Bangladesh violence: बांग्लादेश में अवामी लीग के देशव्यापी विरोध प्रदर्शन से पहले कई शहरों में बुधवार रात को हिंसा भड़क गई। प्रदर्शनकारियों ने पूर्व पीएम शेख हसीना के पिता और बांग्लादेश के संस्पापक शेख मुजीबुर्रहमान बंगबंधु के ढाका स्थित आवास पर धावा बोल दिया और तोड़फोड़ की। कल जहां मुजीबुर्रहमान का घर था, अब वहां सिर्फ मलबा है। जानकारी के अनुसार फिलहाल प्रदर्शनकारी घरों में लौट गए हैं और स्थिति सामान्य है। वहीं अवामी लीग के प्रस्तावित प्रोटेस्ट को लेकर अभी कोई जानकारी सामने नहीं आई है।
वहीं खुलना में शेख हसीना के चचेरे भाई शेख सोहेल, शेख जेवेल और घरों को दो बुलडोजरों से ध्वस्त कर दिया गया। हिंसा सोशल मीडिया पर बुलडोजर जुलूस के ऐलान के बाद से हुई। जब हमला हुआ, तो वहां सुरक्षाबल भी मौजूद थे। भीड़ को समझाने की कोशिश की, लेकिन सारी कोशिशें नाकाम रहीं। जानकारी के अनुसार बंगबंधु का घर अब मलबे में तब्दील हो चुका है।
अवामी लीग के प्रदर्शन से पहले हिंसा
बता दें कि शेख हसीना की पार्टी अवामी लीग ने 6 फरवरी को अपने कार्यकर्ताओं और नेताओं को सड़क पर उतरने की अपील की थी। पार्टी ने पूर्व पीएम हसीना पर लगे कथित मामले दर्ज करने अल्पसंख्यकों पर हमले के विरोध में मार्च निकालने का आह्वान किया था। शेख हसीना के निर्वसन के 6 महीने पूरे हो गए हैं। इस पर हसीना अपने समर्थकों को संबोधित करने वाली थी। इससे पहले 24 रिवोल्यूशनरी स्टूडेंट जनता नाम के संगठन ने इसके विरोध में रात 9 बजे बुलडोजर मार्च निकालने का ऐलान किया। इसके लिए सोशल मीडिया पर प्रचार किया गया। इसमें शेख हसीना के पिता का घर गिराए जाने की बात कही गई।
प्रदर्शनकारियों ने की नारेबाजी
प्रदर्शनकारी बंगबंधु के घर का मेनगेट तोड़कर अंदर घुस गए। इस दौरान वे फांसी दो, फांसी दो के नारे लगाते रहे। मुजीबुर्ररहमान की कब्र खोद दो। अवामी लीग लोगों को पीटने, बांग्लादेश में वे नहीं रहेंगे, के नारे भी लगा रहे थे। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि मुजीबुर्रहमान का घर फासीवाद का प्रतीक है। इससे छुटकारा जरूरी है। इस बीच बांग्लादेश की अंतरिम सरकार ने इंटरपोल से शेख हसीना के खिलाफ रेड काॅर्नर नोटिस जारी करने का अनुरोध किया है।