UNSC Meeting on Venezuela: वेनेजुएला संकट पर संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) की आपात बैठक हुई, जिसमें अमेरिका ने वेनेजुएला पर कब्जे के आरोपों को खारिज किया, लेकिन चीन और दूसरे देशों ने अमेरिका को घेरा. वहीं UNSC के महासचिव ने वेनेजुएला के भविष्य पर संकट मंडराने और देश में अस्थिरता, अराजकता फैलने पर चिंता जताई.
बैठक में अमेरिकी प्रतिनिधि ने आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि वेनेजुएला पर अमेरिका की कार्रवाई ड्रग स्मगलिंग से जुड़े मामलों में अमेरिकी कानूनों के तहत मादुरो के खिलाफ की गई है. साल 2024 के चुनाव विवाद के बाद लगे प्रतिबंधों का जिक्र करते हुए अमेरिका ने मादुरो सरकार पर धांधली का आरोप लगाया है और वे नार्को टेररिज्म भी चलाते हैं.
UN Secretary-General António Guterres tells the UNSC, "…As we speak, President Maduro is being held in New York accused by US authorities, along with his wife Cilia Flores, of serious criminal offenses. What is less certain is the immediate future of Venezuela. I am deeply… pic.twitter.com/1jG6itHqtE
— ANI (@ANI) January 5, 2026
महासचिव ने वेनेजुएला के भविष्य पर जताई चिंता
चीन ने अपनी बात रखते हुए कहा कि अमेरिका का एक्शन दादागिरी की तरह है और विश्व समुदाय को इससे आघात पहुंचा है. बता दें कि UNSC की आपात बैठक Colombia की मांग पर बुलाई गई थी, जिसका समर्थन चीन और रूस ने भी किया था. बैठक में संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने वेनेजुएला की स्थिति पर गहरी चिंता व्यक्त की.
उन्होंने वेनेजुएला पर अमेरिका की सैन्य कार्रवाई के क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रभावों की चेतावनी भी दी. गुटेरेस ने कहा कि राष्ट्रपति मादुरो को उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस के साथ अमेरिकी अधिकारियों ने हिरासत में लिया हुआ है. वेनेजुएला का निकट भविष्य उतना निश्चित नहीं है. इस पर संकट मंडरा रहा है और बिना राष्ट्राध्यक्ष के देश नहीं चल सकता.
अंतरराष्ट्रीय कानूनों-नियमों की अनदेखी का आरोप
गुटेरस ने कहा कि वेनेजुएला में अमेरिका की कार्रवाइयों के परिणामस्वरूप हताहतों की संख्या अभी तक निर्धारित नहीं की जा सकी है. सैन्य कार्रवाई में अंतरराष्ट्रीय कानूनों और नियमों का पालन भी नहीं किया गया. संयुक्त राष्ट्र चार्टर किसी भी देश की क्षेत्रीय अखंडता या राजनीतिक स्वतंत्रता के खिलाफ बल के प्रयोग पर रोक लगाता है, लेकिन इसकी अनदेखी की गई.
बता दें कि वेनेजुएला में अमेरिका की सैन्य कार्रवाई और राष्ट्रपति मादुरो को सपत्नी गिरफ्तार करना अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन है. अमेरिका के इस फैसले का कई देशों ने समर्थन किया है, लेकिन विरोध करने वाले ज्यादा हैं, क्योंकि विरोध करने वालों को यह डर सता रहा है कि आज वेनेजुएला पर हमला हुआ है, कल किसी भी देश पर अमेरिका हमला कर सकता है.










