पिछले सीजन में आखिरकार अपना पहला खताब जीतने के बावजूद, बेंगलुरु टीम के प्लेऑफ के आंकड़े उम्मीद से कम ही रहे हैं. आरसीबी ने टूर्नामेंट के इतिहास में अपने 14 प्लेऑफ मैचों में से सिर्फ 6 ही जीते हैं, जिससे नॉकआउट मैचों में उनका जीत का प्रतिशत 42.85 रहा है.

2 / 6
वहीं गुजरात टाइटंस ने लीग में शामिल होने के बाद से लगातार बेहतरीन प्रदर्शन दिखाया है. इस फ्रेंचाइजी ने अब तक 6 प्लेऑफ मैच खेले हैं और उनमें से 3 जीते हैं, जिससे टूर्नामेंट के अहम पड़ाव पर उनका कामयाबी का प्रतिशत 50 रहा है.

3 / 6
5 बार की चैंपियन मुंबई इंडियंस का इंडियन प्रीमियर लीग के इतिहास में प्लेऑफ का रिकॉर्ड सबसे मजबूत रिकॉर्ड में से एक है. मुंबई ने अपने 20 प्लेऑफ मुकाबलों में से 13 जीते हैं, जिससे कई कामयाब कैंपेन के दौरान उनका जीत का प्रतिशत 65 रहा है.

4 / 6
हालांकि प्लेऑफ की एफिशिएंसी के मामले में 2 फ्रैंचाइजियां अभी भी मुंबई से आगे हैं. चेन्नई सुपरकिंग्स और कोलकाता नाइटराइडर्स का उन सभी आईपीएल टीमों में जीत का प्रतिशत सबसे ज्यादा है, जिन्होंने प्लेऑफ में जगह बनाई है.

5 / 6
सीएसके ने अपने 21 प्लेऑफ मैचों में से 14 जीते हैं, जबकि केकेआर ने 15 मैचों में 10 जीत दर्ज की हैं. दोनों टीमों का प्लेऑफ में जीत का प्रतिशत तकरीबन 67 है, जो उन्हें IPL के नॉकआउट इतिहास में आंकड़ों के लिहाज से सबसे सफल टीमें बनाता है.

6 / 6
IPL 2026 प्लेऑफ की अन्य टीमें, सनराइजर्स हैदराबाद और राजस्थान रॉयल्स, नॉकआउट मैचों में तुलनात्मक रूप से स्ट्रगल करती नजर आई हैं. हैदराबाद ने 14 प्लेऑफ मैचों में 6 जीत हासिल की हैं, जबकि राजस्थान ने 9 मैचों में से सिर्फ 3 ही जीते हैं, जिसके चलते उनका जीत का प्रतिशत महज 33.33 रहा है.