1 / 6
अमरनाथ यात्रा 2026 की शुरुआत जल्द ही होने वाली है और अगर आप भी अमरनाथ यात्रा या फिर जम्मू-कश्मीर में माता वैष्णो देवी की यात्रा की प्लानिंग कर रहे हैं तो आपके लिए एक खुशखबरी आई है. दरअसल, हर साल अमरनाथ यात्रा के शुरू होने से पहले जम्मू में 'वेस्ट टू वंडर पार्क' का निर्माण होता है जिसका काम अब पूरा होने वाला है और यहां आने वाले पर्यटक दर्शन के अलावा वेस्ट मेटल से तैयार की गईं कलाकृतियां भी देख सकेंगे.
कितनी है लागत?

2 / 6
जम्मू स्मार्ट सिटी मिशन के तहत लगभग 11 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से बन रहे इस प्रोजेक्ट का करीब 80 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है और उम्मीद है कि यात्रा शुरू होने से पहले यह पूरी तरह तैयार हो जाएगा. यह अनोखा पार्क तवी नदी के किनारे भगवती नगर में स्थित अमरनाथ यात्रा के मुख्य बेस कैंप के ठीक पास बनाया जा रहा है.
क्या है इसकी खासियत?

3 / 6
इस पार्क की खासियत ये है कि यहां कबाड़ और रीसाइकल की गई चीजों से दुनिया और देश की 14 मशहूर स्मारकों की प्रतिकृतियां (रेप्लिका) बनाई जा रही हैं. इस पार्क की सबसे बड़ी खासियत ये है कि यहां कचरे और स्क्रैप से 'स्टैच्यू ऑफ यूनिटी' (सरदार वल्लभभाई पटेल) की 40 फुट ऊंची प्रतिकृति भी बनाई जा रही है. जो लोगों के लिए एक अनोखा अनुभव होगा.
और कौन-कौन सी प्रतिकृति शामिल?

4 / 6
इसके अलावा इसमें अखनूर फोर्ट और चिनाब ब्रिज जैसे स्थानीय गौरव को दर्शाते हुए मॉडल भी लोगों के लिए शामिल होंगे. इसके साथ ही पर्यटक कचरे और मेटल से बनीं 14 अंतरराष्ट्रीय लैंडमार्क भी देख सकेंगे. इस प्रोजेक्ट का मुख्य उद्देश्य कचरे को क्रिएटिव इंस्टॉलेशन में बदलकर पर्यटन और पर्यावरण स्थिरता को एक साथ बढ़ावा देना है.
किन चीजों का किया गया इस्तेमाल?

5 / 6
इस पार्क में मुख्य रूप से स्क्रैप (कबाड़) का इस्तेमाल किया गया है. जम्मू नगर निगम द्वारा इकट्ठा की गई कांच की बोतलें, पुराने इस्तेमाल करने योग्य यूजेबल टायर, ड्रम और अन्य रिसाइकल सामग्री का प्रयोग कर इस तरह की सुंदर आकृतियां और बेंच को तैयार किया जा रहा है.
लाखों श्रद्धालु पहुंचते हैं अमरनाथ

6 / 6
हर साल लाखों की संख्या में श्रद्धालु अमरनाथ की यात्रा करने के लिए पहुंचते हैं. बेस कैंप के पास इस पार्क के बनने से पर्यटकों को शहर में समय बिताने का अच्छा ऑप्शन मिलेगा.