड़ेगी. योगी सरकार ने जनता की सुविधा के लिए प्रदेश के 9 बड़े शहरों में रविवार को भी रजिस्ट्री कार्यालय खोलने का ऐतिहासिक फैसला लिया है. 19 अप्रैल 2026 से लागू हुई इस नई व्यवस्था से न केवल आम जनता को राहत मिलेगी, बल्कि सरकारी खजाने में भी इजाफा होगा. आज बताएंगे कि किन शहरों में यह सुविधा शुरू हुई है और इसके नियम क्या हैं? (AI Image)
जनता को सुविधा

2 / 6
उत्तर प्रदेश सरकार ने कामकाजी लोगों की सुविधा के लिए संडे को भी रजिस्ट्री ऑफिस खोलने का फैसला किया है. यह व्यवस्था प्रदेश के 9 चुनिंदा शहरों में पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर शुरू हुई है. (AI Image)
किन शहरों में ये सुविधा

3 / 6
रविवार को रजिस्ट्री की सुविधा लखनऊ, कानपुर नगर, वाराणसी, गौतम बुद्ध नगर, गाजियाबाद, मेरठ, आगरा, अलीगढ़ और सहारनपुर में मिलेगी. (AI Image)
कहां लागू होगा रोस्टर सिस्टम

4 / 6
जहां एक से अधिक उप-निबंधक कार्यालय हैं, वहां 'रोस्टर सिस्टम' लागू किया गया है. यानी हर संडे को उस शहर का कोई न कोई एक दफ्तर जरूर खुला रहेगा. (AI Image)
पहला दिन कैसा रहा

5 / 6
19 अप्रैल को पहले रविवार के दिन मेरठ में 27 बैनामे दर्ज किए गए. हालांकि, जागरूकता की कमी और तकनीकी कारणों से पहले दिन काम थोड़ा सीमित रहा. (AI Image)
बढ़ेगा रेवेन्यु

6 / 6
इस पहल से राज्य के राजस्व में बड़ी बढ़ोत्तरी की उम्मीद है. रविवार को सुविधा मिलने से बैनामों की संख्या में इजाफा होना तय माना जा रहा है. (AI Image)