Child Passport Rules: 2 पासपोर्ट नहीं रख सकेगा नाबालिग, पढ़ें बच्चों के Passport से जुड़े सरकार के 7 बड़े फैसले

भारतीयों के लिए बच्चों के पासपोर्ट से जुड़े 7 नियमों में बदलाव किया गया है। यह सातों नियम ओवरसीज सिटीजन ऑफ इंडिया कार्ड (OCI) से जुड़े हैं। केंद्र सरकार ने नागरिकता से जुड़े नियमों में बड़ा बदलाव करते हुए नागरिकता (संशोधन) नियम 2026 का नोटिफिकेशन जारी कर दिया है।

Child Passport Rules
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केंद्रीय गृह मंत्रालय ने नागरिकता के नियमों में साल 2009 में बदलाव किए थे, जिन्हें अब नोटिफाई किया गया है, यानी अब नए नियम लागू हो गए हैं, जिन्हें नागरिकता (संशोधन) नियम 2026 कहा जाएगा। आइए जानते हैं कि नागरिकता के नियम बदलने से OCI कार्ड को लेकर क्या-क्या बदला गया?

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2 पासपोर्ट नहीं रख सकता नाबालिग बच्चा

2 पासपोर्ट नहीं रख सकता नाबालिग बच्चा2 / 8

नए नियमों के अनुसार, एक नाबालिग बच्चे के पास 2 पासपोर्ट नहीं हो सकते। अगर बच्चे के पास भारतीय पासपोर्ट है तो वह किसी दूसरे देश का पासपोर्ट नहीं बनवा सकता। दोहरी नागरिकता से जुड़े विवादों को खत्म करने के लिए यह नियम बनाया गया है।

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OCI कार्ड के लिए ऑनलाइन अप्लाई होगा

OCI कार्ड के लिए ऑनलाइन अप्लाई होगा3 / 8

नए नियम के अनुसार, अब OCI कार्ड के लिए ऑनलाइन आवेदन करना होगा। ऑफलाइन या मैनुअल सर्विस बंद हो गई है। OCI कार्ड रजिस्ट्रेशन और OCI कार्ड सरेंडर तक सभी काम ociservices.gov.in पोर्टल पर किए जाएंगे।

OCI कार्ड सरेंडर तो कराना होगा सबमिट

OCI कार्ड सरेंडर तो कराना होगा सबमिट4 / 8

OCI कार्ड छोड़ने का ऐलान करते हैं तो ओरिजिनल फिजिकल कार्ड नजदीकी इंडियन मिशन, पोस्ट या फॉरेनर्स रीजनल रजिस्ट्रेशन ऑफिसर के पास सबमिट कराना होगा। सरकार OCI कार्ड को रद्द करती है तो भी उसे ऑफिस में सबमिट कराना होगा।

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रिजेक्शन को चैलेंज करने का नया सिस्टम

रिजेक्शन को चैलेंज करने का नया सिस्टम5 / 8

नए नियमों के अनुसार, OCI कार्ड रिजेक्ट होने पर फैसले को चुनौती देने के लिए नया सिस्टम बनाया गया है। अपील को अथॉरिटी से एक रैंक ऊपर का अधिकारी चेक करेगा। अब सुनवाई का अधिकार भी मिलेगा। जिसका कार्ड रिजेक्ट हुआ है, उसे आखिरी फैसला होने से पहले अपना मामला पेश करने का मौका मिलेगा।

बायोमेट्रिक डेटा का इमिग्रेशन के लिए इस्तेमाल

बायोमेट्रिक डेटा का इमिग्रेशन के लिए इस्तेमाल6 / 8

नए नियमों के अनुसार, OCI रजिस्ट्रेशन लिए जुटाए गए बायोमेट्रिक डेटा का इस्तेमाल भविष्य में इमिग्रेशन के लिए किया जा सकता है। आवेदकों को फास्ट ट्रैक इमिग्रेशन प्रोग्राम के तहत रजिस्ट्रेशन के लिए या भविष्य में ऐसे प्रोग्राम के तहत ऑटोमैटिक रजिस्ट्रेशन के लिए अपने बायोमेट्रिक डेटा के इस्तेमाल करने की इजाजत देनी होगी।

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एयरपोर्ट पर इमिग्रेशन तेजी से किया जाएगा

एयरपोर्ट पर इमिग्रेशन तेजी से किया जाएगा7 / 8

नागरिकता के नियम बदलने से एयरपोर्ट पर इमिग्रेशन तेजी से होगा। इमिग्रेशन एप्लिकेशन फॉर्म भी बदला गया है। नए फॉर्म में पुराने कॉलम जैसे सीरियल नंबर-2 को हटाकर नए डिक्लेरेशन जोड़े गए हैं। डेटा शेयरिंग और ऑटो रजिस्ट्रेशन के लिए परमिशन का कॉलम भी नए फॉर्म में एड किया गया है।

OCI डेटा रिकॉर्डिंग सिस्टम अपग्रेड

OCI डेटा रिकॉर्डिंग सिस्टम अपग्रेड8 / 8

नए नियमों के अनुसार, केंद्र सरकार अब OCI रजिस्टर में रजिस्ट्रेशन, रिननसिएशन, कैंसिलेशन का रिकॉर्ड मेंटेन करेगी। यह डेटा इलेक्ट्रॉनिक रजिस्टर में सेफ रहेगा।

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लेखक के बारे में

Khushbu Goyal

Khushbu Goyal

खुशबू गोयल News24 हिंदी डिजिटल में चीफ सब एडिटर के पद पर कार्यरत हैं. वेब जर्नलिज्म में 13 साल का अनुभव रखने वाली खुशबू गोयल राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और राज्यस्तरीय न्यूज और चुनावी कवरेज करती हैं. खुशबू गोयल ने अक्टूबर 2013 में अमर उजाला डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत की थी, जहां 7 साल सेवाएं देने के बाद साल नवंबर 2020 में दैनिक भास्कर डिजिटल जॉइन किया और सितंबर 2023 से News24 के डिजिटल में सेवाएं दे रही हैं. 13 साल के करियर में खुशबू गोयल ने नेशनल, इंटरनेशनल, पॉलिटिकल, क्राइम टॉपिक कवर करने में विशेषज्ञता हासिल की. खुशबू गोयल का पत्रकारिता में अनुभव: 13 साल योग्यता: कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के IMC&MT इंस्टीट्यूट से मास्टर ऑफ कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म (MJ) के बाद जर्नलिज्म में MPhil की डिग्री ली. खुशबू गोयल ने 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव की विस्तृत रिपोर्टिंग की है, जिसमें उन्हें ग्राउंड कवरेज करने का भी अनुभव है. इसके अलावा पिछले 13 साल में विभिन्न राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव को भी उन्होंने फील्ड रिपोर्टिंग के साथ कवर किया.
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