Atul Subhash Suicide Case: बेंगलुरु में उत्तर प्रदेश के रहने वाले AI इंजीनियर अतुल सुभाष के सुसाइड मामले ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। इस मामले की हर ओर चर्चा है। सोशल मीडिया से लेकर सड़कों तक कई लोग अतुल सुभाष के मामले की बात करते नजर आ रहे हैं। इसके साथ ही महिलाओं के कानून के दुरुपयोग और देश में पुरुषों के लिए नए कानून की डिमांड को लेकर भी चर्चा तेज हो गई है। इस हृदय विदारक घटना के बाद अतुल सुभाष के परिवाजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। बुधवार को पटना एयरपोर्ट पर उनकी मां मीडिया से बातचीत के दौरान बेहोश हो गईं। वह लगातार रो रही थीं और बेटे के लिए न्याय मांगने लगीं। उन्होंने कहा- मेरे बच्चे को टॉर्चर किया गया। सुध-बुध खोने के बाद उन्हें बाहर ले जाया गया। इस दौरान परिवारजनों का हाल बेहाल नजर आया।
वाइफ निकिता के परिवार पर गंभीर आरोप
अतुल के मामा ने मीडिया से बातचीत में अतुल की पत्नी निकिता सिंघानिया और उनके परिवाजनों पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा- झूठे केस लगाकर अतुल से उगाही करने की कोशिश की गई। गुजारे के लिए पहले 40 हजार, फिर 80 हजार और 1 लाख रुपये तक महीने मांगे गए। जौनपुर कोर्ट जज के सामने जब निकिता ने अतुल से कहा कि तुम सुसाइड क्यों नहीं कर लेते, तो जज हंसने लगीं। इसी बात से अतुल काफी परेशान हो गया था। उसने इसलिए अपने सुसाइड नोट में लिखा है कि न्याय न मिले तो मेरी अस्थियों को जौनपुर कोर्ट के आगे गटर में डाल देना। हमारी मांग है कि ऐसा कानून लेकर लाएं, जिससे पुरुषों को भी न्याय मिले।
कोर्ट से मिली निराशा
मामा ने आगे कहा- अतुल हर बार कोर्ट के सामने विनती करता कि मुझे शनिवार की डेट दी जाएं, लेकिन जज जानबूझकर बाद में डेट्स देतीं। निकिता ने सेटलमेंट के लिए पहले 50 लाख मांगे थे। फिर हम राजी हो गए, लेकिन अचानक 1 करोड़, फिर 3 करोड़ की डिमांड होने लगी। वह इतने पैसे कहां से लाता। अतुल को जिस कोर्ट से न्याय की उम्मीद थी, वहां भी उसे निराशा मिली। तब उसने तय किया कि अपने दुश्मन को पैसे क्यों दूं? इससे बेहतर है अपनी जान ले लूं।
निकिता के खिलाफ नहीं की गई कार्रवाई
बेंगलुरु में हमें अतुल जैसे ही 35 लोग मिलने आए। जिन्होंने ऐसी ही कहानी बताई। सोचिए लोग महिलाओं के लिए लाए गए कानून के गलत इस्तेमाल से कितने परेशान हैं। यही कोई लड़की करती तो लड़का अरेस्ट हो जाता, लेकिन अब तक निकिता और उनके परिवारजनों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई है।
भाई ने कहा- लड़के शादी से डरने लगेंगे
इससे पहले अतुल के भाई ने बेंगलुरु में मीडिया से बातचीत में कहा- जैसा मेरे भाई के साथ हुआ, वैसा किसी और के साथ न हो। ऐसा कानून आए, जिससे लड़कों को भी न्याय मिल सके। एक लड़के की लाइफ भी उतनी ही महत्वपूर्ण है, जितनी एक महिला की। सरकार इस बात को समझने की कोशिश करे। भविष्य में ऐसा ना हो जाए कि लोग शादी करने से डरने लगें कि मैं शादी कर रहा हूं तो क्या सही कर रहा हूं। उसे ये डर न लगे कि मैं सिर्फ ATM मशीन बनकर रह जाऊं। अतुल के केस में अब तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है, लेकिन यही किसी महिला का केस होता तो तुरंत एक्शन होता। इस मामले में हम लीगल एडवाइस लेकर आगे बढ़ेंगे।