मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व में, पंजाब सरकार के इंडस्ट्री और कॉमर्स विभाग ने युवाओं को अपने आइडिया सोचने, सुधारने और नए बिजनेस शुरू करने के लिए प्रोत्साहित किया. इसके लिए कपूरथला की लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी में स्टार्टअप पंजाब कॉन्क्लेव 2026 का आयोजन किया गया.
इस कॉन्क्लेव में स्टार्टअप्स, इनक्यूबेटर्स, निवेशक, उद्योग जगत के नेता, अकादमिक विशेषज्ञ और नीति निर्माता एक ही मंच पर आए. इसका मकसद था युवाओं में उद्यमिता को बढ़ावा देना और पंजाब को नए और इनोवेटिव बिज़नेस के लिए एक प्रमुख केंद्र बनाना. इस इवेंट में 75 से 80 से अधिक स्टार्टअप्स, इनक्यूबेटर्स, इंडस्ट्री एसोसिएशन और इकोसिस्टम पार्टनर्स ने हिस्सा लिया और अपने आइडिया, इनोवेशन और प्रोडक्ट्स पेश किए, जो पंजाब के तेजी से बढ़ते स्टार्टअप इकोसिस्टम को दिखाते हैं. इस कॉन्क्लेव में स्टार्टअप पंजाब के इकोसिस्टम और सरकारी पहलों को भी पेश किया गया, जिसमें सीड-फंडेड स्टार्टअप्स को चेक बांटना और इन्वेस्ट पंजाब समिट से जुड़े स्टार्टअप मटीरियल को दिखाना शामिल था.
युवा उद्यमियों को संबोधित करते हुए, सीएम भगवंत मान ने अपने हाल के जापान दौरे के अनुभव साझा किए और वहां की भविष्य की सोच की तारीफ की. उन्होंने कहा,’जापान में सभी तरह के ट्रांसपोर्ट को एक ही प्लेटफॉर्म से इस्तेमाल किया जा सकता है, जो देश की आगे की सोच को दिखाता है. सीएम मान ने पंजाब के युवाओं से भी यही उम्मीद जताई कि वे ऐसी ही आगे की सोच अपनाएं. उन्होंने राइजिंग स्टार और राइजिंग सन जैसी कंपनियों का उदाहरण दिया, जिनकी सकारात्मक सोच ने उनकी औसत उम्र 100 साल से ज्यादा तक पहुंचाने में मदद की.
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने फिर बताया कि जापानी लोग अपने सपनों को पूरा करने के लिए लंबे समय तक मेहनत करते हैं, और यही आदत उन्हें लंबी और स्वस्थ जिंदगी देती है. उन्होंने पंजाब के लोगों से कहा कि अगर वे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अच्छा प्रदर्शन करना और अपनी असली प्रतिभा दिखाना चाहते हैं, तो उन्हें भी यह आदत अपनानी चाहिए.मुख्यमंत्री मान ने कहा कि पंजाब सरकार आने वाली पीढ़ी के बेहतर भविष्य के लिए लगातार प्रयास कर रही है, और यह सरकार की नैतिक जिम्मेदारी है.
मुख्यमंत्री मान ने कहा कि पंजाब में 15 इनक्यूबेटर और 5 से ज्यादा सपोर्ट ऑर्गनाइजेशन इस इवेंट में अपनी पहल दिखा रहे हैं. उन्होंने बताया कि पंजाब सरकार आठ स्टार्टअप्स को खास मदद दे रही है. सात स्टार्टअप्स को सीड ग्रांट के रूप में 3-3 लाख रुपये मिलेंगे।एक स्टार्टअप को लीज़ रेंटल सहायता के रूप में 1.20 लाख रुपये दिए जाएंगे.सीएम मान ने कहा कि स्टार्टअप सिर्फ बिजनेस नहीं हैं, बल्कि नई नौकरियां बनाने और राज्य की आर्थिक विकास में मदद करने वाले सबसे बड़े इंजन है.
कॉन्क्लेव में पैनल डिस्कशन का मुख्य ध्यान था कि इनक्यूबेटर सपोर्ट को और मजबूत कैसे किया जाए, फाउंडर्स अपने स्टार्टअप को खुद कैसे बढ़ा सकते हैं, और AI, डीप टेक और साइबर सिक्योरिटी जैसे नए तकनीकी क्षेत्र कैसे अपनाए जाएं. कॉन्क्लेव का समापन जरूरी इनक्यूबेटर, सहयोगी संस्थाओं और नोडल एजेंसियों को सम्मान देने के साथ हुआ. इससे यह दिखाया गया कि पंजाब में सभी को शामिल करके नए विचार और इनोवेशन के जरिए आर्थिक विकास को बढ़ावा देना सरकार का लक्ष्य है.










