---विज्ञापन---

देश

ईरान में फंसे भारतीयों को जल्द भारत लाएगी सरकार, विदेश मंत्रालय हुआ एक्टिव

भारत सरकार ईरान में फैली हिंसा को लेकर चिंतित है. वहीं, अब भारत सरकार ईरान में प्रदर्शनकारियों के बढ़ते प्रदर्शनों के कारण वहां फंसे भारतीय नागरिकों को निकालने के लिए इमरजेंसी प्लान बना रही है. सूत्रों के अनुसार, निकाले गए लोगों का पहला बैच कल ही एयरलिफ्ट किया जा सकता है.

Author Edited By : Versha Singh
Updated: Jan 15, 2026 19:14

भारत सरकार ईरान में फैली हिंसा को लेकर चिंतित है. वहीं, अब भारत सरकार ईरान में प्रदर्शनकारियों के बढ़ते प्रदर्शनों के कारण वहां फंसे भारतीय नागरिकों को निकालने के लिए इमरजेंसी प्लान बना रही है. सूत्रों के अनुसार, निकाले गए लोगों का पहला बैच कल ही एयरलिफ्ट किया जा सकता है.

सूत्रों ने बताया कि ईरान में बदलती स्थिति को देखते हुए विदेश मंत्रालय उन भारतीय नागरिकों की वापसी को आसान बनाने की तैयारी कर रहा है जो भारत लौटना चाहते हैं. सरकारी सूत्रों ने इंडिया टुडे को बताया कि तेहरान में भारतीय दूतावास ने अलग-अलग इलाकों में भारतीय छात्रों से संपर्क करना शुरू कर दिया है ताकि यह पता लगाया जा सके कि कौन देश छोड़ना चाहता है. हालांकि, यह काम फिजिकली किया जा रहा है, क्योंकि कई इलाकों में इंटरनेट सेवाएं बंद हैं और फोन लाइनें रुक-रुक कर काम कर रही हैं.

---विज्ञापन---

अधिकारी जुटा रहे भारतीय छात्रों की जानकारी

एक सरकारी सूत्र ने इंडिया टुडे को बताया, ‘दूतावास के अधिकारी छात्रों की पहचान करने और जानकारी इकट्ठा करने के लिए ग्राउंड लेवल पर काम कर रहे हैं क्योंकि इंटरनेट कनेक्टिविटी उपलब्ध नहीं है और टेलीकम्युनिकेशन भरोसेमंद नहीं है.’ सरकारी सूत्रों ने यह भी बताया कि बदलती सुरक्षा स्थिति पर तेजी से प्रतिक्रिया देने की तैयारी चल रही है, जिसमें भारतीय नागरिकों को सुरक्षित रूप से भारत वापस लाने की सुविधा देना भी शामिल है.

ईरान में कब शुरू हुआ था विरोध?

ईरान में बड़े पैमाने पर हो रहे विरोध प्रदर्शनों के बीच भारतीय छात्रों की सुरक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ गई हैं. यह अशांति पिछले महीने के आखिर में ईरानी रियाल में भारी गिरावट के बाद शुरू हुई थी और तब से यह सभी 31 प्रांतों में फैल गई है और अब यह बड़े राजनीतिक प्रदर्शनों में बदल गई है. मानवाधिकार समूहों का दावा है कि देशव्यापी विरोध प्रदर्शनों पर कार्रवाई में कम से कम 3,428 लोग मारे गए हैं और हाल के दिनों में हालात तेजी से बिगड़े हैं.

---विज्ञापन---

आधिकारिक अनुमानों के अनुसार, छात्रों सहित 10,000 से ज्यादा भारतीय अभी ईरान में रह रहे हैं. बुधवार को भारत ने देश में मौजूद अपने सभी नागरिकों को उपलब्ध साधनों से देश छोड़ने और ईरान की गैर-जरूरी यात्रा से बचने की सलाह दी है.

एडवाइजरी में क्या कहा गया?

एक औपचारिक एडवाइजरी में, तेहरान में भारतीय दूतावास ने छात्रों, तीर्थयात्रियों, बिजनेसमैन और पर्यटकों से कमर्शियल फ्लाइट्स या किसी भी दूसरे उपलब्ध ट्रांसपोर्ट ऑप्शन का इस्तेमाल करके ईरान छोड़ने का आग्रह किया.

एडवाइजरी में कहा गया है, ‘ईरान में सभी भारतीय नागरिकों से अनुरोध है कि वे अपने यात्रा और इमिग्रेशन डॉक्यूमेंट्स, जिनमें पासपोर्ट और आईडी शामिल हैं, अपने पास तैयार रखें. इस संबंध में किसी भी मदद के लिए उनसे भारतीय दूतावास से संपर्क करने का अनुरोध किया जाता है.’

इसमें आगे कहा गया, ‘यह दोहराया जाता है कि सभी भारतीय नागरिक और PIO को पूरी सावधानी बरतनी चाहिए, विरोध प्रदर्शन या प्रदर्शनों वाले इलाकों से बचना चाहिए, ईरान में भारतीय दूतावास के संपर्क में रहना चाहिए और किसी भी घटनाक्रम के लिए स्थानीय मीडिया पर नजर रखनी चाहिए.’

इससे पहले, ईरान में बढ़ते तनाव के बीच, विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने भी विदेश मंत्री एस जयशंकर को मौजूदा स्थिति पर चर्चा करने के लिए फोन किया था.

First published on: Jan 15, 2026 06:32 PM

संबंधित खबरें

Leave a Reply

You must be logged in to post a comment.