Gujarat : अब तीन घंटे में पानी के रास्ते सूरत से भावनगर, सौर ऊर्जा से चलेगी रोपैक्स फेरी, जानें क्या है खास
Edited By Amit Kasana

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सूरत: अब तीन घंटे में पानी के रास्ते यात्री सूरत से भावनगर पहुंच सकेंगे। यहां पहली सौर ऊर्जा से चलने वाली रोपैक्स फेरी को फिर से शुरू किया गया है। डीजी sea कनेक्ट ने 7 सितंबर को सूरत में हजीरा और भावनगर में घोघा के बीच यह -रोपैक्स नौका सेवा शुरू की है। जानकारी के मुताबिक यह भारत का पहली और सबसे बड़ी सौर ऊर्जा संचालित रो-पैक्स है।
India's first and largest Solar-Powered Ro-Pax ferry services relaunched between Hazira and Gogha
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(Disclaimer: This is a promoted tweet) pic.twitter.com/WwCWrBilyT— ANI Digital (@ani_digital) September 10, 2022
अस्थायी रूप से बंद किया था
नौका, यात्रियों को अधिक सुविधा प्रदान करने के साथ-साथ सूरत से सौराष्ट्र के बीच माल ढुलाई के लिए इसका प्रयोग किया जाएगा। गौरतलब है कि इस रो-पैक्स नौका सेवा को तकनीकी और आर्थिक चितांओं के कारण अस्थायी रूप से निलंबित कर दिया गया था। अब इसे दोबारा शुरू किया गया है।
सुबह 9 बजे से चलेगी
रो-पैक्स नौका तीन घंटे में यात्रियों और कार्गो को दोनों गंतव्यों के बीच स्थानांतरित करेगी। वॉयज एक्सप्रेस इंडिया के अनुसार सौर ऊर्जा से चलने वाली रो-पैक्स फेरी, ईंधन के उपयोग में भारी कमी लाएगी। इसके अलावा यह यात्रियों को दो बार हजीरा और घोघा के बीच लेकर जाएगी और वापस लौटेगी। घोघा से सुबह 9 बजे और हजीरा से शाम 06:30 बजे रवाना होगी। जबकि वॉयेज सिम्फनी हजीरा से सुबह 8 बजे और घोघा से शाम 5 बजे निकलेगी।
यह होंगी खासियत
यह अत्याधुनिक तकनीक से लैस है। नौका पूरी तरह से वातानुकूलित है, जिसमें तीन कैफेटेरिया, गेम जोन और एक शीर्ष डेक है जहां कोई भी समुद्र की महिमा का आनंद ले सकता है। यह 180 कार्यकारी यात्रियों, 115 व्यावसायिक यात्रियों, 80 स्लीपर श्रेणी के यात्रियों, 22 वीआईपी लाउंज और 11 केबिनों को ले जाने की क्षमता रखती है। जहाज में 70 ऑटोमोबाइल, 50 मोटरसाइकिल, 25 टेम्पो और 55 ट्रक की क्षमता है।
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